ललितपुर के अभिनंदनोदय तीर्थ पर आचार्य श्री निर्भयसागर महाराज ससंघ के सानिध्य में पिच्छिका परिवर्तन का दिव्य संयम संस्कार आयोजन सम्पन्न हुआ, जिसमें श्रावकों ने व्रत धारण कर गुरु चरणों से पुरानी पिच्छिका ग्रहण की। पढ़िए पूरी रिपोर्ट…
ललितपुर स्थित अभिनंदनोदय तीर्थ पर दिगंबर जैन पंचायत के तत्वावधान में आचार्य श्री निर्भयसागर महाराज ससंघ का पिच्छिका परिवर्तन प्रभावना पूर्वक सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मध्यान्ह में ध्वजारोहण, चित्र अनावरण एवं दीप प्रज्जवलन से हुआ। आचार्य श्री के पादप्रक्षालन का पुण्य कार्य कपूरचंद लागौन और विपिन जैन मुंबई द्वारा किया गया। इस अवसर पर भक्तिपूर्वक संगीतपूर्ण पूजन एवं रोचक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी हुईं।
आचार्य श्री ने अपने आशीर्वचन में कहा कि पिच्छिका केवल तपस्वियों का साधन नहीं, बल्कि मोक्ष मार्ग को प्रशस्त करने वाली संयम साधना की प्रतीक है। साधु जीवन में नवीन पिच्छिका समर्पण और पुरानी पिच्छिका ग्रहण करना वास्तविक आध्यात्मिक रूपांतरण का क्षण होता है। श्रावकों ने व्रत ग्रहण कर भक्तिपूर्वक नवीन पिच्छिका गुरुचरणों में अर्पित की।
इस अवसर पर ब्रह्मचारी प्रमोद जैन आरसीएम आगरा को आचार्य श्री की पुरानी पिच्छिका ग्रहण करने का सौभाग्य मिला। इसके अतिरिक्त मुनि संघ के अन्य संतों की पिच्छिका ग्रहण करने का पुण्य लाभ विभिन्न पुण्यार्जक श्रावक परिवारों को प्रदान हुआ।
कार्यक्रम में यह प्रमुख रूप से रहे उपस्थितनगरपालिका अध्यक्ष सोनाली जैन, शीलचंद अनौरा, अखिलेश गदयाना, राजेन्द्र जैन थनवारा, मीडिया प्रभारी अक्षय अलया, मुन्ना लाल जैन अभिलाषा, सतीश नजा, अजय जैन गगचारी, आनंद जैन भावनगर, सतीश जैन बंटी बजाज, अरविन्द जैन आप्टीकल्स, जितेन्द्र जैन, सजल जैन जौली, अमित सराफ, डॉ नीलम सराफ, वीणा जैन सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।




