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आदिनाथ पार्श्वनाथ प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता 3 अगस्त को: मुनिराज का धर्म प्रभावना के लिए अनोखा प्रयोग


जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर आदिनाथ एवं 23वें तीर्थंकर पार्श्वनाथ पर आधारित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता 3 अगस्त को आयोजित होगी। मुनिश्री विलोकसागर जी महाराज ने इस प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता के उद्देश्यों के बारे कहा कि हम जिस भी धर्म को मानते हैं अथवा जिस भी इष्ट का पूजन भक्ति आराधना करते है, उनके जीवन चरित्र से, उनके व्यक्तित्व से उनके कृतित्व से हमें भलीभांति परिचित होना चाहिए। मुरैना से पढ़िए, मनोज जैन नायक की यह खबर…


मुरैना। जैन धर्म के प्रथम तीर्थंकर आदिनाथ एवं 23वें तीर्थंकर पार्श्वनाथ पर आधारित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता 3 अगस्त को आयोजित होगी। मुनिश्री विलोकसागर जी महाराज ने इस प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि हम जिस भी धर्म को मानते हैं अथवा जिस भी इष्ट का पूजन भक्ति आराधना करते है, उनके जीवन चरित्र से, उनके व्यक्तित्व से उनके कृतित्व से हमें भलीभांति परिचित होना चाहिए। ताकि हम अपनी संस्कृति का एक अच्छे तरीके से प्रचार प्रसार कर सकें। जब हमें अपने तीर्थंकरों के संबंध में जानकारी होगी, तभी हम अन्य किसी भी व्यक्ति को उनके संबंध में कुछ बता सकते हैं। इसलिए ही इस तरह की प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिएं हो रही है और ऐसी प्रतियोगिता में हर उम्र के बंधुओं, माता बहनों को भाग लेना चाहिए, ताकि आप अपनी संस्कृति से भलीभांति परिचित हो सकें।

इस प्रतियोगिता के माध्यम से आजकल के युवाओं में धर्म के प्रति ललक पैदा करना ही इसका उद्देश्य है। प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता संयोजक डॉ. मनोज जैन एवं सह संयोजक विमल जैन बघपुरा ने बताया कि नगर के बड़ा जैन मंदिर में चातुर्मासरत मुनिश्री विलोकसागरजी एवं मुनिश्री विबोधसागरजी की पावन प्रेरणा एवं आशीर्वाद से तीर्थंकर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन बड़े जैन मंदिरजी में 3 अगस्त को शाम 6.30 से 7.30 बजे तक होने जा रहा है।

इसमें यह हो सकते हैं भागीदार 

इस धार्मिक ज्ञान प्रतियोगिता में 8 वर्ष से लेकर 90 वर्ष तक के सभी धर्मानुरागी बंधु,़ माताएं बहनें भाग ले सकेंगी। भगवान आदिनाथ एवं भगवान पारसनाथ के जीवन चरित्र पर आधारित इस प्रतियोगिता में 150 प्रश्नों की एक प्रश्नोत्तरी तैयार की गई है। जिसमें से प्रश्नोत्तरी में 100 प्रश्न पूछे जाएंगे। प्रतियोगिता में 100 में से 100 अंक लाने वाले प्रतियोगियों को चांदी की माला से सम्मानित किया जाएगा एवं 90 अंक अथवा उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाले सभी प्रतियोगियों को सांत्वना पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।

प्रतियोगिता के लिए पंजीयन जरूरी 

जो भी साधर्मी बंधु इस प्रतियोगिता में सम्मिलित होना चाहते हैं वे प्रश्नोत्तरी पत्रक बड़े जैन मंदिर से प्राप्त कर सकते हैं। सभी प्रतियोगियों को अपना रजिस्ट्रेशन कराना आवश्यक है, तभी उन्हें प्रश्नोत्तरी प्राप्त होगी। प्रश्नोत्तरी आपको ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों माध्यम से उपलब्ध रहेगी। जिसके माध्यम से आप घर बैठे अपनी तैयारी कर सकते हैं।

प्रतियोगिता संचालन समिति का गठन

तीर्थंकर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता की व्यवस्थाओं के सुचारू संचालन के लिए एक समिति का गठन किया गया है। जिसमें संयोजक डॉ. मनोज जैन (प्रोफेसर), सह संयोजक विमल जैन बघपुरा, नवनीत शास्त्री, एडवोकेट दिनेश जैन वरैया, राकेश जैन शास्त्री परिवार, सजल जैन बरहाना, अनिल नायक गढ़ी, अजय जैन गोसपुर को बनाया गया है। प्रश्नोत्तरी पुण्यार्जक चेतन माला, सुप्रिया, देवदत्त जैन मुरैना होंगे और रेखा संजय जैन मुरैना एवं लालजीराम लखमीचंद जैन बानमौर की ओर से पुरस्कार वितरित किए जाएंगे।

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