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परिग्रह मुक्ति का मंगलकारी मुहूर्त है आकिंचन्य धर्म-मुनि विश्वसूर्य सागर जी : संपूर्ण परिग्रह का त्याग ही आकिंचन्य धर्म : मुनि साध्य सागर जी

सनावद में चल रहे चातुर्मास के दौरान पर्यूषण पर्व के 9वें दिन संत निलय में मुनि साध्य सागर जी महाराज और मुनि विश्वसूर्य सागर जी महाराज ने ‘उत्तम आकिंचन्य धर्म’...

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