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स्वतंत्रता दिवस पर आचार्य श्री ने दिए जैन महाविद्यालय में प्रवचन : समारोह में छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी


स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जैन महाविद्यालय परिसर में उपाध्याय विहसंत सागर महाराज ने कि कहा कि हम सभी 79 वें स्वतंत्रता दिवस मनाने के लिए महाविद्यालय में आए हैं। भिंड से पढ़िए, सोनल जैन की यह खबर…


भिंड। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शनिवार को जैन महाविद्यालय परिसर में उपाध्याय विहसंत सागर महाराज ने कि कहा कि हम सभी 79 वें स्वतंत्रता दिवस मनाने के लिए महाविद्यालय में आए हैं। पुण्य और भाग्य है कि आचार्य विराग सागर जी महाराज के जहां चरण पड़े और वहां पर उनके शिष्य भी आए हैं। मुनिराज ने कहा कि हम सभी आजादी का जश्न मना रहे हैं। देश के उन वीरों के माता-पिता से पूछो जिनके पुत्रों ने देश की रक्षा के लिए तन और मन वतन पर न्यौछावर कर दिया। जिससे हम सभी सुरक्षित बैठे हैं। ऐसे वीरों को याद करते हुए हम सभी आजादी का तिरंगा फहरा रहे है। मुनिराज ने आगे कहा कि जब देश का संविधान बाबा साहेब अंबेडकर ने लिखकर गांधी जी को सौंपा था तो उन्होंने दो-चार पेज पढ़कर वापस कर दिया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति अपने-अपने कर्तव्यों का पालन करने लगे तो संविधान की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। इस प्रांगण के आसपास हरियाली है लेकिन, बाहर इतनी गंदगी है कि निकालना मुश्किल हो जाता है।

इस बात को प्रत्येक व्यक्ति जागरूक हो जाएं कि साफ-सफाई कर सड़क भी चमकने लगे। हमें जागरुक होकर कर्तव्यों का पालन करना चाहिए। जिससे देश एवं राष्ट्र के निर्माण में सहयोगी बने रहे। इस अवसर पर श्री भदावर प्रांत्रिक दिगंबर जैन सभा के लोगों ने ध्वजारोहण किया एवं जैन स्कूल की छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति देकर सभी का मन मोह लिया।

आचार्य श्री से आशीर्वाद लेने पहुंचे प्रभारी मंत्री पंचायत ग्रामीण विकास मंत्री एवं प्रभारी मंत्री प्रहलाद पटेल, जिला अध्यक्ष देवेंद्र सिंह नरवरिया, विधायक नरेंद्रसिंह कुशवाह, प्रदेश कार्य समिति के सदस्य डॉ. रमेश दुबे, नगर की बद्री प्रसाद की बगिया में चातुर्मास कर रहे उपाध्याय विहसन्त सागर महाराज से आशीर्वाद लिया और उन्होंने मुनिराज से 5 अक्टूबर को होने वाली सरस्वती महाअर्चना के बारे में जानकारी मांगी।

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