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भक्तामर पर परिचर्चा में दिखा श्रद्धा और आस्था का संगम

आगरा.शुभम कासलीवाल । एम.डी. जैन इन्टर कॉलेज के आचार्य शान्तिसागर सभागार में आर्यिका श्री अर्हंश्री माताजी ससंघ की प्रेरणा एवं सानिध्य में आयोजित भक्तामर परिचर्चा में इन्टरनेशनल भक्तामर हीलर डॉ. अनीष जैन ने व्याख्यान दिया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे। पूरा सभागार भक्तामर के विभिन्न श्लोकों व मन्त्रों से गुंजायमान होता रहा। डॉ. अनीष जैन ने भक्तामर के 8 काव्यों को लेकर ध्यान कराते हुये प्रत्येक व्यक्ति के अन्दर परमात्मा का आभास कराया। उन्होंने आठों काव्यों के अलग-अलग उच्चारण से शरीर के अलग-अलग अंगों पर अष्ट प्रातिहार्य स्थापित कराया। आर्यिका अर्हंश्री माताजी ने 45 काव्य के उच्चारण के माध्यम लोगों में आत्मबल बढ़ाने की विधि एवं हीलिंग प्रकिया के बारे में समझाया।

इस अवसर पर डॉ. अनीष जैन नागपुर के द्वारा आमन्त्रित अन्तरराष्ट्रीय गौरक्षा संघ के प्रतिनिधि, फिरोजाबाद, मथुरा, वृंदावन से भी आए साधु-साध्वियों ने भी भाग लिया। मथुरा से आईं साध्वी महिमा प्रभावित होते हुए कहा कि आज की युवा पीढ़ी को अपनी प्राचीन शास्त्र परम्परा और मन्त्र शक्ति से परिचय कराने का यह अनूठा ढंग है और इसको आज हमें सभी को अपनाने की आवश्यकता है। माताजी के पाद प्रक्षालन का सौभाग्य राजेन्द्र जैन एडवोकेट और उनकी धर्मपत्नी को मिला। शास्त्र भेंट का सौभाग्य जितेन्द्र- रेखा जैन, जिनवाणी परिवार, राकेश जैन आदि को मिला।

इस अवसर पर प्रदीप जैन पीएनसी, जितेन्द्र जैन, जगदीश प्रसाद जैन, कमल जैन एडवोकेट, राजेन्द्र जैन एडवोकेट, दिलीप जैन उत्तम उद्योग, सुनील जैन सिंघई, निर्मल जैन मोठ्या, महीपाल जैन, सुनील जैन ठेकदार, राजकुमार गुड्डू समेत समाज के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। अनिल रईस, महेशचन्द जैन, अनिल एफ सी आई, हरिश्चन्द्र जैन नायक, नरेश लुहाडिया, सुरेश पांड्या, समकित जैन, मनोज बूरा ने अतिथियों का स्वागत किया। कार्यक्रम की व्यवस्था अंकेश जैन के निर्देशन में ट्रान्यमुना बालिका मन्डल समेत युवाओं ने संभाली। संगीत एवं स्वर शशि पाटनी एव मानसी जैन दिया। मंच का संचालन मनोज बाकलीवाल ने किया।

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