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	<title>Panchkalyanak Mahotsav  श्रीफल जैन न्यूज &#8211; श्रीफल जैन न्यूज़</title>
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		<title>रजत जिनबिंबों की ढलाई के साक्षी बने श्रद्धालु : आदिनाथ जिनालय में 9 से 14 फरवरी तक होने वाले पंचकल्याणक महोत्सव के साथ विराजेंगी प्रतिमाएं </title>
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		<pubDate>Mon, 20 Jan 2025 06:32:15 +0000</pubDate>
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					<description><![CDATA[ साक्षी परिसर विद्याधाम में रविवार को जुटे जैन धर्मावलंबियों के लिए कभी न भूलने वाला और भक्तिभाव से रोमांचित करने वाला था। यहां एक साथ तीन पीढ़ियों ने 11 किलो चांदी की प्रतिमा को अपनी आंखों से ढलते देखा। श्रद्धा और भक्ति से अभिभूत जयकारों में डूबे परिसर में मौजूद लोगों का कहना था- हमारे [&#8230;]]]></description>
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<p><strong> साक्षी परिसर विद्याधाम में रविवार को जुटे जैन धर्मावलंबियों के लिए कभी न भूलने वाला और भक्तिभाव से रोमांचित करने वाला था। यहां एक साथ तीन पीढ़ियों ने 11 किलो चांदी की प्रतिमा को अपनी आंखों से ढलते देखा। श्रद्धा और भक्ति से अभिभूत जयकारों में डूबे परिसर में मौजूद लोगों का कहना था- हमारे लिए आज का दिन ऐतिहासिक ही नहीं बल्कि कभी न भूलने वाला भी है। <span style="color: #ff0000">पढ़िए यह विशेष रिपोर्ट&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>ग्वालियर।</strong> साक्षी परिसर विद्याधाम में रविवार को जुटे जैन धर्मावलंबियों के लिए कभी न भूलने वाला और भक्तिभाव से रोमांचित करने वाला था। यहां एक साथ तीन पीढ़ियों ने 11 किलो चांदी की प्रतिमा को अपनी आंखों से ढलते देखा। श्रद्धा और भक्ति से अभिभूत जयकारों में डूबे परिसर में मौजूद लोगों का कहना था- हमारे लिए आज का दिन ऐतिहासिक ही नहीं बल्कि कभी न भूलने वाला भी है। हम और हमारे बच्चे जिन भगवान की जीवन भर पूजा करते हैं, आज उनका निर्माण होते देखा है। ग्वालियर में पहली बार रजत जिनबिंवों की ढलाई के दौरान तप्त भट्टी में श्रद्धालुओं ने अपनी सामर्थ्य के अनुसार सोना-चांदी आदि धातुएं भी अर्पित कीं। भट्टी की मिट्टी में से जब पहले भगवान आदिनाथ और उनके बाद पार्श्वनाथ की प्रतिमा निकली तो पूरा विद्याधाम परिसर जयकारों से गूंज उठा। ये भगवान की यह प्रतिमा सिरौल में बन रहे आदिनाथ जिनालय में 9 से 14 फरवरी तक होने वाले पंचकल्याणक महोत्सव के साथ विराजेंगी। जैन धर्म के अनुसार आज भगवान का निर्माण हुआ है और पंच कल्याणक महोत्सव के दौरान निर्वाण की प्रक्रिया पूरी होगी।</p>
<p><strong>पंचकल्याणक के साथ विराजेंगे जिनबिंब</strong></p>
<p>जिनबिंव आयोजन समिति के राजकुमार, धार्मिक अनुष्ठान करा रहे दीपक भैया डेहरका व आशीष भैया के अनुसार जिन रजत प्रतिमाओं को आकार दिया गया, उन्हें 9 से 14 फरवरी तक पंचकल्याणक महोत्सव के बाद भगवान आदिनाथ जिनालय में विराजेंगे। यहां भगवान पारसनाथ की सवा चार फीट ऊंची प्रतिमा स्थापित होगी । ललित जैन के अनुसार महोत्सव में प्रभु एवं आचार्यों को आमंत्रण के लिए साठ से अधिक मंदिरों के अध्यक्षों ने मोरपंख से कुमकुम पत्रिका का लेखन किया। प्रथम पत्रिका राजेश जैन ने आचार्य विद्यासागर जी के नाम पर लिखी। श्रावकों ने सम्मेद शिखर, गिरनार, पावापुरी, चंपापुरी, नैनागिरी, सोनागिर, खंडगिरि, अडिन्दा, अन्देश्वर पार्श्वनाथ को निमंत्रित किया।</p>
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		<title>लेजर शो भी होगा : आचार्यश्री की स्मृति में सजेगी एक शाम गुरुवर के नाम </title>
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		<pubDate>Sun, 24 Mar 2024 11:14:16 +0000</pubDate>
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					<description><![CDATA[श्रमण संस्कृति के महामहिम एवं समाधिस्थ आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के प्रति गुरु भक्त परिवार के तत्वाधान एवं वाणी भूषण, बाल ब्रह्मचारी, प्रतिष्ठाचार्य श्री विनय भैया जी (बंडा) के निर्देशन मेंआज संध्या 7. 30 बजे दलाल बाग छत्रपति नगर में चल रहे पंचकल्याणक महोत्सव के पंडाल में एक शाम गुरुवर के नाम का आयोजन [&#8230;]]]></description>
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<p><strong>श्रमण संस्कृति के महामहिम एवं समाधिस्थ आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के प्रति गुरु भक्त परिवार के तत्वाधान एवं वाणी भूषण, बाल ब्रह्मचारी, प्रतिष्ठाचार्य श्री विनय भैया जी (बंडा) के निर्देशन मेंआज संध्या 7. 30 बजे दलाल बाग छत्रपति नगर में चल रहे पंचकल्याणक महोत्सव के पंडाल में एक शाम गुरुवर के नाम का आयोजन किया गया है। <span style="color: #ff0000">पढ़िए राजेश जैन दद्दू की रिपोर्ट&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>इंदौर।</strong> श्रमण संस्कृति के महामहिम एवं समाधिस्थ आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के प्रति गुरु भक्त परिवार के तत्वाधान एवं वाणी भूषण, बाल ब्रह्मचारी, प्रतिष्ठाचार्य श्री विनय भैया जी (बंडा) के निर्देशन मेंआज संध्या 7. 30 बजे दलाल बाग छत्रपति नगर में चल रहे पंचकल्याणक महोत्सव के पंडाल में एक शाम गुरुवर के नाम का आयोजन किया गया है, जिसमें आचार्य श्री के व्यक्तित्व पर केंद्रित एक विशेष लेजर शो प्रदर्शित किया जाएगा। वरिष्ठ पत्रकार -संपादक एवं लेखक कीर्ति राणा एवं मोटिवेशन स्पीकर के रूप में चर्चित युवा विचारक उन्नित झांझरी और दिगंबर जैन समाज के वरिष्ठ समाजसेवी एवं आचार्य श्री के प्रति समर्पित गुरु भक्त आजाद कुमार जैन बीड़ीवाले आचार्यश्री के संबंध में अपने विचार एवं संस्मरण सुनाएंगे। इस अवसर पर प्रसिद्ध रॉक स्टार किशोर फेम फिल्म गायक चिंतन बाकीवाला गीत के माध्यम से गुरु वंदना एवं आचार्य श्री के प्रति सदैव समर्पित रहे प्रख्यात कवि चंद्रसेन जैन भोपाल कुछ चुनिंदा कविताओं के माध्यम से काव्यात्मक विन्यांजलि प्रस्तुत करेंगे।</p>
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		<title>13 जनवरी से शुरू होगा पंचकल्याणक : महोत्सव तब होते हैं, जब पुण्य गाढ़ा हो जाता है- मुनि विमल सागर </title>
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		<pubDate>Sat, 13 Jan 2024 09:36:10 +0000</pubDate>
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					<description><![CDATA[ श्री आदिनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र जिननाथपुरम, खुणादरी में मुनि विमल सागर, मुनि अनंत सागर, मुनि धर्म सागर, मुनि भाव सागर महाराज एवं आर्यिका पूर्णमति माताजी ससंघ के सानिध्य में प्रतिष्ठाचार्य ब्रह्मचारी सम्राट भैया के निर्देशन में 13 से 19 जनवरी तक पंचकल्याणक महोत्सव आयोजित किया जाएगा। पढ़िए यह विशेष रिपोर्ट&#8230; डूंगरपुर। श्री आदिनाथ दिगंबर [&#8230;]]]></description>
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<p><strong> श्री आदिनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र जिननाथपुरम, खुणादरी में मुनि विमल सागर, मुनि अनंत सागर, मुनि धर्म सागर, मुनि भाव सागर महाराज एवं आर्यिका पूर्णमति माताजी ससंघ के सानिध्य में प्रतिष्ठाचार्य ब्रह्मचारी सम्राट भैया के निर्देशन में 13 से 19 जनवरी तक पंचकल्याणक महोत्सव आयोजित किया जाएगा। <span style="color: #ff0000;">पढ़िए यह विशेष रिपोर्ट&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>डूंगरपुर।</strong> श्री आदिनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र जिननाथपुरम, खुणादरी में मुनि विमल सागर, मुनि अनंत सागर, मुनि धर्म सागर, मुनि भाव सागर महाराज एवं आर्यिका पूर्णमति माताजी ससंघ के सानिध्य में प्रतिष्ठाचार्य ब्रह्मचारी सम्राट भैया के निर्देशन में 13 से 19 जनवरी तक पंचकल्याणक महोत्सव आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर बीते शुक्रवार को धर्म सभा का आयोजन हुआ। इस अवसर पर धर्मसभा को संबोधित करते हुए मुनि विमल सागर ने कहा कि आप लोगों के प्रबल पुण्य का उदय आ गया। श्रद्धा, समर्पण भक्ति के साथ इस कार्य को करना है, इस कार्य की खुशबू पूरे विश्व में फैल जाए। यह 511 वर्ष प्राचीन प्रतिमा है। 500 वर्ष बाद यह महोत्सव हो रहा है। यह महोत्सव जब होते हैं, जब पुण्य गाढ़ा होता है। धर्म की महिमा अपार है, संसार के दुखों से ऊपर जो उठा देता है वह धर्म है। सभी प्राणी जीना चाहते है। यह प्रतिमा महाअतिशयकारी होकर भारत की एक ही प्रतिमा है। इस क्षेत्र में रथोत्सव देखने को मिलेगा।</p>
<p><strong>पूरे विश्व से दर्शन करने आएंगे लोग</strong></p>
<p>वहीं मुनि भावसागर महाराज ने कहा कि यहां नवीन मंदिर में प्रभु की प्रतिमा विराजमान होगी। यहां भगवान कैसे बनते हैं, यह जीवंत दिखाया जाएगा। यहां गौशाला का भी निर्माण होगा। पूरे विश्व के लोग दर्शन करने आएंगे। यहां एक महिला पुलिस अधिकारी की मनोकामना पूर्ण हुई थी। यह अतिशयकारी प्रतिमा है। इस क्षेत्र के निमित्त से सभी को रोजगार मिलेगा। आर्यिका पूर्णमति माताजी ने कहा कि आप सौभाग्यशाली हैं, जो दर्शन हो रहे हैं। खुणादरी अब जिननाथपुरम नाम से जाना जाएगा। कोने में पहाड़ होने से खुणादरी कहते हैं। सभी गांव के लोगों का पुण्य होने से दर्शन हो रहे हैं तथा भावनाओं से दर्शन होगे। यहां 6 दिन तक मेला लगेगा, भीड़ आएगी। मुनिवर तपस्वी हैं, आए दिन यहां चमत्कार घटित होते रहते हैं। सभी धर्म के लोगों को ईश्वर के प्रति श्रद्धा रहती है।</p>
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		<title>पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव के लिए श्रीफल भेंट किया :  साधु के आने-जाने का कोई ठिकाना नहीं होता, वह तो हवा के समान-  मुनि सुधासागर </title>
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		<pubDate>Tue, 21 Nov 2023 10:29:56 +0000</pubDate>
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					<description><![CDATA[नगर में होने वाले पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव में आगमन और चातुर्मास के लिए जैन समाजजनों ने आचार्य विद्यासागरजी महाराज के शिष्य मुनि पुंगव सुधा सागरजी महाराज को श्रीफल भेंट किया। बड़ोदिया से 108 सदस्यीय दल आगरा पहुंचा। पढ़िए यह विशेष रिपोर्ट&#8230;. बड़ोदिया। नगर में होने वाले पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव में आगमन और चातुर्मास [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p><span style="color: #000000;">नगर में होने वाले पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव में आगमन और चातुर्मास के लिए जैन समाजजनों ने आचार्य विद्यासागरजी महाराज के शिष्य मुनि पुंगव सुधा सागरजी महाराज को श्रीफल भेंट किया। बड़ोदिया से 108 सदस्यीय दल आगरा पहुंचा। <span style="color: #ff0000;">पढ़िए यह विशेष रिपोर्ट&#8230;.</span></span></p>
<p>बड़ोदिया। नगर में होने वाले पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव में आगमन और चातुर्मास के लिए जैन समाजजनों ने आचार्य विद्यासागरजी महाराज के शिष्य मुनि पुंगव सुधा सागरजी महाराज को श्रीफल भेंट किया। बड़ोदिया से 108 सदस्यीय दल आगरा पहुंचा, जहां मुनि सुधा सागरजी से भेंट कर बताया कि बड़ोदिया में सफेद पत्थर से जैन मंदिर बनाया गया है। मुकेश खोड़निया व आशीष तलाटी ने बताया कि वागड़ के जैन समाजजनों ने मुनिश्री के चरण पक्षालन कर खुशहाली की कामना की। केसरीमल खोड़निया व कांतिलाल खोड़निया ने बड़ोदिया में होने वाले पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव में पधारने के लिए मुनि पुंगव सुधा सागरजी से आग्रह किया तो उन्होंने कहा कि दस दिन में 250 किमी तय कर चातुर्मासस्थल पहुंच सकते हैं तो ये 700 किमी की<br />
दूरी कोई मायने नहीं रखती है। 30 दिन में 700 किमी भी तय कर बड़ोदिया आ सकते हैं। बस, हमारे गुरु आचार्य विद्यासागरजी महाराज की जो आज्ञा आती है, उसके अनुसार हमारा विहार होगा। मुनि श्री ने कहा कि साधु के आने और जाने का कोई ठिकाना नहीं है। साधु हवा के समान है, हवा का कोई भरोसा नहीं, इसलिए न साधु को छोड़कर हताश हो और न साधु पर विश्वास करो। बस अपने संकल्पों में विश्वास रखो। वागड़ से गए जैन समाजजनों को संबोधित करते हुए मुनि पुंगव सुधा सागरजी ने कहा कि ये वागड़ के वागड़िया हैं। बड़ोदिया वाले हैं। मैं वागड़ से पीठ करके आगरा की तरफ हूं लेकिन यह कहते हैं कि हम पीठ को ही मुख में बदलने की चेष्टा करते हैं। अभी मुनि की पीठ बड़ोदिया की ओर है। बड़ोदिया समेत वागड़वासी उस पीठ को सम्मुख में बदलने की चेष्ठा कर रहे हैं। बड़ोदियावासियों की पीठ को सम्मुख में बदलने की बड़ी भावना है। मुनि ने पूरे बड़ोदिया समाज को आशीर्वाद दिया। देश विदेश में प्रख्यात रहे मोटिवेशन प्रमुख उज्जवल पाटनी ने सुधा नाम के अंग्रेजी के पांच अक्षरों में ही जिंदगी का सार बताया। आगरा में राजेश तलाटी, सीमा तलाटी, आशीष तलाटी समेत 108 सदस्यों को गुरु पूजन का सौभाग्य मिला।</p>
<p><strong>ये भी रहे मौजूद</strong></p>
<p>इस दौरान अमृतलाल खोड़निया, मगनलाल खोड़निया, मीठालाल खोड़निया, सोहनलाल दोसी, महिपाल खोड़निया, जयंतीलाल जैन, बसंतलाल जैन, सुरेश चंद्र तलाटी, रमेश चंद्र तलाटी, पं. विजय कुमार शास्त्री, सूर्यकरण खोड़निया, धनपाल खोड़णिया, सुशील खोड़निया आदि मौजूद रहे।</p>
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		<title>श्रीमज्जिनेन्द्र पंचकल्याणक जिनबिम्ब प्रतिष्ठा एवं मानस्तम्भ महामस्तकाभिषेक : महोत्सव में हुई गर्भ कल्याणक उत्तर रूप की क्रियाएं </title>
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		<pubDate>Fri, 16 Jun 2023 13:32:15 +0000</pubDate>
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					<description><![CDATA[हरीपर्वत स्थित श्री महावीर दिगंबर जैन इंटर कॉलेज ग्राउंड अयोध्या नगरी में आगरा दिगंबर जैन परिषद के तत्वावधान एवं मुनि श्री साक्ष्य सागर जी महाराज ससंघ के मंगल सानिध्य में श्री मज्जिनेन्द्र आदिनाथ जिनबिम्ब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा एवं मानस्तंभ महा मस्तकाभिषेक महोत्सव का आयोजन चल रहा है। पढ़िए शुभम जैन की रिपोर्ट&#8230; आगरा। हरीपर्वत स्थित श्री [&#8230;]]]></description>
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<p><strong>हरीपर्वत स्थित श्री महावीर दिगंबर जैन इंटर कॉलेज ग्राउंड अयोध्या नगरी में आगरा दिगंबर जैन परिषद के तत्वावधान एवं मुनि श्री साक्ष्य सागर जी महाराज ससंघ के मंगल सानिध्य में श्री मज्जिनेन्द्र आदिनाथ जिनबिम्ब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा एवं मानस्तंभ महा मस्तकाभिषेक महोत्सव का आयोजन चल रहा है। <span style="color: #ff0000;">पढ़िए शुभम जैन की रिपोर्ट&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>आगरा।</strong> हरीपर्वत स्थित श्री महावीर दिगंबर जैन इंटर कॉलेज ग्राउंड अयोध्या नगरी में आगरा दिगंबर जैन परिषद के तत्वावधान एवं चर्या शिरोमणि आचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज के परम शिष्य मुनि श्री साक्ष्य सागर जी महाराज ससंघ के मंगल सानिध्य में श्री मज्जिनेन्द्र आदिनाथ जिनबिम्ब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा एवं मानस्तंभ महा मस्तकाभिषेक महोत्सव का आयोजन चल रहा है। इसमें दूसरे दिन 15 जून को भक्तों ने गर्भ कल्याणक उत्तर रूप का शुभारंभ नित्यमह पूजा, सौधर्म इन्द्र द्वारा अपने साथी इन्द्रों के साथ भगवान का जिन अभिषेक एवं शतिधारा के साथ किया। तदोपरान्त नृत्य और संगीत के साथ सभी पात्रों ने गर्भकल्याणक की पूजा तथा हवन किया गया।</p>
<p><img fetchpriority="high" decoding="async" class="alignnone size-full wp-image-46320" src="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0037.jpg" alt="" width="1021" height="567" srcset="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0037.jpg 1021w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0037-300x168.jpg 300w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0037-768x426.jpg 768w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0037-215x120.jpg 215w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0037-990x550.jpg 990w" sizes="(max-width: 1021px) 100vw, 1021px" /></p>
<p>उसके पश्चात् आगरा दिगम्बर जैन परिषद के पदाधिकारियों द्वारा मुनिश्री को श्रीफल भेंटकर मंगल आशीर्वाद प्राप्त किया। कार्यक्रम के मध्य में मुनि श्री साक्ष्यसागर जी महाराज मुनि, श्री निवृत्तसागर जी महाराज व मुनिश्री योग्यसागर जी महाराज ने धर्मसभा को सम्बोधित करते हुए भक्तों से कहा कि जैसे संस्कार मिलते हैं वैसी ही आकृति उत्पन्न होती है। जैसी आकृति उत्पन्न होती है, वैसा ही अनुभव प्रारम्भ हो जाता है। माता-पिताओं से कहा कि अपने बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ व्यावहारिक ज्ञान देने की आवश्यकता है। हर मां को अपने बेटे-बेटियों को संस्कार और घर के कार्य में बचपन से ही दक्ष करना चाहिए। उन्होंने वर्तमान परिवार व्यवस्था पर प्रहार करते हुए कहा कि एक संतान नहीं करें। एक संतान देश समाज धर्म की और घर की सेवा नहीं कर सकती&#8230; ऐसा सोचो। संस्कार घर से प्रारम्भ होते हैं, स्वस्थ संस्कारी बच्चे अपने आप में ही ज्ञानी होते हैं। उन्होंने भ्रूण हत्या न करने का भी उपदेश दिया। उन्होंने कहा कि भ्रूण हत्या करने वाले परिवार पर आजीवन सूतक रहता है। वह मंदिर जाने के लायक नहीं, जिनभक्ति करने लायक नहीं है और मुनियों को आहार देने के भी लायक नहीं है। उन्होंने कहा कि जन्म दो बच्चों को और न पाल सको तो मंदिर के द्वार पर, धर्म के द्वार पर डाल दो, पर बच्चे को जन्म दो। दोपहर 1:00 बजे से गोद भराई तीर्यमंडल पूजा, आचार्यश्री के प्रवचन, दोपहर 4:45 बजे से नवीन वेदी शुद्धि एवं वेदी संस्कार, सायं 7:40 बजे मंगल आरती एवं प्रवचन तथा रात्रि 8:40 बजे महाराज नाभिराय का दरबार, राज्य व्यवस्था, स्वप्नों का फलादेश, माता मरूदेवी की सेवा, आरती, गीत, नृत्य, तत्वचर्चा, छप्पन कुमारियों द्वारा भेंट समर्पण आदि कार्यक्रम की नाट्य रूपांतर क्रियाओं का सौरभ जैन एण्ड पार्टी, जबलपुर द्वारा आर्कषक मंचन द्वारा प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम का संचालन मनोज जैन द्वारा किया गया।</p>
<p><img decoding="async" class="alignnone size-full wp-image-46321" src="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0038.jpg" alt="" width="624" height="682" srcset="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0038.jpg 624w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2023/06/IMG-20230616-WA0038-274x300.jpg 274w" sizes="(max-width: 624px) 100vw, 624px" /></p>
<p><strong>ये रहे मौजूद</strong></p>
<p>कार्यक्रम में मुख्य रूप से प्रदीप जैन पीएनसी, हीरालाल बैनाडा, पुष्पेंद्र जैन, जितेन्द्र जैन, अध्यक्ष जगदीश प्रसाद जैन, महामंत्री सुनील जैन ठेकेदार, अर्थमंत्री राकेश जैन परदेवाले, मुख्य संयोजक मनोज जैन, अनन्त जैन, मीडिया प्रभारी आशीष जैन मोनू, मनीष जैन ठेकेदार, विमल जैन, शैलेन्द्र जैन रपरिया, मुकेश जैन रपरिया, राकेश जैन बजाज, अनिल जैन एफसीआई, सुभाषचंद जैन, सुशील जैन, अनिल जैन रईस, रमेशचंद जैन, शुभम जैन, पंकज जैन, राहुल जैन, अक्षय जैन, राजकुमार जैन, दीपक जैन, अरुण जैन छोटू, अंजलि जैन, उषा जैन, मनोरमा जैन, शशि पाटनी आदि लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन मनोज जैन बाकलीवाल और सत्येंद्र जैन द्वारा किया गया।</p>
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