आकिंचन धर्म में उस त्याग के प्रति होने वाले ममत्व का त्याग कराया जाता है। संसार में कोई भी वस्तु स्थाई रूप से हमारी नहीं हैं । यहां तक कि शरीर भी हमारा नही...
Tag - Uttam Akinchanya Dharma
भिंड (मनोज नायक)। नगर के गोलालारे समाज समिति की विशेष बैठक भूता गली में आयोजित हुई, जिसमें गोलालारे युवा परिषद का गठन किया गया। बैठक में 20 सितंबर को पावाई में...
श्री 1008 चिन्तामणी पार्श्वनाथ दिगम्बर जैन मंदिर स्कीम 78 में परपरागत दशलक्षण महापर्व पर इन्दौर की सबसे बडी महाआरती लगातार 11 वर्षों से हो रही है। महाआरती के...
जैन धर्म का सर्वोच्च पर्व दसलक्षण पर्युषण का नवां दिन जैन धर्मावलंबियों ने” उत्तम आकिंचन्य धर्म” के रूप में मनाया। महासंत जैन ब्रह्मचारिणी गुणमाला...
धर्म नगरी वर्णीनगर मड़ावरा में संत शिरोमणि आचार्य श्रेष्ठ विद्यासागर महाराज के शिष्य एवं नवाचार्य श्री समयसागर महाराज के मंगल आशीर्वाद से आचार्य विद्यासागर...
जब जब हमें अच्छेपन की फीलिंग हो कि मुझे अब कोई दुख नहीं है, समझ लेना तुम्हारे बहुत जल्दी दुख आने वाला है। मेरा परिवार बहुत अच्छा है कोई परेशानी नहीं, बस सब...
पर्युषण पर्व के नवें दिन अभिनंदनोदय तीर्थ में धर्मसभा को सम्बोधित करते हुए मुनिश्री अविचल सागर महाराज ने कहा संकल्प विकल्प की परिणति का त्याग ही आकिंचन धर्म...
कुंडलपुर (दमोह)। सुप्रसिद्ध सिद्धक्षेत्र कुंडलपुर में दशलक्षण महापर्व के पावन अवसर पर 17 सितंबर को जैन धर्म के बारहवें तीर्थंकर भगवान श्री वासुपूज्य जी का...
किंचन्य आत्मा की उस दशा का नाम है जहां पर बाहरी तो सब कुछ छूट जाता है किंतु आंतरिक संकल्प विकल्प भी शांत हो जाते हैं। चतुर्मास रत आर्यिका सरस्वती माताजी ने...
उत्तम आकिंचन्य धर्म पर हुई धर्म प्रभावना : तत्वार्थ सूत्र का वाचन एवं आकिंचन धर्म पर मंगल प्रवचन हुआ
उत्तम आकिंचन्य धर्म के नवें दिन आदिनाथ मंदिर, समवशरण मंदिर और सुखोदयतीर्थ नसिया जी में शांति धारा के बाद चातुर्मास पंडाल में परम पूज्य पवित्रमति माताजी करणमती...








