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पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव का शुभारंभ 8 नवंबर को : पांच दिवसीय महोत्सव में होंगे कई धार्मिक कार्यक्रम, मंदिर को सजाया


आचार्य श्री विनिश्चय सागरजी महाराज सानिध्य में पांच दिवसीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव 8 नवंबर से शुरू होगा। जिसको लेकर सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। समाज में इसको लेकर काफी उत्साह बना हुआ है। रामगंजमंडी से पढ़िए, अभिषेक जैन लुहाड़िया की यह खबर…


रामगंजमंडी। आचार्य श्री विनिश्चय सागरजी महाराज के सानिध्य में पांच दिवसीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव 8 नवंबर से शुरू होगा। जिसको लेकर सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। समाज में इसको लेकर काफी उत्साह बना हुआ है। पूरे जिनालय को एवं आसपास के क्षेत्र को दुल्हन की तरह सजाया गया है। इन दिनों नगर का वातावरण भी भक्ति उल्लास से परिपूर्ण नजर आ रहा है। चारों ओर भक्ति भजनों की धुनें गूंज रही है। नगर के लिए यह तीसरा अवसर है, जब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव हो रहा है। यह आयोजन श्री शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर में होगा। 8 नवंबर की प्रातः बेला में श्री जी का अभिषेक, शांतिधारा, घटयात्रा, ध्वजारोहण, याग मंडल विधान किया जाएगा। इंद्रसभा एवं माता के 16 सपनों का दृश्य दिखाया जाएगा। साथ ही गर्भ कल्याणक की क्रियाएं भी हांेगी। संपूर्ण क्रियाएं ब्रह्मचारी नमन भैया पूर्ण करवाएंगे। शुक्रवार की बेला में जिन्हें भी महोत्सव में प्रतिमा विराजमान करने का सौभाग्य मिला, वह अपने आप को बहुत ही पुण्यशाली मान रहे हैं। वे सभी भक्ति भाव उल्लास के साथ उन प्रतिमाओं को अपने घर तक लाए और घर पर लाकर भक्ति उल्लास किया।

इसके बाद पुनः भजनों पर थिरकते हुए प्रतिमाओं को जिन मंदिर तक लाए मानो लग रहा था साक्षात प्रभु ही नगर में आ गए हांे। जैन दर्शन ने पंच कल्याणक महोत्सव एक बहुत बड़ा महोत्सव माना जाता है एवं पंचकल्याणक में सौभाग्यशाली पात्र बनना सभी अपने आप को गौरवशाली मानते हैं और किसी अनंत जन्मों का पुण्य मानकर चलते हैं। सभी इस पुण्य कार्य में सहभागी बनकर अपने आप को हर्षित एवं गदगद महसूस करते हैं। इससे पूर्व नगर में दो बार महोत्सव हो चुका है वर्ष 1980, वर्ष 2007 में तथा अब 2025 में होने जा रहा है।

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