समाचार

आचार्य श्री वर्धमान सागर जी के सिद्ध हस्त कर कमलों से 2 अक्टूबर 2025 को अतिशय क्षेत्र टोंक में होगी जैनेश्वरी दीक्षा : 1 अक्टूबर को होगा मंडल विधान पूजन, आचार्य श्री का चमत्कारिक आशीर्वाद


अतिशय क्षेत्र टोंक में आचार्य श्री वर्धमान सागर जी के सान्निध्य में 2 अक्टूबर 2025 को जैनेश्वरी दीक्षा संपन्न होगी। 1 अक्टूबर को मंडल विधान पूजन और पंचामृत अभिषेक होगा। आचार्य श्री ने बीमार एवं वृद्धजनों को भी आशीर्वाद प्रदान कर वात्सल्य और सेवा का अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया। पढ़िए राजेश पंचोलिया की रिपोर्ट…


अतिशय क्षेत्र टोंक। आचार्य श्री वर्धमान सागर जी संघ सहित विराजित होने के बाद प्रतिदिन अनेक धार्मिक महोत्सव आयोजित हो रहे हैं, जिनसे समाजजन लाभांवित हो रहे हैं। इसी क्रम में टोंक नगर में आचार्य श्री वर्धमान सागर जी अपने सिद्धहस्त करकमलों से दूसरी बार दीक्षा देने जा रहे हैं।

अहमदाबाद जिले के कलोल नगर के 69 वर्षीय श्री अवनीश भाई ने दीक्षा हेतु निवेदन किया। उनकी दीक्षा 2 अक्टूबर 2025 को श्री आदिनाथ जिनालय नसिया परिसर में होगी। 1 अक्टूबर को दीक्षार्थी पंचामृत अभिषेक करेंगे, आचार्य संघ की आहारचर्या के बाद कर पात्र में भोजन करेंगे और दोपहर में गणधर वलय विधान की पूजन संघ सान्निध्य में होगी। दीक्षार्थी के परिजन और समाजजन मेहंदी-हल्दी, श्रीफल, सूखे मेवे, फल एवं मिश्री आदि से दीक्षा भाव की अनुमोदना करेंगे।

उल्लेखनीय है कि अवनीश भाई के साले सा समाधिस्थ मुनि श्री पदमकीर्ति सागर और उनकी पत्नी भी आचार्य श्री वर्धमान सागर जी से ही दीक्षा लेकर संघस्थ हुए हैं।

सिद्धहस्त करकमलों और वात्सल्य से अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया

इस अवसर पर आचार्य श्री वर्धमान सागर जी ने बीमार एवं वृद्धजनों को भी अपने आशीर्वाद से लाभान्वित किया। टोंक नगर की 98 वर्षीय गुलाब देवी, जो गंभीर रूप से अस्वस्थ थीं, को आचार्य श्री ने आदर्श नगर स्थित निवास पर जाकर संबोधित किया। उनके शिष्य मुनि श्री हितेंद्र सागर जी भी उपस्थित रहे। परिजनों ने आचार्य श्री के वात्सल्य और विनय से प्रेरित होकर सीमित परिग्रह त्याग किया। शास्त्रों में उल्लेखित है कि जब योग्य गुरु का संबोधन किसी भव्य जीव को प्राप्त होता है, तो उसका भाव एवं परिणाम विशुद्धि प्राप्त करता है। इस अवसर पर आचार्य श्री वर्धमान सागर जी ने अपने सिद्धहस्त करकमलों और वात्सल्य से इस बात का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया।

आप को यह कंटेंट कैसा लगा अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।
+1
2
+1
0
+1
0
Shreephal Jain News

Tags

You cannot copy content of this page