गुरु भाइयों का अभूतपूर्व मिलन
इंदौर (राजेश जैन दद्दू)। चारित्र चक्रवर्ती आचार्य शांति सागर जी महाराज के शिष्य तृतीय पट्टाधीश आचार्य शिरोमणि धर्म सागर जी महाराज के प्रथम शिष्य वात्सल्य वारिधि आचार्य वर्द्धमान सागर जी महाराज तथा अंतिम शिष्य प्रज्ञा श्रमण अमित सागर जी महाराज का भगवान बाहुबली मस्तकाभिषेक के अवसर पर चार साल बाद रविवार को अतिशय क्षेत्र श्री महावीर जी में अभूतपूर्व मिलन हुआ। मिलन के समय पूरा वातावरण चांदनपुर वाले भगवान महावीर , वात्सल्य वारिधि आचार्य वर्द्धमान सागरजी और अमित सागर जी महाराज के जयकारों से गूंज उठा।
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