समाचार

समग्र जैन युवा परिषद् ने राजस्थान सरकार का जताया आभार : भारवाहक पशुओं को दोपहर में उपयोग में लेने पर प्रतिबन्ध


भारवाहक पशुओं यथा घोड़ों, गधों, खच्चरों,बैलों और अन्य पशुओं को धूप में काम लेने से पड़ने वाले प्रभावों के कारण उन्हें अनावश्यक दर्द, हीट स्ट्रोक और मौत होने की आशंका रहती है l इस स्थिति को संज्ञान में रखते हुए एवं राजस्थान समग्र जैन युवा परिषद् के अनुरोध पर पशुपालन विभाग के निदेशक एवं राजस्थान राज्य जीव जन्तु कल्याण बोर्ड ने दोपहर के समय अत्यधिक गर्मी होने के कारण भारवाहक पशुओं का उपयोग प्रतिबंधित करने के आदेश जारी किए हैं। पढ़िए जिनेंद्र जैन की रिपोर्ट…


जयपुर। भारवाहक पशुओं यथा घोड़ों, गधों, खच्चरों,बैलों और अन्य पशुओं को धूप में काम लेने से पड़ने वाले प्रभावों के कारण उन्हें अनावश्यक दर्द, हीट स्ट्रोक और मौत होने की आशंका रहती है l इस स्थिति को संज्ञान में रखते हुए एवं राजस्थान समग्र जैन युवा परिषद् के अनुरोध पर पशुपालन विभाग के निदेशक एवं राजस्थान राज्य जीव जन्तु कल्याण बोर्ड ने दोपहर के समय अत्यधिक गर्मी होने के कारण भारवाहक पशुओं का उपयोग प्रतिबंधित करने के आदेश जारी किए हैं। इस आदेेश के मुताबिक जिन क्षेत्रों में तापमान 37 डिग्री सेल्सियस से अधिक रहता है, वहां दोपहर को 12 बजे से 3 बजे के बीच पशुओं को न उपयोग में लेगा और न लेने देगा। अगर कोई उपयोग में लेता है तो उस पर परिवहन तथा कृषि पशुओं के प्रति क्रूरता – निवारण नियम,1965 के नियम 6 के उपनियम 3 के अनुसार कार्यवाही की जाएगी।

भारवाहक पशुओं 3 घंटे को उपयोग लेने पर प्रतिबन्ध

 

समुचित करें व्यवस्था

इस अवसर पर राज्य जीव जन्तु कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष जसवंत विश्नोई ने प्रशासन एवं आमजन से अनुरोध किया किया कि वे भारवाहक पशुओं के लिए पानी, भोजन व छाया की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करें एवं व्यापक जनजागरुकता पैदा करें। इसके लिए राजस्थान समग्र जैन युवा परिषद् ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा,पशुपालन कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढ़म, पशुपालन प्रमुख शासन सचिव विकास सीताराम भाले उपसचिव संतोष करोल,अल्पसंख्यक शासन सचिव राजन विशाल, पशुपालन निदेशक एवं सदस्य सचिव राजस्थान जीव जन्तु कल्याण बोर्ड डॉ. भवानी सिंह राठौड़, अल्पसंख्यक मामलात विभाग के निदेशक नलिनी कठोतिया, राजस्थान जीव जन्तु कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष जसवंत विश्नोई, सदस्य मनीष सक्सेना और उपनिदेश्क डॉ. अजय कुमार वार्ष्णेय आदि का आभार प्रकट किया।

आप को यह कंटेंट कैसा लगा अपनी प्रतिक्रिया जरूर दे।
+1
1
+1
0
+1
0
Shreephal Jain News

About the author

Shreephal Jain News

Add Comment

Click here to post a comment

You cannot copy content of this page