आचार्य श्री सुधासागर महाराज ने बड़े-छोटे और अतिशय के बारे में बताया : अच्छा समझे तो कल्याण ही होगा
श्रमण मुनिपुंगव तीर्थ चक्रवर्ती108 श्री सुधासागर जी महाराज ने प्रवचन मे कहा कि बड़ों की विफलता पर छोटों को बहुत खुशी होती है। बड़े सफल नहीं हो रहे इस खबर को सुनकर नाच उठते हैं। उन्हें अपनी सफलता की चिंता नहीं रहती। छोटों की खुशी नई बात नहीं है। पढ़िए राजीव सिंघई की रिपोर्ट... आगर
इंदौर • Shreephal Jain News • 02-08-2023, 10:06 pm





















