इंदौर। स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर 14 अगस्त की शाम ऐतिहासिक राजबाड़ा परिसर देशभक्ति, राष्ट्रप्रेम और जनचेतना की भावनाओं से सराबोर रहा। जनचेतना अभियान के तहत आयोजित ‘झंडा ऊंचा रहे हमारा’ कार्यक्रम में देशभक्ति से जुड़ी विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने उपस्थित लोगों को भावविभोर कर दिया।
कार्यक्रम का सबसे प्रभावशाली आकर्षण आरोहण परिवार की सदस्य निधि जैन की समर्पण डांस अकादमी के मार्गदर्शन में प्रस्तुत विशेष सांस्कृतिक प्रस्तुति रही। वर्तमान सामाजिक परिस्थितियों को केंद्र में रखकर तैयार की गई इस प्रस्तुति में अन्याय, अधिकारों के हनन, जबरदस्ती, दहेज प्रथा सहित समाज में व्याप्त अनेक गंभीर मुद्दों को कलात्मक ढंग से सामने रखा गया।

प्रस्तुति के माध्यम से यह सवाल उठाया गया कि केवल पराधीनता से मुक्ति ही स्वतंत्रता नहीं है, बल्कि समाज में व्याप्त अन्याय, भेदभाव, शोषण और कुरीतियों से मुक्ति भी वास्तविक आजादी का महत्वपूर्ण हिस्सा है। कलाकारों ने गीत, संगीत और नृत्य के माध्यम से इन विषयों को जिस संवेदनशीलता के साथ प्रस्तुत किया, उसने दर्शकों को भावुक होने के साथ-साथ आत्ममंथन के लिए भी विवश किया।
निधि जैन की पहल ने जोड़ा सामाजिक सरोकार
आरोहण परिवार की सदस्य निधि जैन और समर्पण डांस अकादमी की इस प्रस्तुति ने सांस्कृतिक कार्यक्रम को केवल मनोरंजन तक सीमित न रखते हुए उसे सामाजिक चेतना का माध्यम बना दिया। प्रस्तुति में देश की स्वतंत्रता के साथ नागरिकों की सामाजिक जिम्मेदारियों और अधिकारों की ओर भी ध्यान आकर्षित किया गया।
कार्यक्रम में मौजूद देशप्रेमियों ने प्रस्तुति को गंभीरता से देखा। कई दर्शक भावुक नजर आए और प्रस्तुति के संदेश ने उन्हें समाज में बदलाव के लिए अपनी भूमिका पर विचार करने को प्रेरित किया।
1997 से चली आ रही है विशेष परंपरा
आयोजकों के अनुसार, वर्ष 1997 में स्वतंत्रता दिवस को विशेष रूप से मनाने का संकल्प लिया गया था। इसके बाद से यह परंपरा निरंतर जारी है। पूर्व विधायक स्व. अश्विन जोशी द्वारा शुरू की गई इस पहल को उनकी पत्नी मनमीत जोशी आगे बढ़ा रही हैं।
कार्यक्रम की विशेषता रात 12 बजकर 1 मिनट पर ध्वजारोहण रही। इस अवसर पर लोकसभा की पूर्व अध्यक्ष सुमित्रा महाजन सहित अनेक जनप्रतिनिधि, प्रबुद्धजन और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
कारगिल योद्धाओं का सम्मान
कार्यक्रम के दौरान कारगिल युद्ध में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले वीर योद्धाओं दिग्विजय कुमार ‘कोबरा’ एवं सुरेंद्रसिंह का सम्मान किया गया। देश की रक्षा के लिए उनके योगदान को याद करते हुए उपस्थित लोगों ने सम्मान व्यक्त किया।
सामाजिक संस्थाओं और विभिन्न समूहों की ओर से देशभक्ति एवं जनचेतना से जुड़ी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। पूरे कार्यक्रम में राष्ट्रप्रेम, सामाजिक जिम्मेदारी और देश के प्रति सम्मान की भावना प्रमुख रूप से दिखाई दी।


