आरोग्यमय वर्षा योग समिति द्वारा आचार्य विराग सागर महाराज के चित्र अनावरण एवं दीप प्रज्वलन करके बड़े ही भक्ति भाव से मेडिटेशन गुरु उपाध्याय श्री 108 विहसंतसागर महाराज की सभी भक्तों ने अष्ट द्रव्य से पूजा अर्चना की। पढ़िए एक रिपोर्ट...
डबरा। आरोग्यमय वर्षा योग समिति द्वारा आचार्य विराग सागर महाराज के चित्र अनावरण एवं दीप प्रज्वलन करके बड़े ही भक्ति भाव से मेडिटेशन गुरु उपाध्याय श्री 108 विहसंतसागर महाराज की सभी भक्तों ने अष्ट द्रव्य से पूजा अर्चना की। उसके बाद गुरुदेव ने भक्तामर स्तोत्र के सातवें काव्य में कहा कि हे जिनेश! आपके सच्चे स्तवन से प्राणियों के भव के अर्जित कर्म क्षण में क्षय हो जाते हैं। ठीक ही है रात्रिभर रहने वाला अंधेरा , सूर्य की एक किरण से ही क्षण में क्षय हो जाता है।

इसके बाद दोपहर में बाल संस्कार पाठशाला का आयोजन किया जिसमें मुनिराज ने बच्चों को यह बताया कि मंदिर में स्वच्छ मर्यादित कपड़े पहनकर जाना चाहिए और मंदिर में प्रवेश करते समय अच्छी तरह से हाथ-पैर धोने के बाद भगवान के स्तुति बोलकर दर्शन करना चाहिए और बच्चों से णमोकार मंत्र के बारे मे बताया गया। इटावा से गुरु भक्त ऋषभ जैन सपरिवार अहमदाबाद से गुरु भक्त अनिल जैन सपरिवार, ग्वालियर, आगरा, दिल्ली से गुरु भक्त ने मेडिटेशन गुरु उपाध्याय श्री विहसंतसागर महाराज को श्रीफल भेंट कर आशीर्वाद प्राप्त किया। अतिथियों का स्वागत सम्मान आरोग्यमय वर्षा योग समिति ने किया।