व्यक्ति को जीवन में कभी ईर्ष्या नहीं करनी चाहिए। ईर्ष्यालु व्यक्ति कभी सुखी नहीं रह सकता, वह कभी भी गुणों को ग्रहण नहीं करता। दूसरों का सुख वह देख नहीं सकता है...
Tag - जैन मुनि
आर्यिका दृढमतिमाताजी, ब्र. सविता दीदी और ब्र. अनीता दीदी के गृहस्थ जीवन के पिता 94 वर्षीय गुलाबचंद जैन पटना वालों की भाग्योदय तीर्थ के संत भवन में 26 दिन की...
पार्श्व प्रधान पाठशाला में विराजित साध्वी श्री मुक्ति दर्शना माताजी ने अपने प्रवचन में धर्म ग्रंथ में धर्म की परिभाषा का विस्तृत विवेचन करते हुए बताया कि...
परम पूज्य आचार्य श्री उदार सागर जी महाराज की प्रेरणा से स्थानीय विद्वत संगोष्ठी एवं सम्मान समारोह कार्यक्रम आगामी 13 अगस्त को श्री दिगंबर जैन मंदिर तिलकगंज...
अखिल भारतीय केंद्रीय महिला परिषद की वार्षिक पत्रिका कृतित्व कलश का विमोचन बड़ा गणपति स्थित मोदीजी की नसियां में आचार्य श्री विहर्षसागर जी महाराज के सानिध्य में...
भारतीय जैन मिलन के भ्रमण कार्यक्रम के दौरान बरायठा एवं दलपतपुर में नवीन शाखाओं का गठन राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय पदाधिकारियों की उपस्थिति में किया गया। पढ़िए मनीष...
धर्मसभा में विहसंतसागर जी महाराज ने कहा कि वाणी हमेशा मधुर होनी चाहिए। वाणी में कभी भी कर्कश नहीं होना चाहिए। जैसे बांस की बांसुरी बनाई जाती है तो उसकी आवाज...
निर्यापक मुनिपुंगव श्री सुधासागर जी महाराज ने धर्मसभा को संबोधित करते हुए कहा कि पुरुष तीन अवस्थाओं में मांगलिक होता है, एक साधु, दूसरा राजा और तीसरा जब कोई...
राग दो प्रकार का होता है, प्रशस्त राग और अप्रशस्त राग। देव शास्त्र गुरु के प्रति जो राग है। हमारा ये संसार में भ्रमण कराने वाला नहीं है ये संसार से तिराने वाला...
अखिल भारतवर्षीय दिगम्बर जैन युवा परिषद हैदराबाद तेलंगाना के अनुसार जैन प्रतिभाशाली छात्राओं का सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत गुणमाला काला...








