प्रतिक्षण और प्रति समय कुछ नया जीने का कला हमारे अंदर होनी चाहिए; बासी खाना हमें पसंद नहीं होना चाहिए। जो लोग किस्मत के भरोसे जिंदगी जीते हैं, उन्हें...
Tag - Jain monk Sudhasagar Maharaj श्रीफल जैन न्यूज
हमारा मन अक्सर हमारे अनुकूल नहीं होता, और हम चाहते हैं कि दुनिया हमारे अनुसार चले। नीति यही कहती है कि पहले अपने मन को इस पर मजबूर करो कि वह वही सोचता रहे, जो...
जब हम अपनी इच्छाओं और उपादान के अनुसार दुनिया में परिवर्तन की अपेक्षा करते हैं, तब हमें यह समझना चाहिए कि यह संभव नहीं है। अग्नि कभी पानी नहीं बन सकती, लेकिन...
महान आत्माएं एक वो होती है जो महान गुणों को धारण करती हैं, दूसरी वे आत्मायें होती है जिन्हें दुनिया के हर जीव में महानता दिखती है। ऐसे ही सज्जन आदमी भी होते...
सागर। जितना एक व्यक्ति अच्छा बनने का प्रयास कर रहा है, उतना वह अच्छा नहीं बन पा रहा है। जितनी ऊंचाई को छूने का प्रयत्न कर रहा है, उतना ऊंचा उठ नहीं पा रहा।...








