नगर में पुरातत्व मामले की जानकारी रखने वाली संस्था वर्धमानपुर शोध संस्थान के पदाधिकारियों ने विश्व संग्रहालय दिवस के एक दिन पूर्व उज्जैन नगर के प्रसिद्ध जयसिंहपुरा जैन संग्रहालय का दौरा किया। उन्होंने वहां पर प्रदर्शित ऐतिहासिक धरोहरों का अवलोकन किया। साथ ही बदनावर वर्द्धमानपुर नगर से प्राप्त मूर्तियों के बारे में जानकारी प्राप्त की। बदनावर से पढ़िए, ओम पाटोदी की यह खबर...
बदनावर (वर्द्धमानपुर)। नगर में पुरातत्व मामले की जानकारी रखने वाली संस्था वर्धमानपुर शोध संस्थान के पदाधिकारियों ने विश्व संग्रहालय दिवस के एक दिन पूर्व उज्जैन नगर के प्रसिद्ध जयसिंहपुरा जैन संग्रहालय का दौरा किया। उन्होंने वहां पर प्रदर्शित ऐतिहासिक धरोहरों का अवलोकन किया। साथ ही बदनावर वर्द्धमानपुर नगर से प्राप्त मूर्तियों के बारे में जानकारी प्राप्त की। वर्द्धमानपुर शोध संस्थान के पवन पाटोदी ने बताया कि नगर की ऐतिहासिक धरोहर को मालवा प्रांतीय सभा की ओर से संचालित संग्रहालय में सहेज कर रखा हुआ है, जो प्रशंसनीय है। नगर में वर्तमान में भी बड़ी संख्या में पुरातत्व महत्व की सामग्री इधर-उधर बिखरी हुई हैं। नगरवासियों को यहां संग्रहालय की कमी खलती है। संस्थान के राजेश जैन फुलजी बा, ओम पाटोदी और स्वप्निल जैन ने उज्जैन संग्रहालय में बदनावर की लेख युक्त प्रतिमाओं के बारे में संस्थान के अन्य सदस्यों को जानकारी दी।जिनमें बदनावर के प्राचीन नाम वर्द्धमानपुर का उल्लेख है। साथ ही अपने नगर की विरासत को जानने के लिए एक बार जयसिंहपुरा संग्रहालय के अवलोकन की बात कही। विश्व संग्रहालय दिवस मनाने कि एक मात्र उद्देश्य भी यही है कि हम हमारे नगर, क्षेत्र, प्रदेश और देश की प्राचीन धरोहर की जानकारी रखते हुए उन्हें सहेजने का समुचित प्रयास करें।