समाचार

दूसरों के कल्याण के लिए जिनका जन्म होता है, उन्हीं का जन्म कल्याणक मनाया जाता है

इंदौर (राजेश जैन दद्दू)। जिस जीव का जन्म दूसरों के कल्याण के लिए होता है, उसी का जन्म कल्याणक मनाया जाता है। एक सामान्य व्यक्ति का जन्म होने पर घर, परिवार, मोहल्ले और मित्र एवं रिश्तेदारों को हर्ष होता है लेकिन जब तीर्थंकर बनने वाले बालक का जन्म होता है तो तीन लोक में खुशियां मनाई जाती हैं और उनका जन्म कल्याणक भी मनाया जाता है।

यह बात मुनि श्री आदित्य सागर जी महाराज ने महावीर नगर में हो रहे विश्व की सबसे बड़ी स्फटिक मणि की प्रतिमा के पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव के तीसरे दिन शुक्रवार को मनाए गए जन्म कल्याणक के अवसर पर कही। प्रचार प्रमुख राजेश जैन दद्दू ने बताया कि भावी तीर्थंकर बनने वाले बालक नेमिकुमार के जन्म के उपलक्ष्य में महोत्सव स्थल से भव्य जन्म कल्याणक शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें ऐरावत हाथी पर सौधर्म इंद्र एवं शचि इंद्राणी बालक नेमी कुमार को लेकर विराजमान थे एवं 12 बग्घियों में महोत्सव के अन्य पात्र सवार थे। शोभा यात्रा के दौरान जन्म की खुशी में कुबेर इंद्र रजनीकांत गांधी रत्नों की वृष्टि कर रहे थे।

चिंडे बैंड अपनी कला का प्रदर्शन करते हुए चल रहा था शोभायात्रा में सम्मिलित पुरुष व महिलाएं नाचते, थिरकते एवं जयकारा लगाते हुए पैदल चल रहे थे। शोभायात्रा जुलूस के दिगंबर जैन मंदिर गोयल नगर पहुंचने पर बालक नेमिकुमार को पांडुक शिला पर विराजमान कर सौधर्म इंद्र सहित सभी इंद्रों द्वारा 1008 स्वर्ण एवं रजत कलशों से जन्माभिषेक किया गया। स्वर्ण एवं रजत कलश करने का सौभाग्य विकास जैन, डॉक्टर अशोक जैन, अमित जैन, मनोज मुकेश बाकलीवाल, संजीव जैन, होलाश सोनी, अतिशय जैन एवं राजेश डॉक्टर जैनेंद्र जैन ने प्राप्त किया। इस अवसर पर हजारों की संख्या में पुरुष एवं महिलाएं उपस्थित थे ‌। संचालन पंडित अरविंद शास्त्री ने किया एवं आभार दिलीप पाटनी ने दिया।

नेमिकुमार की बारात एवं पिच्छिका परिवर्तन रविवार को
रविवार प्रातः जन्म कल्याणक पूजन, राज दरबार, राज्याभिषेक, मुनिश्री के प्रवचन के बाद दोपहर 1:00 बजे नेमी कुमार की बारात महोत्सव स्थल से निकलकर कनाडिया रोड नए जैन मंदिर होते हुए मेन रोड से वापस महोत्सव स्थल पहुंचेगी। इसके पश्चात 3:30 बजे मुनि श्री आदित्य सागर जी, अप्रमितसागर जी, सहज सागर जी अपनी पिच्छिका परिवर्तन कर नई पिच्छिका ग्रहण करेंगे एवं रात्रि में महा आरती, सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे।

 

आप को यह कंटेंट कैसा लगा अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।
+1
0
+1
0
+1
0
Shreephal Jain News

About the author

Shreephal Jain News

You cannot copy content of this page