इंदौर। अखिल भारतवर्षीय दिगम्बर जैन महिला परिषद द्वारा अपने स्थायी प्रकल्प के अंतर्गत परदेशीपुरा स्थित आस्था वृद्धाश्रम में राखी पर्व श्रद्धा, स्नेह एवं आत्मीयता के साथ मनाया गया। परिषद की मीडिया प्रमुख इंदौर रुचि चोविश्या जैन ने बताया कि यह स्थायी प्रकल्प पिछले 20–25 वर्षों से निरंतर संचालित किया जा रहा है।

50–60 बुजुर्गों को बांधी राखी

कार्यक्रम में लगभग 50–60 बुजुर्ग भाई-बहनों को राखी बांधी गई। इस अवसर पर उन्हें उपहार स्वरूप बैग, मिठाई एवं नमकीन भेंट किए गए। राखी बंधवाकर बुजुर्ग भाई-बहनों के चेहरे पर खुशी दिखाई दी और उन्होंने सभी को स्नेहपूर्वक आशीर्वाद दिया।

सेवा के साथ साझा किए सुख-दुःख

कार्यक्रम के दौरान भजन एवं देशभक्ति गीत प्रस्तुत किए गए। परिषद की बहनों ने बुजुर्ग भाई-बहनों के साथ आत्मीय संवाद करते हुए उनके सुख-दुःख साझा किए। आयोजन ने वृद्धाश्रम में पारिवारिक अपनत्व और भावनात्मक जुड़ाव का वातावरण बनाया।

वर्षों से निरंतर चल रहा स्थायी प्रकल्प

आस्था वृद्धाश्रम में राखी पर्व मनाने का यह प्रकल्प परिषद द्वारा पिछले 20–25 वर्षों से निरंतर संचालित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य बुजुर्ग भाई-बहनों के साथ पर्व की खुशियां साझा करना और उन्हें परिवार जैसा स्नेह एवं अपनत्व प्रदान करना है।

तकिये के गिलाफ भी किए भेंट

केंद्रीय सचिव एवं प्रांतीय उपाध्यक्ष मधु जी जैन काला द्वारा बुजुर्ग भाई-बहनों को तकिये के गिलाफ भी भेंट किए गए। वहीं शशि जैन एवं उनके परिवार का आयोजन में विशेष सहयोग रहा। उनके सक्रिय सहयोग एवं सहभागिता से कार्यक्रम व्यवस्थित एवं आत्मीय वातावरण में सम्पन्न हुआ।

परिषद की बहनों की रही सहभागित

कार्यक्रम आशा जी विनायका, राष्ट्रीय परामर्शक एवं संरक्षिका तथा निर्मला जी जैन, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष के सानिध्य में आयोजित हुआ। इस अवसर पर केंद्रीय एवं प्रांतीय उपाध्यक्ष पुष्पा जी कटारिया, संभाग अध्यक्ष मुक्ता जी जैन, पुष्पा जी काला, स्मृति जी सहित परिषद की बहनों की उपस्थिति रही।

सेवा और संवेदना का संदेश

कार्यक्रम की संयोजक केंद्रीय एवं प्रांतीय उपाध्यक्ष शशि जैन, इंदौर रहीं। राखी पर्व के माध्यम से परिषद की बहनों ने बुजुर्गों के प्रति सम्मान, सेवा, संवेदना और आत्मीयता का संदेश दिया। आयोजन में पर्व की खुशियों को समाज के उन लोगों तक पहुंचाने का भाव दिखाई दिया, जिन्हें पारिवारिक स्नेह की विशेष आवश्यकता होती है।