पीपलदा में आयोजित पंचकल्याणक महोत्सव के दूसरे दिन तीरथंकर बाल जन्म के अवसर पर भव्य शोभायात्रा, 1008 कलशों से अभिषेक और हेलिकॉप्टर से पुष्प वर्षा हुई। सौधर्म इंद्र भावविभोर हो उठे। हजारों श्रद्धालुओं ने दिव्यता का अनुभव किया। श्रीफल साथी राजेश पंचोलिया की रिपोर्ट
पीपलदा । पीपलदा, सवाई माधोपुर — आज का दिन इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज हो गया। पंचम पट्टाधीश वात्सल्य वारिधि 108 आचार्य श्री वर्धमान सागर जी के सानिध्य में पंचकल्याणक के दूसरे दिन तीरथंकर बालक का जन्म उत्सव धूमधाम से मनाया गया।
सौधर्म इंद्र हाथी पर सवार, विशाल शोभायात्रा निकली
तीर्थंकर बालक श्री चंद्र कुमार के जन्म पर सौधर्म इंद्र हाथी पर सवार होकर निकले। उनके साथ अन्य इंद्र हाथियों और बग्घियों पर विराजमान हुए। शोभायात्रा नगर भ्रमण के बाद पाण्डुक शिला पहुंची जहां प्रथम कलश किया गया।
1008 कलशों से भगवान का अभिषेक
दिव्य मंत्रोच्चार, वाद्यध्वनि और जयकारों के बीच 1008 कलशों से भगवान का अभिषेक हुआ। चयनित पुण्यार्जक परिवारों ने बोली में चयन के बाद सौभाग्य प्राप्त किया।
जब सौधर्म इंद्र हुए भावुक…
कहते हैं तीरथंकर बालक का रूप ऐसा होता है कि आंखें देखती रह जाएं। आज वही दृश्य पीपलदा में देखने को मिला—
सौधर्म इंद्र ने जैसे ही तीरथंकर बालक को अपनी बाहों में लिया, उनके नेत्र भर आए।
उनकी भावनाएं इतनी पवित्र थीं कि श्रद्धालु भी भावविभोर हो उठे।
पहली बार हेलिकॉप्टर से पुष्प वर्षा
जन्म कल्याणक की खुशी में समर, पूर्वा, प्रमथेश, सावन और स्पर्श सहित इंद्र परिवार ने हेलिकॉप्टर से पुष्प वर्षा कर वातावरण को स्वर्णिम बना दिया।
आचार्य श्री वर्धमान सागर जी का संदेश
प्रवचन में आचार्यश्री ने बताया—
“लोग जन्मदिन मनाते हैं, लेकिन तीरथंकरों का जन्म कल्याणक मनाया जाता है, क्योंकि वे अविनाशी ज्ञान, करुणा और अहिंसा के प्रतीक होते हैं।”
उन्होंने बताया कि भगवान जन्म से ही मति ज्ञान, श्रुत ज्ञान और अवधि ज्ञान के धारी होते हैं और उनके 34 अतिशय होते हैं।
पालना महोत्सव: पुण्य अर्जन का अवसर
अभिषेक के बाद पालना महोत्सव हुआ जिसमें सबसे पहले इंद्र परिवार ने पालना झुलाया, फिर समाज के लोगों ने पालने का लाभ लिया।
आगे होगा तपकल्याणक
कल यानी 30 नवंबर को तपकल्याणक महोत्सव मनाया जाएगा जिसमें राज्याभिषेक, वैराग्य दर्शन, गृह त्याग और हवन होगा।
रात्रि में महाआरती और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे।













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