वरिष्ठ ज्योतिषाचार्य डॉ हुकुमचंद जैन ने बताया इस साल 2023 में दो श्रावण मास होने से चातुर्मास काल चार माह की जगह पांच माह रहने से पिछले 23 जून से 27 नवम्बर तक विवाह के कोई भी मुहूर्त नहीं है। 23 नवम्बर को कार्तिक शुक्ल देवथान एकादशी है शहनाई बजेगी फिर से विवाह मुहूर्त प्रारंभ हो जायेंगे। पढ़िए मनोज नायक की रिपोर्ट….
मुरैना। समय कितना भी बदल चला हो। बदले समय में अभी भी युवक- युवती ज्योतिष मुहूर्त में विवाह का इंतजार करते हैं। वरिष्ठ ज्योतिषाचार्य डॉ हुकुमचंद जैन ने बताया इस साल 2023 में दो श्रावण मास होने से चातुर्मास काल चार माह की जगह पांच माह रहने से पिछले 23 जून से 27 नवम्बर तक विवाह के कोई भी मुहूर्त नहीं है। 23 नवम्बर को कार्तिक शुक्ल देवथान एकादशी है शहनाई बजेगी फिर से विवाह मुहूर्त प्रारंभ हो जायेंगे । 23 नवम्बर को देवठान एकादशी के दिन अबूझ विवाह मुहूर्त है। हालाकि पंचांग में इस दिन विवाह का शुद्ध मुहूर्त नहीं है। फिर भी लोकाचार की दृष्टि से इस दिन अधिक से अधिक शादी की जाती हैं। वर्ष 2023 में नवम्बर से दिसंबर तक केवल पांच मुहूर्त ही बनेंगे। नवम्बर में 27, 28, 29 को मुहूर्त है। दिसंबर में 07 और 15 केवल दो ही शुद्ध विवाह मुहूर्त हैं। फिर अगले साल 2024 में 15 जनवरी के बाद ही विवाह के शुभ मुहूर्त बनेंगे क्योंकि 16 दिसंबर से 15 जनवरी तक धनु मलमास होने से एक माह का विराम रहेगा।













Add Comment