आगरा दिगंबर जैन परिषद के तत्वावधान में हरिपर्वत स्थित एमडी जैन इंटर कॉलेज के आचार्य श्री शांति सभागार में चल रहे धार्मिक अनुष्ठान के तीसरे दिन अत्यंत भक्ति-भाव के साथ गणधर वलय विधान किया गया। आगरा से पढ़िए, राहुल जैन की यह खबर...
आगरा। आगरा दिगंबर जैन परिषद के तत्वावधान में हरिपर्वत स्थित एमडी जैन इंटर कॉलेज के आचार्य श्री शांति सभागार में चल रहे धार्मिक अनुष्ठान के तीसरे दिन अत्यंत भक्ति-भाव के साथ गणधर वलय विधान किया गया। यह भव्य विधान आचार्य श्री इंद्रनंदी जी महाराज ससंघ तथा आर्यिका श्री विशुद्धमति माताजी व विज्ञमति माताजी ससंघ के मंगल सानिध्य में संपन्न हुआ। विधान में लगभग 350 इंद्र-इंद्राणियों ने सम्मिलित होकर पुण्यार्जन किया और अष्ट कर्मों को दूर करने के लिए प्रभु के समक्ष अर्घ्य समर्पित किए। भक्तगण बड़े ही उत्साह के साथ नृत्य करते हुए भक्ति के आनंद में डूबे नजर आए।प्रमुख पात्रों द्वारा 520 अर्घ्य समर्पित

बाल ब्रह्मचारी आशीष भैया जी के निर्देशन में भगवान की शांतिधारा और अभिषेक के साथ विधान की शुरुआत हुई। आर्यिका विज्ञमति माताजी के श्रीमुख से उच्चारित श्गणधर वलय विधानश् में 100 सौधर्म इंद्रों ने अपने साथी इंद्र-इंद्राणियों के साथ नृत्य कर प्रभु की आराधना की।

यह है विधान के प्रमुख पात्र 

विधान के प्रमुख पात्रों ने संगीतमय स्वरलहरियों के बीच पूजा-अर्चना कर 520 अर्घ्य समर्पित किए। इनमें मुख्य रूप से सौधर्म इंद्र यतेंद्र कुमार अभिलाषा जैन, कुबेर राजेंद्र कुमार जैन नीलम जैन लुहाड़िया, यज्ञनायक इंद्र सुरेश कुमार माया जैन, ईशान इंद्र जिनेंद्र कुमार अनीता जैन और चक्रवर्ती इंद्र सुबोध पाटनी शची पाटनी शामिल रहे। इनके अतिरिक्त मोहन स्वरुप नूतन जैन, रवि कुमार बीना जैन, पदम चंद प्रेमलता जैन, इंद्र जितेंद्र कुमार अंशु जैन, रमेशचंद मधुलता जैन, वीरेंद्र कुमार पूनम जैन और राजेंद्रकुमार विमलेश जैन परिवार ने भी इंद्र इंद्राणी के रूप में पूजा-अर्चना कर विधान के अर्घ्य समर्पित किए।

पापों और दोषों से मुक्त करता है यह विधानः विज्ञमति माताजी

इस पावन अवसर पर धर्मसभा को संबोधित करते हुए आर्यिका विज्ञमति माताजी ने कहा कि 24 तीर्थंकरों के गणधरों की भक्ति और अर्चना करने से व्यक्ति के सभी रोग, शोक, भय और ऋण दूर हो जाते हैं। यह विधान जीवन को सभी प्रकार के दोषों और पापों से मुक्त करने वाला एक महान अनुष्ठान है।

महाआरती और मंच संचालन

सायंकाल 7 बजे से प्रभु की महाआरती की गई और संतों के मंगल प्रवचन हुए, जिसका उपस्थित श्रद्धालुओं ने धर्मलाभ लिया। इस पूरी धर्मसभा का संचालन आगरा दिगंबर जैन परिषद के महामंत्री मनीष जैन ठेकेदार ने किया। धर्मसभा मे मुख्य रूप से परिषद महामंत्री मनीष जैन ठेकेदार, अर्थ मंत्री राकेश जैन परदे वाले,उपमंत्री विमल जैन, प्रचार मंत्री आशीष जैन मोनू, दीपक जैन, कुमार मंगलम जैन, प्रवीण जैन, पंकज जैन, मनीष जैन लवली, सचिन जैन, अनुज जैन क्रांति, उषा जैन, सपना जैन आशा जैन, अनिता जैन उपस्थित रहे।