आचार्यश्री विशुद्ध सागर जी महाराज का विहार जालना से मप्र के ऊन-खरगोन के लिए हो रहा है। यहां पंच कल्याणक में भाग लेकर वे सिद्धक्षेत्र सिद्धवरकूट जाएंगे। इसके...
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जैन एकेडमी ऑफ स्कालर्स और श्री आदिनाथ मेमोरियल ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान मे आयोजित भारतीय संस्कृति के विकास में जैन धर्म का योगदान विषयक मासिक ऑनलाइन...
अंबाह नगर के वरिष्ठ समाजसेवी सुमतिचंद जैन ने सम्मेद शिखरजी की यात्रा 22वीं बार कर पुण्यार्जन किया। वहां जाकर पूजा, दर्शन तथा पूजन आदि किया। भगवान के जयकारे...
आचार्य श्री विद्यासागर जी ने प्रतिभास्थली ज्ञानोदय विद्यापीठ की स्थापना की थी। जो आज पूरे भारत में अपनी आलोकित ऊर्जा से भरपूर प्रकाश फैला रही है। जबलपुर में तो...
आचार्य श्री विश्वरत्न सागर जी आदि ठाणा जैन श्वेताबर मंदिर में विराजमान हैं। आचार्य श्री की निश्रा में अभिषेक, शांतिधारा पाठ, विभिन्न मंत्रोचार द्वारा करवाया...
दोहे भारतीय साहित्य की एक महत्वपूर्ण विधा हैं, जो संक्षिप्त और सटीक रूप में गहरी बातें कहने के लिए प्रसिद्ध हैं। दोहे में केवल दो पंक्तियां होती हैं, लेकिन इन...
राजस्थान में जैन संतों ने आगम काव्य, पुराण, नाटक और छंद लिखे। इसमें गुरुओं के स्तवन किया गया। संत श्री सुमति सागर ऐसे संत रहे, जिन्होंने दो भट्टारकों का काल...
तमिलनाडु में जैन धर्म की तीर्थंकर प्रतिमाएं एवं मंदिर मौजूद है। यहां के गौरवशाली इतिहास को काफी नुकसान हुआ है। परन्तु अभी भी जो अवशेष बच गये है वे इतनी संख्या...
संयुक्त तत्वावधान में श्री आदिनाथ दिगंबर जैन मंदिर, कनाडिया रोड से महावीर नगर, तिलक नगर जैन मंदिर होते हुए प्रभात फेरी वापिस कनाडिया मंदिर पर पहुंची। 26 मार्च...








