आचार्य श्री ज्ञानसागर जी महाराज के 70 वें अवतरण दिवस के अवसर पर आचार्य श्री ज्ञेय सागर जी महाराज, आर्यिका स्वस्ति भूषण माता जी, आर्यिका श्री आर्ष मति माता जी,आर्यिका श्री सुज्ञान मति माता जी की प्रेरणा एवं आशीर्वाद से उड़ीसा, झारखंड,पश्चिम बंगाल के विभिन्न अंचलों में शिक्षण शिविर हुआ। बांकुडा से पढ़िए, मनीष विद्यार्थी की खबर…
बांकुडा। आचार्य श्री ज्ञानसागर जी महाराज के70 वें अवतरण दिवस के अवसर पर आचार्य श्री ज्ञेय सागर जी महाराज, आर्यिका स्वस्ति भूषण माता जी, आर्यिका श्री आर्ष मति माता जी,आर्यिका श्री सुज्ञान मति माता जी की प्रेरणा एवं आशीर्वाद से उड़ीसा, झारखंड,पश्चिम बंगाल के विभिन्न अंचलों में शिक्षण शिविर हुआ है। बंगाल प्रांत के पुरुलिया एवं बांकुडा जिले के विभिन्न स्थानों पर आयोजित शिक्षण शिविरों का समापन भव्य कार्यक्रमों के साथ संपन्न हुआ। ब्र.मंजुला दीदी के निर्देशन में ग्रीष्मकालीन ज्ञान संस्कार बाल शिक्षण शिविरों का समापन, विशिष्ट जनों की उपस्थिति में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ संपन्न हुआ। आचार्य ज्ञानसागर जी के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन, मंगलाचरण के साथ कार्यक्रम का प्रारंभ हुआ। स्थानीय शिविर सहयोगियों का सम्मान,बच्चों द्वारा विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गई। ज्ञान दर्पण भाग 1,2, पूजन प्रशिक्षण,मेहंदी, ड्राइंग, सिलाई में प्रथम, द्वितीय,तृतीय पुरस्कार दिए गए एवं सभी शिविरार्थीओं को सांत्वना पुरस्कार दिए गए। इसके साथ ही कक्षा 10वीं एवं 12वीं में अच्छे अंक प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र, मेडल, स्मृति चिन्ह देकर सम्मान किया गया। शिविर विशेषांक अहिंसा करुणा समाचार पत्रिका का विमोचन किया गया। शिक्षण शिविरों अध्यापन कराने हेतु शिविर मुख्य संयोजक मनीष शास्त्री विद्यार्थी सागर. संहसंयोजक पं. जयकुमार दुर्ग, पं. राजकुमार शास्त्री कर्द, पं. शिखर चंद्र जैन भिलाई विदुषी बहन राखी जैन के द्वारा सफलतम आयोजन के लिए सम्मान सराक ट्रस्ट्र द्वारा किया गया।
अग्रिम कार्यक्रम के लिए अभी से तैयारी करनी पड़ेगी
शिक्षण शिविरों के विषय में स्थानीय सराक ट्रस्ट अध्यक्ष गया राम जैन सराक ने कहा कि ऐसे आयोजन से धर्म की प्रभावना होती है और यह हमेशा होते रहने चाहिए, शीतकालीन शिविरों के लिए अभी से हम लोगों का आमंत्रण है, हम सभी आपका सहयोग करेंगे। मंत्री संजय जैन सराक ने कहा हमें आगे के कार्यक्रम के लिए अभी से तैयारी करनी पड़ेगी, तब जाकर हम बहुत अच्छे तरीके से कार्यक्रम कर सकेंगे।शिविर संयोजक मनीष शास्त्री विद्यार्थी ने कहा ऐसे आयोजन में अगर स्थानीय समाज सहयोग करती है, तो कार्यक्रम निश्चित ही सफल होते हैं और आप लोगों का हमें सहयोग मिलेगा तो हम शीतकालीन शिविरों का भव्य आयोजन करेंगे।
ज्ञान संस्कार बाल शिक्षण शिविर
जिससे पूरे सराक क्षेत्र में शिक्षण शिविरों का सफलतम आयोजन हो सकें। स्थानीय 40 सराक प्रतिभाओं का सम्मान भी इस मंच से किया गया। शिक्षण शिविरों की आयोजक भारतवर्षीय दिगंबर जैन सराक ट्रस्ट दिल्ली एवं पश्चिम बंगाल, झारखंड उड़ीसा स्थानीय सराक ट्रस्ट के सहयोग से आयोजित ज्ञान संस्कार बाल शिक्षण शिविरों का सफलतम कार्यक्रम संपन्न हो सका।













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