समाचार

झालरापाटन में पद्म पुराण आधारित श्रीराम कथा का आयोजन: समापन में पुण्यार्जक परिवार और सहयोगियों का किया सम्मान 


श्री शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर झालरापाटन में रामकथाकार मुनिश्री जयकीर्ति जी द्वारा पद्मपुराण आधारित श्री जैन रामकथा 12 से 21 दिसंबर तक संगीत की सुमधुर धुनों के साथ वाचन किया गया। इसके मुख्य पुण्यार्जक सेठ शिखरकुमार अशोककुमार चांदवाड परिवारजन थे। झालरापाटन से पढ़िए, पारस जैन पार्श्वमणि की यह खबर…


झालरापाटन। श्री शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर झालरापाटन में रामकथाकार मुनिश्री जयकीर्ति जी द्वारा पद्मपुराण आधारित श्री जैन रामकथा 12 से 21 दिसंबर तक संगीत की सुमधुर धुनों के साथ वाचन किया गया। इसके मुख्य पुण्यार्जक सेठ शिखरकुमार अशोककुमार चांदवाड परिवारजन थे। दस दिवसीय ये जैन राम कथा रविसेन आचार्य प्रणीत श्री पद्मपुराण ग्रंथ पर आधारित है। समापन के सुअवसर पर सभी पुण्यार्जकों का अभिनंदन किया गया। सरावगी समाज के अध्यक्ष कमल जैन अजमेरा, राजकुमार जैन, सतेंद्र मारवाड़ी, महेश जैन गंगवाल कोटा, चांदमल गंगवाल, नरेश पाटौदी, ओमप्रकाश पाटौदी, कैलाश जैसवाल, लादूलाल अजमेरा, अखिलेश जैन, राजेश मसाला, मीना गंगवाल, मिंटू श्रीमाल का स्वागत किया गया।

जैन रामकथा के अंतिम दिन समापन समारोह मुख्य पुण्यार्जक परिवार, झालरापाटन के सभी महिला मंडल, ट्रस्ट मंडल एवं कोटा बस से पधारे भक्तों द्वारा जिनवाणी भेंट दीप प्रज्वलन, मंगलाचरण, पाद प्रक्षालन एवं भक्तियुक्त दिव्य अष्टद्रव्यमय पूजन के साथ प्रारंभ हुआ। मुनिश्री ने अपनी अदभुत अनुपम एवं लालित्य पूर्ण शैली एवं स्वरचित सुमधुर संगीतमय गीतों से श्री जैन रामकथा का शेष विषय निरूपण किया। सभी श्रोताओं ने मंत्र मुग्ध होकर कथा का श्रवण किया।

आप को यह कंटेंट कैसा लगा अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।
+1
0
+1
0
+1
0
Shreephal Jain News

You cannot copy content of this page