हैरो लंदन में आयोजित वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव के मांगलिक अनुष्ठान को अखिल भारतवर्षीय दिगम्बर जैन शास्त्रि-परिषद् के महामंत्री ब्र. जयकुमार निशांत भैया ने सम्पन्न कराते हुए, समस्त युनाइटेड किंगडम के श्रावकों का मनमोहा। यह आयोजन स्व.चतुर्भज जैन,चन्द्रकांता जैन छतरपुर के सुपुत्र राजेश जैन, मीता जैन, पुत्री अनन्या एवं पुत्र अरिहंत द्वारा अपने गृह निवास के नवनिर्मित गृह चैत्यालय में सम्पन्न हुआ है।पढि़ए डॉ सुनील संचय की रिपोर्ट ……….
हैरो लंदन में आयोजित वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव के मांगलिक अनुष्ठान को अखिल भारतवर्षीय दिगम्बर जैन शास्त्रि-परिषद् के महामंत्री ब्र. जयकुमार निशांत भैया ने सम्पन्न कराते हुए, समस्त युनाइटेड किंगडम के श्रावकों का मनमोहा। यह आयोजन स्व.चतुर्भज जैन,चन्द्रकांता जैन छतरपुर के सुपुत्र राजेश जैन, मीता जैन, पुत्री अनन्या एवं पुत्र अरिहंत द्वारा अपने गृह निवास के नवनिर्मित गृह चैत्यालय में सम्पन्न हुआ है।मूलनायक शांतिनाथ के साथ श्री संभवनाथ, श्री सुमतिनाथ, श्रीविमलनाथ, श्री अरनाथ भगवान वेदी में विराजित किए गए। इन बिम्बों की प्रतिष्ठा संत शिरोमणि आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के ससंघ सान्निध्य में कुण्डलपुर पंचकल्याणक में सम्पन्न हुई थी। राजेश की भावना थी यह महानुष्ठान ब्र. जयनिशांत भैया के सानिध्य में हो। भैया की लंदन आने की समस्त प्रक्रिया तत्परता से सम्पन्न कराई गई।
श्रीजी की शोभायात्रा का प्राप्त किया सौभाग्य
इस आयोजन का ध्वजारोहण संतोष, सीमा इन्दौर (मीता के माता- पिता] ने सम्पन्न किया। इस आयोजन के सौधर्म राजेश-मीता, कुबेर कौशल,ख्याति शाह ईडर, यज्ञनायक अमित, बरखा शाह ईडर, ईशान ,इंद्र ,संकेत ,रिचा शाह अहमदाबाद, सनन, इन्द्र ,नीलेश ,प्रीति काले कोपरगांव, महेन्द्र, योगेन्द्र, श्वेता नागपुर को सोभाग्य प्राप्त हुआ।समस्त क्रिया विधि में सभी परिवारों ने उत्साह पूर्वक, संयम साधना के साथ सहभागिता की,सभी बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम नीरज ,राजू जैन कोटा के निर्देशन में सम्पन्न किए। निशांत भैया की प्रेरणा से सभी परिवारों ने पूजा, अभिषेक, स्वाध्याय,रात्रिभोजन त्याग आदि नियम लेकर श्रीजी स्थापना, जिनवाणी स्थापना, अष्टमंगल, अष्टप्रातिहार्य स्थापना का गौरव सहर्ष प्राप्त किया। आगमोक्त क्रियाविधि पूजा पद्धति एवं शास्त्र सभा में यू. के. के सभी जिनालयों के पदाधिकारी एवं श्रावक उपस्थित हुए।सभी ने श्रीजी की शोभायात्रा में उपस्थित होने का सौभाग्य प्राप्त किया।
अंग्रेजी के साथ हिन्दी एवं संस्कृत भी का अभ्यास
श्री शांतिनाथ जिनालय स्लाओ, श्री महावीर जिनालय हैरो, श्री वासुपूज्य जिनालय कोवेंट्री, श्री अजितनाथ जिनालय मिल्टन कीन्स, श्री पार्श्वनाथ जिनालय वर्मिंघम तथा श्री कैलाशगिरि जिनालय हाँसको तथा श्री महावीर जिनालय (श्वेतांबर) पोटर्सबार के माध्यम से प्रभावना की।यहाँ 3-4° तापमान होने पर सभी बच्चों ने धोती -दुपट्टा पहनकर प्रतिदिन अभिषेक, पूजा ,विधान , वेदीशुद्धि एवं संस्कार करते हुए पूजा का नियम लिया है। प्रतिदिन 200- 300 श्रावकों की उपस्थिति रही। शुद्ध भोजन की व्यवस्था भी रखी गई। इंद्र-इन्द्राणी एवं सभी श्रावक- श्राविकाओं को यह महसूस ही नहीं हुआ कि आयोजन लंदन में हो रहा है। निशान्त भैया ने सभी को भारत के मंदिरों में होने का अहसास कराया ।
आपके प्रवचन के माध्यम से कई लोगों ने विभिन्न नियम अपनी क्षमता एवं सुविधानुसार लिए। भैया ने हैरो के शांतिनाथ जिनालय में शास्त्र भण्डार स्थापित करने की योजना रखी जिसमें सभी ने सहयोग देने का संकल्प किया। यहाँ संचालित बच्चों की पाठशाला में अंग्रेजी के साथ हिन्दी एवं संस्कृत भी का अभ्यास कराया जाता है जिससे सभी प्रभुभक्ति, आरती स्तुति करके अपना कल्याण पथ प्रशस्त कर रहे हैं।सभी जिनालयों के पदाधिकारियों ने जयनिशांत भैया को अपने जिनालय में दर्शन एवं प्रवचन हेतु आमंत्रित किया।ब्र. जय निशान्त भैया द्वारा लंदन में की गई प्रभावना के अनेक विद्वानों, गणमान्य लोगों ने उन्हें शुभकामना व बधाई प्रेषित की है।













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