आगरा। नाई की मंडी, कटरा इतवारी खां स्थित श्री चंद्रप्रभु दिगंबर जैन मंदिर में दशलक्षण महापर्व के चौथे दिन शनिवार को उत्तम शौच धर्म की श्रद्धा एवं भक्तिभाव से आराधना की गई। प्रातः भगवान का अभिषेक, शांतिधारा, मंगल पूजन एवं विशेष धार्मिक अनुष्ठान हुए। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सहभागिता कर धर्मलाभ लिया।

मन की निर्मलता और संतोष का संदेश

उत्तम शौच धर्म के अवसर पर श्रद्धालुओं को आत्मा की आंतरिक पवित्रता, संतोष तथा लोभ-मोह से दूर रहने का संदेश दिया गया।

धर्मसभा में बताया गया कि केवल बाहरी स्वच्छता पर्याप्त नहीं, मन के भीतर मौजूद विकारों को दूर करना उत्तम शौच धर्म का वास्तविक भाव है। लोभ, मोह और अत्यधिक परिग्रह की भावना को कम कर संतोष एवं आत्मशुद्धि की दिशा में बढ़ना इसकी साधना है।

पुष्पदंतनाथ भगवान को समर्पित किया निर्वाण लाडू

इसी क्रम में जैन धर्म के नौवें तीर्थंकर भगवान पुष्पदंतनाथ के मोक्ष कल्याणक पर विशेष आराधना हुई। श्रद्धालुओं ने निर्वाण लाडू समर्पित कर भगवान के गुणों और मोक्ष कल्याणक का स्मरण किया।

इस दौरान मंदिर परिसर भगवान के जयकारों से गूंज उठा और श्रद्धालुओं ने भक्तिभाव से आराधना की।

सुबह धर्म आराधना, रात्रि में सांस्कृतिक कार्यक्रम

मीडिया प्रभारी शुभम जैन ने बताया कि दशलक्षण महापर्व के आगामी दिनों में भी आगरा के विभिन्न जिनालयों में प्रातः भगवान का अभिषेक, शांतिधारा एवं श्रीजी का पूजन किया जाएगा। रात्रि में धार्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे।

बड़ी संख्या में समाजजन रहे मौजूद

कार्यक्रम में निर्मल मोठया, सुरेंद्र बैनाड़ा, तरुण रावंका, अंकुर बैनाड़ा, शोभित बोहरा, अनिल रांवका, रचित बैनाड़ा, अमित गोधा, शुभम कासलीवाल, राजू मोठया सहित कटरा इतवारी खां जैन समाज के बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।