आचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज ससंघ का मंगल कलश स्थापना समारोह विरागोदय तीर्थ पथरिया जिला दमोह में शनिवार को बड़ी संख्या में आए गुरु भक्तों की उपस्थिति में हुआ। पथरिया से पढ़िए, यह खबर…
पथरिया। आचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज ससंघ का मंगल कलश स्थापना समारोह विरागोदय तीर्थ पथरिया जिला दमोह में शनिवार को बड़ी संख्या में आए गुरु भक्तों की उपस्थिति में हुआ। राजेश जैन दद्दू ने बताया कि मंगल बोलियों के माध्यम से प्रथम कलश नरेंद्र कुमार लोकेंन्द्र कुमार रायपुर ने, द्वितीय कलश, इंदौर के भरत मीना झांझरी तिलक नगर ने प्राप्त किया। तृतीय कलश सुनील जैन बरायठा ने, चतुर्थ कलश राजकुमार अजयगढ़ ने, पंचम कलश मनोज जैन ढोलक बीड़ी वाले परिवार सागर ने तथा अन्य कलश का सौभाग्य सन्तोष जैन घड़ी परिवार सागर ,सोनू जैन, अरुण अहमदाबाद वालों को मिला।पाद प्रक्षालन करने का सौभाग्य प्रतीक कुमार तिजारा वाले कानपुर को प्राप्त हुआ।
चातुर्मास भगवान बनने के लिए…
अपने प्रवचन में आचार्य विशुद्ध सागर जी ने कहा कि चार्तुमास भगवान के लिए नहीं किया जाता, भगवान बनने के लिए किया जाता है। वर्षाऋतु में पृथ्वी पर सूक्ष्म जीव हरियाली आदि उत्पन्न हो जाते हैं। उनकी रक्षा के लिए योगी चार्तुमास करते है। गुरुदेव विराग सागर जी के आशीर्वाद से यह चार्तुमास भी बहुत अच्छे से होगा। इस चातुर्मास मंगल कलश महोत्सव में इंदौर,जबलपुर, अशोक नगर, गुना, सागर, दमोह, टीकमगढ़, बंडा, कानपुर, लखनऊ, उज्जैन आदि जगहों से गुरु भक्त परिवार ने चार्तुमास कलश स्थापना समारोह में सहभागिता कर गुरुवर का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर इंदौर नगर के वरिष्ठ समाजसेवी प्रीतपाल टोंग्या, नेमी बड़कुल, अनिल गंगवाल, मनोज बाकलीवाल, पिंकी जैन, मनीष, मोना राजेश जैन दद्दू आदि समाज जन उपस्थित रहे।













Add Comment