समाचार

उदयपुर सकल जैन समाज ने रचा इतिहास : जैन सोशल ग्रुप्स के इस आयोजन मै भक्ति और संगीत का अद्भुत समागम


जैन सोशल ग्रुप्स इंटरनेशनल फेडरेशन मेवाड़ रीजन एवं जैन सोशल ग्रुप प्लेटिनम के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित समत्व– जैन म्यूजिक फेस्टिवल ने उदयपुर में एक नया इतिहास रच दिया। भगवान महावीर जयंती के उपलक्ष्य में कार्यक्रम में लगभग 11 हजार लोगों की उपस्थिति रही। उदयपुर से पढ़िए, यह रिपोर्ट…


उदयपुर। जैन सोशल ग्रुप्स इंटरनेशनल फेडरेशन मेवाड़ रीजन एवं जैन सोशल ग्रुप प्लेटिनम के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित समत्व– जैन म्यूजिक फेस्टिवल ने उदयपुर में एक नया इतिहास रच दिया।भगवान महावीर जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में लगभग 11 हजार लोगों की ऐतिहासिक उपस्थिति रही। जिससे पूरा उदयपुर भक्ति, संगीत और ऊर्जा के अद्भुत संगम समत्व में झूम उठा।कार्यक्रम का शुभारंभ सहकारिता मंत्री गौतम दक, शहर विधायक ताराचंद जैन, शांतिलाल मारू एवं जेएसजीआईएफ मेवाड़ रीजन के चेयरमैन अरुण मांडोत द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। मेवाड़ रीजन के चेयरमैन अरुण मांडोत ने बताया कि मुंबई से पधारे प्रसिद्ध जैन भक्ति गायक ऋषभ जैन – संभव जैन एवं 15 कलाकारी ने अपनी ऊर्जावान एवं भावपूर्ण प्रस्तुतियों से पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया।

जब मंच से स्वर गूंजे 

“रग-रग में दौड़ता वो तो नवकार है…”

“बनूं मैं जैन दोबारा, मिले जिन धर्म दोबारा…”

“तेरे दर जब-जब आया मैं…”

तो पूरा जनसमूह एक साथ भक्ति में लीन होकर झूम उठा और कार्यक्रम देर रात तक उत्साह के साथ चलता रहा।कार्यक्रम में गौतम दक, ताराचंद जैन, शांतिलाल मारू, पारस सिंघवी, प्रमोद सामर, महावीर चपलोत, आलोक पगारिया, नितुल चंडालिया, अतुल चंडालिया, जिनेंद्र शास्त्री सहित अनेक गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। जैन सोशल ग्रुप प्लेटिनम के संस्थापक अध्यक्ष जितेन्द्र हरकावत ने बताया कि इस भव्य आयोजन में सहयोगी के रूप मैं चिराग कोठारी, अमन कटारिया, शरद कोठारी, विशाल कपूर, चिराग मारू, संदीप मारू, चेतन जैन, आदिश खोडनिया, सहित कई प्रतिष्ठित जनों की उपस्थिति रही।

प्लेटिनम ग्रुप के अध्यक्ष पंकज जैन ने जानकारी दी कि कार्यक्रम की सफलता में मेवाड़ रीजन एवं प्लेटिनम ग्रुप की टीम का विशेष योगदान रहा, जिसमें पारस ढेलावत, मोहन बोहरा, आशुतोष सिसोदिया, महेश पोरवाल, हिमांशु मेहता, श्यामलाल सिसोदिया, पूरणमल मेहता, शुभम गांधी, लोकेश जैन एवं कार्यक्रम संयोजक तनुजय जैन, सुमित खाब्या, आशीष रत्नावत, आशीष किकावत सहित सभी कार्यकारिणी सदस्यों ने सक्रिय भूमिका निभाई। संचालन कमल नाहर एवं एंकर हिमांशु जैन द्वारा किया गया, जबकि आभार प्रदर्शन तनुजय जैन ने व्यक्त किया। यह आयोजन न केवल जैन समाज की एकता, भक्ति और सांस्कृतिक समर्पण का प्रतीक बना, बल्कि उदयपुर में एक ऐतिहासिक एवं अविस्मरणीय सांस्कृतिक छाप छोड़ गया।

आप को यह कंटेंट कैसा लगा अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।
+1
0
+1
0
+1
0
Shree Phal News

About the author

Shree Phal News

Add Comment

Click here to post a comment

You cannot copy content of this page