समाचार

श्री सूर्यपहाड़ पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव: श्रीपाल जी -कुसुम देवी चूड़ीवाल बनेंगे कुबेर इन्द्र 


 पूर्वोत्तर दिगम्बर जैन समाज का एकमात्र तीर्थ श्री सूर्य पहाड़ का भव्य पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव आगामी 26 जनवरी से 31 जनवरी 2024 तक होने जा रहा है। गणाचार्य 108 श्री पुष्पदंत सागर जी महाराज की प्रेरणा से हो रहे महोत्सव में श्री श्रीपाल जी और कुसुम देवी चूड़ीवाल परिवार द्वारा कुबेर इन्द्र बनने की स्वीकृति दी गई है। पढ़िए ओमप्रकाश सेठी की रिपोर्ट। 


असम। पूर्वोत्तर दिगम्बर जैन समाज का एकमात्र तीर्थ श्री सूर्य पहाड़ का भव्य पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव आगामी 26 जनवरी से 31 जनवरी 2024 तक होने जा रहा है। गणाचार्य 108 श्री पुष्पदंत सागर जी महाराज की प्रेरणा से, गुवाहाटी विराजित असम राजकीय अतिथि, महान दिगम्बर जैनाचार्य परमपूज्य 108 श्री प्रमुख सागर जी महाराज ससंघ एवं पूज्य श्रमण मुनि 108 श्री अरिजीत सागर जी महाराज के पावन सान्निध्य में, पूर्वोत्तर दिगम्बर जैन समाज का एकमात्र तीर्थ श्री सूर्य पहाड़ का भव्य पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव श्री दिगम्बर जैन पंचायत, गुवाहाटी के तत्वावधान में फेन्सी बजार स्थित जैल परिसर में निर्माणाधीन आदिनाथ नगर में होने जा रहा है। महोत्सव में श्री श्रीपाल जी और कुसुम देवी चूड़ीवाल परिवार द्वारा कुबेर इन्द्र बनने की स्वीकृति दी है।

चूड़ीवाल परिवार को मिला सौभाग्य 

इस महामहोत्सव पर कुबेर इन्द्र बनने का परम सौभाग्य स्व. भंवरलाल जी उमराव देवी चूड़ीवाल के पुत्र एवं पुत्र वधू श्रेष्ठी सर्व श्री श्रीपाल जी-कुसुम देवी को प्राप्त हुआ है। श्री कैलाश चंद -सरला देवी, श्री कमलकुमार- सरला देवी, श्री महिपाल -सुमन देवी, श्री भागचंद-सुनीता देवी, पौत्र-पौत्र वधू -पौत्री श्री सुधीर-रितू, संदीप-रचना, अमित- दीपशिखा, रोहित -आस्था अंकित-ऐना, नेहल, सुहानी, यशिका एवं समस्त चूड़ीवाल परिवार सुजानगढ़ निवासी, बड़के बालाजी जयपुर/गुवाहाटी प्रवासी।

महोत्सव समिति ने दी शुभकामना 

श्री सूर्य पहाड़ पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव समिति श्री श्रीपाल जी – कुसुम देवी चूड़ीवाल परिवार की धर्ममयी देव-शास्त्र-गुरु के प्रति निष्ठा समर्पण एवं भक्ति के प्रशस्त भावों के पुण्य की अनुमोदना करते हुए उनके कुबेर इन्द्र बनने की हार्दिक बधाइयां देती है तथा उनके सुखी निरोगी, सफल, समृद्ध, धार्मिक व यशस्वी जीवन की शुभकामनाएं प्रेषित करती है।

आप को यह कंटेंट कैसा लगा अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।
+1
1
+1
0
+1
0
Shreephal Jain News

About the author

Shreephal Jain News

Add Comment

Click here to post a comment

You cannot copy content of this page