मुरादाबाद के पर्वतारोही मनोज कुमार ने अफ्रीका की सर्वाेच्च चोटी किलिमंजारो पर तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी का बैनर लहराया। टीएमयू ने बढ़ाए हाथ तो पर्वतारोही ने एक और रिकॉर्ड तोड़ा। मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो. श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर…
मुरादाबाद। कहते हैं, अगर हौसला बुलंद हो तो कठोर से कठोर लक्ष्य भी आसान होता है। यह कथन जाने-माने पर्वतारोही एवं पेशे से शिक्षक मनोजकुमार पर सटीक उतरता है। इस पर्वतारोही ने गणतंत्र दिवस पर अफ्रीका महाद्वीप की सर्वाेच्च चोटी माउंट किलिमंजारो को फतह कर लिया। यह विशेषकर तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी परिवार के लिए अविस्मरणीय पल रहे, क्योंकि माउंटेनियर मनोज ने तिरंगे के साथ टीएमयू का बैनर भी इस सर्वाेच्च चोटी पर लहराया। माउंट किलिमंजारो पर भी टीएमयू की दस्तक से गदगद कुलाधिपति सुरेश जैन कहते हैं कि सामाजिक सरोकारों के प्रति हमारी अगाध आस्था है। जीवीसी मनीष जैन और एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर अक्षत जैन कहते हैं कि यह बड़ी उपलब्धि इतिहास में दर्ज हो गई है। यह कहे तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी। तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी की वित्तीय मदद ने माउंटेनियर मनोज कुमार के सपनों में रंग भर दिया है। उल्लेखनीय है कि लेफ्टिनेंट कर्नल पूजा नौटियाल भी सामाजिक सरोकार के तहत टीएमयू की आर्थिक मदद से 20 मई 2025 को विश्व की सर्वाेच्च चोटी माउंट एवरेस्ट फतह कर चुकी हैं। महंत श्री गुरविंदरसिंह के संग पर्वतारोही मनोजकुमार का यूनिवर्सिटी कैंपस आगमन हुआ। जहां उन्होंने इस उपलब्धि की फोटो कुलाधिपति सुरेश जैन और जीवीसी मनीष जैन को भेंट की। कुलाधिपति ने भी पर्वतारोही को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया।

मनोजकुमार के नाम अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय उपलब्धियां
अपनी इस चुनौतीपूर्ण यात्रा का जिक्र करते हुए पर्वतारोही मनोजकुमार बताते हैं कि 21 जनवरी को तंजानिया के मोशी शहर पहुंचे। जहां किलिमंजारो के नेशनल पार्क से अपने अभियान का श्रीगणेश किया। छठे दिन यानी 26 जनवरी को प्रातः 9 बजे जैसे ही उन्होंने अफ्रीका महाद्वीप की सर्वाेच्च चोटी माउंट किलिमंजारो को स्पर्श किया तो दिल आस्था से भर गया। उन्होंने बिना समय गंवाए तिरंगे के संग टीएमयू का बैनर लहरा दिया। पर्वतारोही मनोजकुमार के नाम पहले से ही अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय उपलब्धियां दर्ज हैं।
मनोजकुमार शहीद पर्वतारोही रविकुमार के भाई हैं
2025 में रूस की माउंट चेंगेट और यूरोप महाद्वीप की सर्वाेच्च चोटी माउंट एल्ब्रूस को फतह किया। 2024 में हिमाचल प्रदेश की बुनम चोटी, कांग वात्शे-2 और कांग वात्शे-1 की सफलता भी उनकी झोली में है। एक पखवाड़े में इन तीन प्रमुख चोटियों पर तिरंगा फहराने का जुनून उन्हें ख़ास बनाता है। उल्लेखनीय है कि मनोजकुमार शहीद पर्वतारोही रविकुमार के भाई हैं। माउंटेनियर रवि कुमार ने 20 मई 2017 माउंट एवरेस्ट पर तिरंगा फहराकर भारत का गौरव बढ़ाया था, लेकिन लौटते समय खराब मौसम के चलते वे शहीद हो गए थे।













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