आर्यिका पवित्र मति माताजी एवं आर्यिका गरिमा मति माताजी, आर्यिका करण मति माताजी के सानिध्य में वागड़ के बड़े बाबा आदिनाथ भगवान नेमिनाथ भगवान 1008 भगवान महावीर समवशरण मंदिर में विशेष शांति धारा और अभिषेक हुआ। अभिषेक के बाद माता जी का मंगल प्रवचन चातुर्मास पंडाल स्थल पर मंगलाचरण के साथ हुआ। पढ़िए सुरेश चंद्र गांधी की विशेष रिपोर्ट...
नौगामा। आर्यिका पवित्र मति माताजी एवं आर्यिका गरिमा मति माताजी, आर्यिका करण मति माताजी के सानिध्य में वागड़ के बड़े बाबा आदिनाथ भगवान नेमिनाथ भगवान 1008 भगवान महावीर समवशरण मंदिर में विशेष शांति धारा और अभिषेक हुआ। अभिषेक के बाद माता जी का मंगल प्रवचन चातुर्मास पंडाल स्थल पर मंगलाचरण के साथ हुआ। माताजी ने अपने प्रवचन में कहा कि आजकल जितनी ज्यादा सुविधा, उतनी ज्यादा दुविधा बनती जा रही है। हर कार्य के पीछे कठिनाई यही कठिनाई आ रही है, जितनी भी सुविधा मिल रही है उतना दुरुपयोग बढ़ता जा रहा है। जैसे कि आजकल मोबाइल का प्रत्येक घर में उपयोग बढ़ता जा रहा है, साथ ही दुरुपयोग भी बढ़ता जा रहा है।
वाहन चलाते समय मोबाइल का उपयोग करने से बहुत बड़ी-बड़ी दुर्घटनाएं बढ़ती जा रही हैं। उन दुर्घटनाओं से पूरा परिवार तबाह हो जाता है एवं कई परेशानियों का कारण बनता है। घरों में भी छोटे-छोटे बच्चे मोबाइल को देखते हैं, जिससे बुरी चीज भी देखने में आती हैं। बिना मतलब की बातें भी देखी जाती हैं। जिससे समाज में बुरा असर पड़ता है। अभी वर्तमान में माता जी द्वारा प्रातः आलोचना पाठ, मंगलाष्टक का अध्ययन करवाया जा रहा है। माताजी ने कहा कि आगामी 8 तारीख से हमारे पर्युषण पर्व आ रहे हैं।
हमें व्रत उपवास करने हैं एवं इन 10 दिनों में संस्कार शिविर के माध्यम से धर्म लाभ लेना है। इस अवसर पर चातुर्मास कमेटी अध्यक्ष निलेश जैन ने बताया कि खाडू कॉलोनी नगर में विराजमान विज्ञानमति माताजी को नौगामा नगर के श्री समाज द्वारा श्रीफल चढ़ाकर पर्व हेतु आशीर्वाद प्राप्त किया गया एवं साथ ही बाहुबली कॉलोनी जैन मंदिर में विराजमान विक्रमय मति माताजी को श्रीफल चढ़ाकर आशीर्वाद प्राप्त किया गया।




