दसलक्षण महापर्व के प्रथम दिन क्षमा धर्म पर प्रवचन : क्षमा मानवीय जीवन की आधारशिला है – मुनि श्री गुरुदत्त सागर
महरौनी में दसलक्षण महापर्व की शुरुआत श्री अजितनाथ दिगंबर जैन मंदिर में हुई। मुनि श्री गुरुदत्त सागर ने क्षमा धर्म को जीवन की आधारशिला बताया और क्रोध त्यागने का संदेश दिया। मुनि श्री मेघदत्त सागर ने कहा कि क्षमा से रिश्तों में सुधार और आध्यात्मिक प्रगति संभव है। पढ़िए राजीव सिंघई
महरौनी • Shreephal Jain News • 29-08-2025, 03:19 am




















