<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>पुनर्वास कॉलोनी &#8211; श्रीफल जैन न्यूज़</title>
	<atom:link href="https://www.shreephaljainnews.com/tag/%E0%A4%AA%E0%A5%81%E0%A4%A8%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B8-%E0%A4%95%E0%A5%89%E0%A4%B2%E0%A5%8B%E0%A4%A8%E0%A5%80/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.shreephaljainnews.com</link>
	<description>ताज़ा खबरे हिन्दी में</description>
	<lastBuildDate>Wed, 01 Jul 2026 15:02:48 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=7.0.2</generator>

<image>
	<url>https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2022/09/cropped-shri-32x32.png</url>
	<title>पुनर्वास कॉलोनी &#8211; श्रीफल जैन न्यूज़</title>
	<link>https://www.shreephaljainnews.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>पुनर्वास कॉलोनी सागवाड़ा में गुरु-शिष्य महामिलन ने भावविभोर किया : वैज्ञानिक धर्माचार्य कनकनंदी जी एवं मुनि आज्ञासागर जी का वात्सल्यपूर्ण मिलन बना आकर्षण </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/punarvas_colony_sagwara_me_guru_shishya_mahamilan/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/punarvas_colony_sagwara_me_guru_shishya_mahamilan/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 01 Jul 2026 15:02:48 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Guru Disciple Reunion]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Muni Agyasagar Ji]]></category>
		<category><![CDATA[Pratishtha Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[Rehabilitation Colony]]></category>
		<category><![CDATA[Rekha Jain]]></category>
		<category><![CDATA[sagwara]]></category>
		<category><![CDATA[Scientific Dharmacharya Kanaknandi Ji]]></category>
		<category><![CDATA[गुरु-शिष्य मिलन]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन सोसायटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[पुनर्वास कॉलोनी]]></category>
		<category><![CDATA[प्रतिष्ठा महोत्सव English Tags Shreephal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[मुनि आज्ञासागर जी]]></category>
		<category><![CDATA[रेखा जैन]]></category>
		<category><![CDATA[वैज्ञानिक धर्माचार्य कनकनंदी जी]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[सागवाड़ा]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=108804</guid>

					<description><![CDATA[सागवाड़ा की पुनर्वास कॉलोनी में वैज्ञानिक धर्माचार्य कनकनंदी जी गुरुदेव एवं उनके शिष्य मुनि आज्ञासागर जी का भावपूर्ण मिलन श्रद्धालुओं के लिए अविस्मरणीय बन गया। दो दिवसीय प्रतिष्ठा महोत्सव से पूर्व हुए इस गुरु-शिष्य मिलन ने सभी को भावविभोर कर दिया। पढ़िए श्रीफल साथी अजीत कोठिया डडूका (बांसवाड़ा, राजस्थान) की यह रिपोर्ट। सागवाड़ा। पुनर्वास कॉलोनी [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>सागवाड़ा की पुनर्वास कॉलोनी में वैज्ञानिक धर्माचार्य कनकनंदी जी गुरुदेव एवं उनके शिष्य मुनि आज्ञासागर जी का भावपूर्ण मिलन श्रद्धालुओं के लिए अविस्मरणीय बन गया। दो दिवसीय प्रतिष्ठा महोत्सव से पूर्व हुए इस गुरु-शिष्य मिलन ने सभी को भावविभोर कर दिया। <span style="color: #ff0000">पढ़िए श्रीफल साथी अजीत कोठिया डडूका (बांसवाड़ा, राजस्थान) की यह रिपोर्ट।</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>सागवाड़ा।</strong> पुनर्वास कॉलोनी में आयोजित दो दिवसीय प्रतिष्ठा महोत्सव से पूर्व विश्व वंदनीय वैज्ञानिक धर्माचार्य कनकनंदी जी गुरुदेव एवं उनके शिष्य मुनि श्री आज्ञासागर जी का वात्सल्यपूर्ण मिलन श्रद्धालुओं के लिए अत्यंत भावुक एवं प्रेरणादायी क्षण बन गया। गुरु-शिष्य के इस मिलन को देखकर उपस्थित श्रावक-श्राविकाएं भावविभोर हो उठीं।</p>
<p><strong>गुरु चरणों में उमड़ा अपार वात्सल्य</strong></p>
<p>आचार्य श्री अपने शिष्य की अगवानी के लिए निकले थे, तभी मार्ग में दोनों का मिलन हो गया। मुनि श्री आज्ञासागर जी ने गुरु के श्रीचरणों में साष्टांग वंदना की। भावविह्वल होकर उनके नेत्रों से अश्रुधारा बह निकली। गुरुदेव के बार-बार आग्रह करने के बाद ही वे उठे और तीन प्रदक्षिणा कर पुनः विनयपूर्वक नमोस्तु किया। इसके पश्चात आचार्य श्री ने अपने प्रिय शिष्य को स्नेहपूर्वक आलिंगन दिया। इस वात्सल्यपूर्ण दृश्य ने उपस्थित श्रद्धालुओं को भावुक कर दिया।</p>
<p><strong>साधना और गुरु कृपा का मिला संदेश</strong></p>
<p>श्रद्धालुओं को बताया गया कि गत चातुर्मास के दौरान चावंड में मुनि श्री आज्ञासागर जी अस्वस्थ हो गए थे। उस समय गुरुदेव के आशीर्वाद, मंत्रोच्चारण एवं मार्गदर्शन से उन्हें स्वास्थ्य लाभ प्राप्त हुआ। उनके सरल स्वभाव, साधना और सेवा भावना की भी उपस्थित जनों ने सराहना की।</p>
<p><strong>संघ का हुआ आत्मीय मिलन</strong></p>
<p>इस अवसर पर आर्यिका सु-प्रज्ञाश्री माताजी ने भी अपने दीक्षा गुरु से आशीर्वाद प्राप्त किया। संघ के मुनि श्री सुविज्ञ सागर जी, अध्यात्मनंदी जी, सौम्यनंदी जी, आर्यिका सुवत्सलमति माताजी, भक्तिश्री क्षुल्लिका सहित समस्त संघ ने गुरुदेव के साथ वात्सल्यपूर्ण समाचारी की। सिद्धि रेजिडेंसी से पुनर्वास कॉलोनी तक श्रद्धालुओं में प्रतिष्ठा महोत्सव को लेकर विशेष उत्साह दिखाई दिया।</p>
<p><strong>आचार्य श्री ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) पर रखे विचार</strong></p>
<p>अपने उद्बोधन में आचार्य श्री ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के संदर्भ में भी विचार व्यक्त किए। उन्होंने बताया कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से उनके साहित्य, प्रवचनों एवं काव्य का व्यापक अध्ययन और विश्लेषण किया जा रहा है। उन्होंने इस बात पर आश्चर्य व्यक्त किया कि तकनीकी माध्यम उनके साहित्य की व्यापक जानकारी प्रस्तुत कर रहे हैं। साथ ही उन्होंने यह भी संकेत दिया कि ज्ञान का वास्तविक उद्देश्य मानव जीवन में विवेक, विनय और आत्मकल्याण की भावना को जागृत करना है।</p>
<p><strong>प्रतिष्ठा महोत्सव को लेकर उत्साह</strong></p>
<p>पुनर्वास कॉलोनी में आयोजित होने वाले दो दिवसीय प्रतिष्ठा महोत्सव को लेकर क्षेत्र के श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह है। बड़ी संख्या में आसपास के गांवों से भी समाजजन पहुंच रहे हैं और आयोजन की तैयारियों में सक्रिय सहभागिता निभा रहे हैं।</p>
<p>कार्यक्रम की जानकारी श्रीमती विजयलक्ष्मी गोदावत, सागवाड़ा द्वारा प्रदान की गई।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/punarvas_colony_sagwara_me_guru_shishya_mahamilan/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पुण्य कर्म के उदय से जीवन में मिलती है दीक्षा: आर्यिका विकाम्या श्री माताजी ने सागवाड़ा में श्री शांतिनाथ महार्चना में दी देशना  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/initiation_in_life_is_achieved_through_the_rise_of_virtuous_deeds/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/initiation_in_life_is_achieved_through_the_rise_of_virtuous_deeds/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 07 Oct 2025 12:29:47 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Aryaka Vikramya Shri Mataji]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Mahabhishek]]></category>
		<category><![CDATA[offering of offerings]]></category>
		<category><![CDATA[Rehabilitation Colony]]></category>
		<category><![CDATA[Shantinath Vidhan Mandap]]></category>
		<category><![CDATA[Shri Shantinath Mahaarchana]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Vimalnath Digambar Jain Temple]]></category>
		<category><![CDATA[अर्घ्य समर्पित]]></category>
		<category><![CDATA[आर्यिका विकाम्या श्री माताजी महामस्तिकाभिषेक]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[पुनर्वास कॉलोनी]]></category>
		<category><![CDATA[महाभिषेक]]></category>
		<category><![CDATA[विमलनाथ दिगम्बर जैन मंदिर]]></category>
		<category><![CDATA[शांतिनाथ विधान मंडप]]></category>
		<category><![CDATA[श्री शांतिनाथ महार्चना]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=92014</guid>

					<description><![CDATA[स्थानीय पुनर्वास कॉलोनी के विमलनाथ दिगम्बर जैन मंदिर के परिसर में मंगलवार को आर्यिका विकाम्या श्री माताजी, आर्यिका विगुंजन श्री माताजी संसघ सानिध्य में दिनेश खोडनिया परिवार द्वारा समाधिस्थ आर्यिका विचित्रा श्री माताजी की स्मृति में एक दिवसीय श्री शांतिनाथ महार्चना विधान प्रतिष्ठाचार्य पंडित विनोद पगारिया विरल के तत्वावधान मे अनेक श्रद्धालुओं की उपस्थिति में [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>स्थानीय पुनर्वास कॉलोनी के विमलनाथ दिगम्बर जैन मंदिर के परिसर में मंगलवार को आर्यिका विकाम्या श्री माताजी, आर्यिका विगुंजन श्री माताजी संसघ सानिध्य में दिनेश खोडनिया परिवार द्वारा समाधिस्थ आर्यिका विचित्रा श्री माताजी की स्मृति में एक दिवसीय श्री शांतिनाथ महार्चना विधान प्रतिष्ठाचार्य पंडित विनोद पगारिया विरल के तत्वावधान मे अनेक श्रद्धालुओं की उपस्थिति में हुआ। <span style="color: #ff0000">सागवाड़ा से पढ़िए, यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>सागवाड़ा</strong>। स्थानीय पुनर्वास कॉलोनी के विमलनाथ दिगम्बर जैन मंदिर के परिसर में मंगलवार को आर्यिका विकाम्या श्री माताजी, आर्यिका विगुंजन श्री माताजी संसघ सानिध्य में दिनेश खोडनिया परिवार द्वारा समाधिस्थ आर्यिका विचित्रा श्री माताजी की स्मृति में एक दिवसीय श्री शांतिनाथ महार्चना विधान प्रतिष्ठाचार्य पंडित विनोद पगारिया विरल के तत्वावधान में अनेक श्रद्धालुओं की उपस्थिति में हुआ। इस अवसर पर मंगलवार प्रातः शांतिनाथ भगवान की प्रतिमा को पांडूक शिला पर विराजित कर प्रतिष्ठाचार्य पगारिया के मंत्रोच्चारण के साथ महाभिषेक किया गया। साथ ही आर्यिका विकाम्या श्री माताजी के मंत्रोच्चारण के साथ विश्व शांति कामनार्थ प्रतिमा पर शांतिधारा की गई। सकलीकरण, इंद्र प्रतिष्ठा, मंडप प्रतिष्ठा, अखंड दीप पंच मंगल कलश स्थापना के बाद नवदेवता पूजा की गई। इसके बाद यजमान खोडनिया तथा उपस्थित श्रद्धालुओं द्वारा शांतिनाथ विधान मंडप पर 125 अष्ट द्रव्य श्रीफल युक्त अर्घ्य समर्पित किए गए। धर्मसभा में आर्यिका विकाम्या श्री माताजी ने कहा कि जीवन मे संयम को धारण करना श्रेष्ठ वृत्ति है। अनंत पुण्य का बंध होने पर जीव को जैनेश्वरी दीक्षा प्राप्त होती है। भूरी बा ने जीवन के अंतिम क्षण में जैनेश्वरी आर्यिका दीक्षा ग्रहण कर विचित्रा श्री नाम प्राप्त कर यम संल्लेखना के साथ अपनी मनुष्य पर्याय को धन्य किया। हम सभी जिनेंद्र भगवान से यही प्रार्थना करते हैं कि हमारा भी जीवन का अंत समाधिमरण से हो।</p>
<p>हमारी अन्तिम यात्रा विमान से निकले ताकि हमारा जीव निकट भव्य बनकर शिवपद को प्राप्त करें। पंच परमेष्ठी भगवान की शांतिनाथ भगवान की आरती की गई। इस अवसर पर सेठ महेश नोगमिया, पुनर्वास कॉलोनी जैन समाज अध्यक्ष नरेंद्र गलालिया, अश्विन बोबडा, सुमतिलाल सरिया, मनोज गलालिया, अशोक शाह, दिनेश जांगा, रमेश भगत, संजय सारगिया, निलेश संघवी, पूर्व पालिकाध्यक्ष नरेंद्र खोडनिया, ट्रस्टी संतोष खोडनिया, बदामीलाल खोडनिया, पूर्वक शाह, वीणा सेठ, साधना कोठारी, पूजा पगारिया, रागिनी गलालिया, उषा खोडनिया, अरुणा, निर्मला खोडनिया उपस्थित थे।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/initiation_in_life_is_achieved_through_the_rise_of_virtuous_deeds/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>आर्यिका विज्ञानमति माताजी ससंघ की मौन साधना उपवास एवं विहार:  ऐसे संतों को सादर नमन </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/silent_meditation_fasting_and_vihara_of_aryaika_vigyanmati_mataji_sangha/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/silent_meditation_fasting_and_vihara_of_aryaika_vigyanmati_mataji_sangha/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 27 May 2025 13:16:34 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Aryika Vigyanmati Mataji Sangh]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[fasting]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Partapur]]></category>
		<category><![CDATA[Rehabilitation Colony]]></category>
		<category><![CDATA[sagwara]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[silent meditation]]></category>
		<category><![CDATA[Vihar]]></category>
		<category><![CDATA[आर्यिका विज्ञानमति माताजी]]></category>
		<category><![CDATA[उपवास]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[परतापुर]]></category>
		<category><![CDATA[पुनर्वास कॉलोनी]]></category>
		<category><![CDATA[मौन साधना]]></category>
		<category><![CDATA[विहार]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[सागवाड़ा]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=81761</guid>

					<description><![CDATA[आर्यिका मां विज्ञानमति का ससंघ वरदा राजस्थान से विहार कर पुनर्वास कॉलोनी सागवाड़ा आना और वहां से विहार कर परतापुर में आयोज्य शिक्षण संस्कार शिविर की ओर बढ़ते कदम तय समय 29 मई तक पहुंचने के। ऐसा मौसम, नंगे पांव तपते डामर पर चलना, दिन में एक बार भोजन, एक ही बार पानी, एक ही [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>आर्यिका मां विज्ञानमति का ससंघ वरदा राजस्थान से विहार कर पुनर्वास कॉलोनी सागवाड़ा आना और वहां से विहार कर परतापुर में आयोज्य शिक्षण संस्कार शिविर की ओर बढ़ते कदम तय समय 29 मई तक पहुंचने के। ऐसा मौसम, नंगे पांव तपते डामर पर चलना, दिन में एक बार भोजन, एक ही बार पानी, एक ही वस्त्र पहनना ये काफी मुश्किल है। <span style="color: #ff0000">डडूका से पढ़िए, यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>डडूका।</strong> नौ तपा की भीषण गर्मी, उमस और लू चलने का दौर, ऐसे में जैन साध्वी आर्यिका मां विज्ञानमति का संसंघ वरदा राजस्थान से विहार कर पुनर्वास कॉलोनी सागवाड़ा आना और वहां से विहार कर परतापुर में आयोज्य शिक्षण संस्कार शिविर की ओर बढ़ते कदम तय समय 29 मई तक पहुंचने के। ऐसा मौसम, नंगे पांव तपते डामर पर चलना, दिन में एक बार भोजन, एक ही बार पानी, एक ही वस्त्र पहनना ये काफी मुश्किल है। असंभव मगर इसे संभव कर रहे हैं हमारे जैन संत। ऐसे संतों को नमन करने और उनके विहार में सम्मिलित होने का सौभाग्य मुझे भी मिला, जब अजीत कोठिया, प्रदीप सेठ, रीतेश शाह, वीरेंद्र एस शाह एवं रॉकी गांधी माताजी के दर्शन करने और श्रीफल भेंट करने डडूका से पुनर्वास कॉलोनी सागवाड़ा पहुंचे।</p>
<p>1008श्री विमलनाथ जिनालय में विराजित विज्ञानमति माताजी संसंघ के दर्शन कर जीवन धन्य हो गया। भगवान शांतिनाथ के जन्म, तप, मोक्ष कल्याणक का दिन, सोमवार चतुर्दशी तिथि होने से माताजी का उपवास और मौन साधना, अब उनके दर्शन तो मिले, आशीर्वाद भी पर बात नहीं हो सकी। काश ऐसी साध्वी तपस्वी, विदुषी माताजी के चातुर्मास का सौभाग्य हमें मिल जाए, हम प्रयत्नशील हैं। इसके लिए हमारे डडूका में हमारे जीवन काल में विगत 90 वर्षों में किसी भी जैन मुनि या माताजी का चातुर्मास नहीं हुआ है।</p>
<p>सभी की यह हार्दिक इच्छा है कि जैन समाज डडूका को इस वर्ष विज्ञान मति माताजी या उनके संघ की किन्हीं साध्वियों के चार्तुमास का सौभाग्य मिले। युवाओं और पंचों की टीमें रोजाना माताजी के विहार में सम्मिलित हो रही हैं। अंकित शाह और समाज के सभी युवा रोजाना इस काम में लगे हैं। समाज अध्यक्ष राजेश शाह के प्रयास इस दिशा में जारी है ओर सभी को आशा ही नहीं पूर्ण विश्वास है कि इस बार डडूका मंे किसी न किसी माताजी का चौमासा होगा। उम्मीद पर दुनिया चलती है, हमारी उम्मीद और प्रयास अवश्य साकार होने वाले हैं ऐसी पूरे दिगंबर जैन समाज डडूका को आशा है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/silent_meditation_fasting_and_vihara_of_aryaika_vigyanmati_mataji_sangha/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव हेतु भूमि पूजन सम्पन्नः 3 से 5 मार्च तक आचार्य सुन्दर सागरजी के सानिध्य में होगा </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/bhoomi_poojan_completed_for_the_pratishtha_festival_of_lord_mahavir_swami_panch_kalyanaka/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/bhoomi_poojan_completed_for_the_pratishtha_festival_of_lord_mahavir_swami_panch_kalyanaka/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 12 Feb 2025 11:46:43 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Acharya Sundar Sagarji]]></category>
		<category><![CDATA[Bhagwan Mahaveer Swami]]></category>
		<category><![CDATA[Bhoomi Poojan]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain Samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Indore श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Panch Kalyanak Pratishtha Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[Pratishthacharya]]></category>
		<category><![CDATA[Punarvas Colony]]></category>
		<category><![CDATA[Sagwada]]></category>
		<category><![CDATA[Sheela Sthapana]]></category>
		<category><![CDATA[shreephal jain news]]></category>
		<category><![CDATA[आचार्य सुन्दर सागरजी]]></category>
		<category><![CDATA[इंदौर]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[दिगम्बर जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[पुनर्वास कॉलोनी]]></category>
		<category><![CDATA[प्रतिष्ठाचार्य]]></category>
		<category><![CDATA[भगवान महावीर स्वामी]]></category>
		<category><![CDATA[भूमि पूजन]]></category>
		<category><![CDATA[शीला स्थापना]]></category>
		<category><![CDATA[सागवाड़ा]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=74384</guid>

					<description><![CDATA[दिगम्बर जैन समाज, सागवाडा तथा पुनर्वास कॉलोनी के संयोजन मे आचार्य सुन्दर सागरजी महाराज ससंघ के सानिध्य में आयोजित होने वाले पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव हेतु भूमि पूंजन आज प्रातः प्रतिष्ठाचार्य के तत्वावधान मे सम्पन्न हुआ। पढ़िए सागवाडा से विनोद पगारिया की यह खबर&#8230; सागवाडा। दिगम्बर जैन समाज, सागवाडा तथा पुनर्वास कॉलोनी के संयोजन मे [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>दिगम्बर जैन समाज, सागवाडा तथा पुनर्वास कॉलोनी के संयोजन मे आचार्य सुन्दर सागरजी महाराज ससंघ के सानिध्य में आयोजित होने वाले पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव हेतु भूमि पूंजन आज प्रातः प्रतिष्ठाचार्य के तत्वावधान मे सम्पन्न हुआ। <span style="color: #ff0000">पढ़िए सागवाडा से विनोद पगारिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>सागवाडा।</strong> दिगम्बर जैन समाज, सागवाडा तथा पुनर्वास कॉलोनी के संयोजन मे सागवाडा नगर के डूगरपुर रोड स्थित वर्धमान सोसायटी में आगामी 3 से 5 मार्च पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव आयोजित किया जा रहा है। आचार्य सुन्दर सागरजी महाराज ससंघ के सानिध्य आयोजित इस पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव हेतु प्रतिष्ठा महोत्सव स्थल वर्धमान सोसायटी मे भूमि पूजन बुधवार को प्रातः प्रतिष्ठाचार्य पंडित विनोद पगारिया विरल के तत्वावधान मे सम्पन्न हुआ।</p>
<p><strong>शिला की स्थापना हुई </strong></p>
<p>जैन युवा मंच के अध्यक्ष वैभव गोवाडिया ने बताया कि इस अवसर पर प्रतिष्ठाचार्य पगारिया द्वारा कार्यक्रम स्थल पर भूमि शुद्धि, मंगलाष्टक, दिगबन्धन, मंगल कलश स्थापना, भूमि पूजा के साथ विधि सम्पन करायी गयी। स्थल पर वेदी निर्माण हेतु शिला की स्थापना धनराज गोवाडिया परिवार द्वारा की गयी।</p>
<p><strong>उपस्थिति वंदनीय रही</strong></p>
<p>इस अवसर पर पवन गोवाडिया, नरेन्द्र, अशोक, विरेन्द्र, सुनील, अमित, रौनक, जश गोवाडिया, शरद बोबडा, देवेन्द्र शाह, अनिल आजणिया, दुष्यन्त सोमपुरा, वासुदेव सुथार सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/bhoomi_poojan_completed_for_the_pratishtha_festival_of_lord_mahavir_swami_panch_kalyanaka/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
