<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी &#8211; श्रीफल जैन न्यूज़</title>
	<atom:link href="https://www.shreephaljainnews.com/tag/%E0%A4%A4%E0%A5%80%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%82%E0%A4%95%E0%A4%B0-%E0%A4%AE%E0%A4%B9%E0%A4%BE%E0%A4%B5%E0%A5%80%E0%A4%B0-%E0%A4%AF%E0%A5%82%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%B5%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%B8/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.shreephaljainnews.com</link>
	<description>ताज़ा खबरे हिन्दी में</description>
	<lastBuildDate>Wed, 22 Apr 2026 12:47:00 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9.4</generator>

<image>
	<url>https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2022/09/cropped-shri-32x32.png</url>
	<title>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी &#8211; श्रीफल जैन न्यूज़</title>
	<link>https://www.shreephaljainnews.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>टीडीएक्स स्पीकर सोनल गोयल ने दिए सफलता के तमाम टिप्स : तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी की लीडरशिप टॉक सीरीज का 19वां सत्र संपन्न  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/tdx_speaker_sonal_goel_shared_numerous_tips_for_success/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/tdx_speaker_sonal_goel_shared_numerous_tips_for_success/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 22 Apr 2026 12:47:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Ascetic]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[From Preparation to Purpose: Lessons from the Civil Services Journey श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[jain monk]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Nun]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Updates]]></category>
		<category><![CDATA[Leadership Talk Series]]></category>
		<category><![CDATA[shreephal jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Teerthanker Mahaveer University]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[फ्रॉम प्रीप्रेशन टू पर्पज़]]></category>
		<category><![CDATA[लीडरशिप टॉक सीरीज]]></category>
		<category><![CDATA[लेशंस फ्रॉम द सिविल सर्विस जर्नी]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=105368</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी की लीडरशिप टॉक सीरीज के 19वें सत्र में फ्रॉम प्रीप्रेशन टू पर्पज़ः लाइफ लेशंस फ्रॉम द सिविल सर्विस जर्नी में त्रिपुरा सरकार सचिव, प्रख्यात लेखिका और टीडीएक्स स्पीकर आईएएस सोनल गोयल ने कहा कि सफलता के लिए स्टुडेंट्स अपनाएं 5सी- क्लैरिटी, करेज, कंविक्शन, कंसिस्टेंसी और कंपैशन फॉर्मूला। मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो. श्यामसुंदर [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी की लीडरशिप टॉक सीरीज के 19वें सत्र में फ्रॉम प्रीप्रेशन टू पर्पज़ः लाइफ लेशंस फ्रॉम द सिविल सर्विस जर्नी में त्रिपुरा सरकार सचिव, प्रख्यात लेखिका और टीडीएक्स स्पीकर आईएएस सोनल गोयल ने कहा कि सफलता के लिए स्टुडेंट्स अपनाएं 5सी- क्लैरिटी, करेज, कंविक्शन, कंसिस्टेंसी और कंपैशन फॉर्मूला। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो. श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद</strong>। त्रिपुरा सरकार में सचिव, प्रख्यात लेखिका और टीडीएक्स स्पीकर आईएएस सोनल गोयल ने कहा कि जीवन में असफलता से डरने की नहीं, बल्कि उसे स्वीकार करते हुए सीखने की जरूरत है। अक्नॉलेजमेंट और एनालिसिस के जरिए व्यक्ति अपनी गलतियों को समझ सकता है और उन्हें सुधार सकता है। असफलता को विकास का साधन बताते हुए बोलीं, जब तक आप खुद हार नहीं मानते, कोई आपको हरा नहीं सकता। उन्होंने स्टुडेंट्स को सफलता के लिए 5सी फॉर्मूला- क्लैरिटी, करेज, कंविक्शन, कंसिस्टेंसी और कंपैशन को अपनाने की सलाह दी। आईएएस गोयल बोलीं, जीवन का उद्देश्य केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि वह समाज की जरूरतों और अपेक्षाओं से भी जुड़ा होना चाहिए। लक्ष्य की स्पष्टता के साथ निरंतर प्रयास और मजबूत आत्मविश्वास ही सफलता की कुंजी है। आईएएस सोनल गोयल तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद की लीडरशिप टॉक सीरीज के 19वें सत्र में फ्रॉम प्रीप्रेशन टू पर्पज़ः लाइफ लेशंस फ्रॉम द सिविल सर्विस जर्नी पर बतौर मुख्य वक्ता बोल रहीं थीं। इससे पूर्व आईएएस सोनल गोयल, डीन एकेडमिक्स प्रो. मंजुला जैन, लॉ एंड लीगल स्टडीज के डीन प्रो. हरबंश दीक्षित, डीन स्टुडेंट वेलफेयर प्रो. एमपी सिंह, प्रो. सुशील कुमार, डॉ. अलका अग्रवाल आदि ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्जवलित करके ऑडी में टॉक सीरीज का शंखनाद किया।</p>
<p><img fetchpriority="high" decoding="async" class="alignnone size-medium wp-image-105372" src="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011-300x181.jpg" alt="" width="300" height="181" srcset="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011-300x181.jpg 300w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011-1024x616.jpg 1024w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011-768x462.jpg 768w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011-1536x924.jpg 1536w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011-990x596.jpg 990w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011-1320x794.jpg 1320w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260422-WA0011.jpg 1600w" sizes="(max-width: 300px) 100vw, 300px" /></p>
<p>प्रख्यात लेखिका एवम् आईएएस सोनल गोयल ने अपने अनुभव साझा करते हुए त्रिपुरा में दूरदराज के इलाकों में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के प्रयास भी विस्तार से बताए। सीमित संसाधनों के बावजूद सहयोग और स्पष्ट उद्देश्य से सकारात्मक बदलाव संभव है। महिला सशक्तिकरण पर कहा, आज भी महिलाओं की राह आसान नहीं है। स्टुडेंट्स को सोशल मीडिया और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का संतुलित उपयोग करने की सलाह देते हुए कहा, इनका इस्तेमाल सहायक उपकरण के रूप में करें, न कि पूरी तरह निर्भर हो जाएं। समय प्रबंधन, मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य, आत्मविश्लेषण और अनुशासन को सफलता का आधार बताते हुए उन्होंने युवाओं को बड़े सपने देखने और उन्हें समाज सेवा से जोड़ने का आह्वान किया। अंत में उन्होंने डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम का उल्लेख करते हुए कहा कि छोटा लक्ष्य रखना एक अपराध है। लॉ एंड लीगल स्टडीज के डीन प्रो. हरबंश दीक्षित ने कहा, जीवन को जिस नजरिए से हम लेते हैं, वही हमें लौटकर मिलता है। अगर हम जिंदगी को गंभीरता से लेंगे, तो जिंदगी भी हमें गंभीरता से लेगी, और अगर हम इसे हल्के में लेंगे, तो परिणाम भी वैसा ही होगा। उन्होंने बताया, किताबों से ज्ञान तो मिलता है, लेकिन व्यावहारिक समझ नहीं मिलती। यह सत्र स्टुडेंट्स के लिए वास्तविक जीवन के मार्गदर्शन जैसा है। टॉक सीरीज में टिमिट, लॉ कॉलेज, फिजिकल एजुकेशन और फाइन आर्ट्स कॉलेज के स्टूडेंट्स आदि मौजूद रहे। संचालन असिस्टेंट डायरेक्टर एकेडमिक्स डॉ. नेहा आनंद ने किया।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/tdx_speaker_sonal_goel_shared_numerous_tips_for_success/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>टीएमयू में अक्षय तृतीया पर भगवान श्री आदिनाथ की विशेष पूजा-अर्चना : हरियाना में भक्तामर दीप विधान, जिनालय के बाहर इक्षु रस का वितरण  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/special_worship_of_lord_shri_adinath_at_tmu_on_akshaya_tritiya/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/special_worship_of_lord_shri_adinath_at_tmu_on_akshaya_tritiya/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 21 Apr 2026 16:07:50 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Akshaya Tritiya]]></category>
		<category><![CDATA[Bhaktamar Deep Vidhan]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Distribution of Sugarcane Juice]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Lord Shri Adinath]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Tirthankara Mahavir University]]></category>
		<category><![CDATA[Worship]]></category>
		<category><![CDATA[अक्षय तृतीया]]></category>
		<category><![CDATA[इक्षु रस वितरण]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[पूजा-अर्चना]]></category>
		<category><![CDATA[भक्तामर दीप विधान]]></category>
		<category><![CDATA[भगवान श्री आदिनाथ]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=105332</guid>

					<description><![CDATA[अक्षय तृतीया पर तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के जिनालय से लेकर हरियाना के जैन मंदिर तक आस्था की बयार बही। धार्मिक कार्यक्रमों का शुभारंभ जिनालय में शांतिधारा अभिषेक से हुआ। जिसमें जीवीसी मनीष जैन को भगवान 1008 श्री आदिनाथ का अभिषेक और शांतिधारा का सौभाग्य मिला। मुरादाबाद से पढ़िए, श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230; मुरादाबाद। अक्षय [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>अक्षय तृतीया पर तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के जिनालय से लेकर हरियाना के जैन मंदिर तक आस्था की बयार बही। धार्मिक कार्यक्रमों का शुभारंभ जिनालय में शांतिधारा अभिषेक से हुआ। जिसमें जीवीसी मनीष जैन को भगवान 1008 श्री आदिनाथ का अभिषेक और शांतिधारा का सौभाग्य मिला। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> अक्षय तृतीया पर तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के जिनालय से लेकर हरियाना के जैन मंदिर तक आस्था की बयार बही। धार्मिक कार्यक्रमों का शुभारंभ जिनालय में शांतिधारा अभिषेक से हुआ। जिसमें जीवीसी मनीष जैन को भगवान 1008 श्री आदिनाथ का अभिषेक और शांतिधारा का सौभाग्य मिला। जिनालय में जगमग जगमग आरती कीजै आदिनाथ भगवान की&#8230;आदिनाथ भगवान की आरती हुई। दूसरी ओर प्रशासनिक भवन में चांसलर सुरेश जैन, जीवीसी मनीष जैन और एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर अक्षत जैन के ऑफिस में वास्तु विधान और हवन हुआ। इस अवसर पर फर्स्ट लेडी वीना जैन, ऋचा जैन, जहान्वी जैन, नंदिनी जैन आदि की मौजूदगी रही।</p>
<p><img decoding="async" class="alignnone size-medium wp-image-105335" src="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-300x200.jpg" alt="" width="300" height="200" srcset="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-300x200.jpg 300w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-1024x683.jpg 1024w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-768x512.jpg 768w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-1536x1024.jpg 1536w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-414x276.jpg 414w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-470x313.jpg 470w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-640x426.jpg 640w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-130x86.jpg 130w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-187x124.jpg 187w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-990x660.jpg 990w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016-1320x880.jpg 1320w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260421-WA0016.jpg 1600w" sizes="(max-width: 300px) 100vw, 300px" /></p>
<p>ये सभी अनुष्ठान शिखर जी से आए पंडित ऋषभ जैन शास्त्री के सानिध्य में विधि-विधान से हुए। शाम को कैंपस से दो बसें कुदंरकी के गांव हरियाना के जिनालय को रवाना हुईं। जहां पर 48 दीपों से भक्तामर दीप विधान हुआ। भक्तामर दीप विधान में टीएमयू परिवार के सैकड़ों श्रावक-श्राविकाओं की मौजूदगी रही। उल्लेखनीय है कि अक्षय तृतीया पर भगवान श्री 1008 आदिनाथ जी को हस्तिनापुर में इक्षु रस का प्रथम आहार हुआ था। यह आहार राजा श्रेयांस ने कराया था। टीएमयू में भी श्रावक-श्राविकाओं के लिए इक्षु रस का वितरण किया गया। यह दिवस दान और पुण्य के लिए विशेष महत्व रखता है। कहा जाता है कि अक्षय तृतीया पर किया दान अक्षय फल प्रदान करता है। अक्षय तृतीया पर हुई विशेष पूजा-अर्चना में डॉ. कल्पना जैन, डॉ. रवि जैन, डॉ. अर्चना जैन, प्रो. विपिन जैन, अहिंसा जैन, आदित्य जैन, धार्मिक जैन, प्रयास जैन, सर्वज्ञ जैन, सौम्य दोशी, मोहित जैन, रिदम जैन, प्रभास जैन, आराध्य जैन आदि की भी उपस्थिति रही।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/special_worship_of_lord_shri_adinath_at_tmu_on_akshaya_tritiya/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>टीएमयू एजुकेशन फैकल्टी के कल्चर फेस्ट नवरंग 5.0 का रंगारंग शुभारंभ : नवरंग 5.0 केवल खेलों तक सीमित नहीं रहा, सांस्कृतिक गतिविधियां भी हुईं </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/tmu_faculty_of_educations_cultural_fest_navrang_5-0_inaugurated_with_great_fanfare/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/tmu_faculty_of_educations_cultural_fest_navrang_5-0_inaugurated_with_great_fanfare/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 19 Apr 2026 11:15:26 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Culture Fest Navrang 5.0]]></category>
		<category><![CDATA[Dean Students Welfare]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Tirthankara Mahavir University]]></category>
		<category><![CDATA[TMU Education Faculty]]></category>
		<category><![CDATA[कल्चर फेस्ट नवरंग 5.0]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[टीएमयू एजुकेशन फैकल्टी]]></category>
		<category><![CDATA[डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=105059</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के शिक्षा संकाय में कल्चर फेस्ट नवरंग 5.0 का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के बीच डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर प्रो.एमपी सिंह के बतौर मुख्य अतिथि किया। मुरादाबाद से पढ़िए, यह खबर&#8230; मुरादाबाद। तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के शिक्षा संकाय में कल्चर फेस्ट नवरंग 5.0 का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के शिक्षा संकाय में कल्चर फेस्ट नवरंग 5.0 का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के बीच डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर प्रो.एमपी सिंह के बतौर मुख्य अतिथि किया। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के शिक्षा संकाय में कल्चर फेस्ट नवरंग 5.0 का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के बीच डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर प्रो.एमपी सिंह के बतौर मुख्य अतिथि किया। 21 अप्रैल तक चलने वाले महोत्सव में क्रिकेट, बास्केटबॉल, बैडमिंटन, टैग का वार, शतरंज,कैरम जैसी विविध प्रतियोगिताओं के मूल्यांकन के लिए समय-समय पर अनुभवी निर्णायक मंडल उपस्थित रहा। इस मंडल में नर्सिंग कॉलेज की प्रो. एस.पी. सुभाषिनी, डेंटल कॉलेज की वाइस प्रिंसिपल प्रो. अंकिता जैन, लॉ कॉलेज के प्रिंसिपल प्रो. सुशील कुमार, पैरामेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल प्रो. नवनीत कुमार, प्रो. रुचि कांत, शिक्षा संकाय के प्राचार्य डॉ. विनोद कुमार जैन आदि की उपस्थिति रही। इससे पूर्व डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर प्रो.एमपी सिंह ने क्रिकेट के खिलाड़ियों से परिचय लेकर और बैटिंग करके क्रिकेट का श्रगणेश किया।</p>
<p><strong>व्यक्तित्व को निखारने में अहम भूमिका </strong></p>
<p>बतौर मुख्य अतिथि उद्घाटन उद्बोधन में प्रो. सिंह ने कहा कि नवरंग 5.0 जैसे आयोजन स्टूडेंट्स के समग्र विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेल और सांस्कृतिक गतिविधियाँ स्टूडेंट्स के व्यक्तित्व को निखारने में अहम भूमिका निभाती हैं। नवरंग 5.0 केवल खेलों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सांस्कृतिक गतिविधियां भी शुमार रहीं। इस महोत्सव के अंतर्गत रंगोली, मेहंदी, भाषण, वेस्ट आउट ऑफ बेस्ट और काव्य गोष्ठी जैसी प्रतियोगिताएं भी हुईं, जिनमें स्टूडेंट्स की रचनात्मकता और कलात्मक अभिव्यक्ति का उत्कृष्ट प्रदर्शन देखने को मिला।</p>
<p><strong>समारोह में इनकी रही उपस्थिति</strong></p>
<p>नवरंग समारोह के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम समन्वयक डॉ. सुगंध जैन और खेल समन्वयक डॉ. रवि प्रकाश सिंह के अलावा दीपक मलिक, डॉ. शैफाली जैन, डॉ. पूनम चौहान, डॉ. नाहीद बी, डॉ. हर्ष वर्धन, धर्मेंद्र सिंह, डॉ. रणजीत सिंह, डॉ. सुनील कुमार पाण्डेय, महेश कुमार, डॉ. रूबी शर्मा, डॉ. शिवानी यादव, डॉ. अर्पिता त्रिपाठी, डॉ. पावस कुमार मंडल, शिवांकी रानी आदि की गरिमामयी उपस्थिति रही।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/tmu_faculty_of_educations_cultural_fest_navrang_5-0_inaugurated_with_great_fanfare/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>टीएमयू स्प्लैश की सृजनात्मक प्रस्तुतियों ने जीता दिल : सेलिब्रेशन ऑफ कल्चर, क्रिएटिविटि एंड टैलेंट थीम पर हुआ सांस्कृतिक महोत्सव  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/the_creative_presentations_at_tmu_splash_won_hearts/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/the_creative_presentations_at_tmu_splash_won_hearts/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 18 Apr 2026 17:16:08 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[CCSIT श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[College of Computing Sciences and Information Technology]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Ascetic]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[jain monk]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Nun]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Updates]]></category>
		<category><![CDATA[shreephal jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Teerthanker Mahaveer University]]></category>
		<category><![CDATA[TMU Splash]]></category>
		<category><![CDATA[कॉलेज ऑफ कम्प्यूटिंग साइंसेज़ इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी-सीसीएसआईटी]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[टीएमयू स्प्लैश]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[सीसीएसआईटी]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=105053</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ कम्प्यूटिंग साइंसेज़ एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी-सीसीएसआईटी में सेलिब्रेशन ऑफ कल्चर, क्रिएटिविटि एंड टैलेंट थीम पर सांस्कृतिक महोत्सव स्प्लैश-2026 का आयोजन हुआ। मुरादाबाद से पढ़िए,प्रो. श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230; मुरादाबाद। तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के कॉलेज ऑफ कम्प्यूटिंग साइंसेज़ एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी-सीसीएसआईटी में भव्य एवम् रंगारंग सांस्कृतिक महोत्सव स्प्लैश-2026 में [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ कम्प्यूटिंग साइंसेज़ एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी-सीसीएसआईटी में सेलिब्रेशन ऑफ कल्चर, क्रिएटिविटि एंड टैलेंट थीम पर सांस्कृतिक महोत्सव स्प्लैश-2026 का आयोजन हुआ। मुरादाबाद से पढ़िए,प्रो. श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के कॉलेज ऑफ कम्प्यूटिंग साइंसेज़ एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी-सीसीएसआईटी में भव्य एवम् रंगारंग सांस्कृतिक महोत्सव स्प्लैश-2026 में सेलिब्रेशन ऑफ कल्चर, क्रिएटिविटि एंड टैलेंट थीम पर स्टूडेंट्स ने सांस्कृतिक, कलात्मक और सृजनात्मक प्रस्तुतियों से सभी का दिल जीत लिया। एकल नृत्य में अक्षरा वर्मा विजेता रहीं। युगल हिप-हॉप नृत्य में ऋषभ कश्यप और अंश सिंह विजेता रहे। गायन प्रतियोगिता में देवांश वशिष्ठ ने छूकर मेरे मन को किया तूने क्या इशारा प्रस्तुति से खूब तालियां बटोरीं। कहानी-वाचन में वृंदा अग्रवाल ने मां तुलसी प्रस्तुति से वाहवाही लूटी। वीडियोग्राफी में मोहम्मद फहद, भारतीय संस्कृति क्विज में महक, रंगोली में अनु चौहान, प्रतीक्षा सारस्वत और मिहिका गुप्ता और फोटोबूथ में फैज़ा खुर्रम विजेता रहीं। स्टॉल श्रेणियों में आर्यन चौहान के गोलगप्पे और पापड़ी चाट, विशाल के कामर्शियल बुक स्टॉल और तनिषा शर्मा ने क्रिएटिव हैंडमेड रेजिन उत्पाद में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। इससे पूर्व फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के डीन प्रो. राकेश कुमार द्विवेदी, प्रॉक्टर प्रो. प्रदीप कुमार, एचओडी डॉ. रूपल गुप्ता, इवेंट कोऑर्डिनेटर्स- मिस स्वाति चौहान, डॉ. इंदु त्रिपाठी, मिस निकिता जैन, श्री मोहम्मद सलीम आदि ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित करके सीसीएसआईटी के सभागार में स्प्लैश-2026 का शंखनाद किया।</p>
<p><img decoding="async" class="alignnone size-medium wp-image-105056" src="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-300x196.jpg" alt="" width="300" height="196" srcset="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-300x196.jpg 300w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-1024x668.jpg 1024w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-768x501.jpg 768w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-1536x1001.jpg 1536w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-2048x1335.jpg 2048w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-130x86.jpg 130w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-990x645.jpg 990w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260418-WA0019-1320x861.jpg 1320w" sizes="(max-width: 300px) 100vw, 300px" /></p>
<p><strong>ऐसे सांस्कृतिक आयोजन स्टूडेंट्स की प्रतिभा पहचानने का अवसर</strong></p>
<p>सांस्कृतिक प्रस्तुतियों की शुरुआत बीटेक-एआई की छात्रा अक्षरा वर्मा के मनमोहक कथक से हुई। अक्षरा की भाव-भंगिमाओं, ताल और लय के अद्भुत समन्वय ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। बीटेक-सीएसई के छात्र मोहित जैन ने राधा-कृष्ण थीम पर बांसुरी वादन करके मधुर धुनों ने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक और भावपूर्ण बना दिया। फूड स्टॉल, कमर्शियल स्टॉल, क्रिएटिव लैब स्टॉल और गेमिंग स्टॉल विशेष आकर्षण का केन्द्र रहे। कार्यक्रम में नृत्य, गायन, कहानी-वाचन, स्टैंड-अप प्रस्तुति, रंगोली, वीडियोग्राफी और फोटोबूथ गतिविधियों में स्टूडेंट्स ने अपनी प्रतिभा, रचनात्मकता और आत्मविश्वास का शानदार प्रदर्शन किया। सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं के निर्णायक मंडल में डॉ. प्रीति रानी, डॉ. सीमा मान और डॉ. संदीप वर्मा, स्टॉल मूल्यांकन में डॉ. शालिनी निनोरिया, डॉ. अमित सिंह और डॉ. हिमांश कुमार आदि शामिल रहे। एफओई के डीन प्रो. आरके द्विवेदी ने कहा कि ऐसे सांस्कृतिक आयोजन स्टूडेंट्स को अपनी प्रतिभा पहचानने, उसे निखारने, मंच पर प्रस्तुत करने और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करते हैं। डीजे सत्र पर संगीत और नृत्य के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। स्प्लैश-2026 में डॉ. पराग अग्रवाल, डॉ. प्रियांक सिंघल, डॉ. नमित गुप्ता, मिस शिखा गंभीर, मिस अवंतिका चौधरी, मिस व्रतिका गुप्ता, पुलकित राज सक्सेना के साथ स्टूडेंट्स, कोऑर्डिनेटर्स सिद्धार्थ पारिख, जिया सिंह, गौरी गुप्ता, नमन जैन, नमन दुग्गड़, अतिशय जैन, निशांत जैन, वृंदा अग्रवाल आदि मौजूद रहे। संचालन बीटेक सीएस के अश्विन जैन और एमसीए की लीजा चौहान ने किया।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/the_creative_presentations_at_tmu_splash_won_hearts/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>शैक्षणिक ज्ञान और औद्योगिक अपेक्षाओं के बीच अंतर कम करें : फार्मास्युटिकल उद्योग में रोजगार कौशल, नवाचार एवं उद्यमिता के महत्व पर डाला प्रकाश  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/bridge_the_gap_between_academic_knowledge_and_industry_expectations/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/bridge_the_gap_between_academic_knowledge_and_industry_expectations/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 18 Apr 2026 17:13:49 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[College of Pharmacy and Institutions Innovation Council. श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Ascetic]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[jain monk]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Nun]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Updates]]></category>
		<category><![CDATA[Pharmaceutical Industry]]></category>
		<category><![CDATA[shreephal jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Teerthanker Mahaveer University]]></category>
		<category><![CDATA[कॉलेज ऑफ फार्मेसी और इंस्टिट्यूशन्स इन्नोवेशन काउंसिल]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[फार्मास्युटिकल उद्योग]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=105048</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ फार्मेसी और इंस्टिट्यूशन्स इन्नोवेशन काउंसिल के तत्वावधान में भविष्य के फार्मास्युटिकल प्रोफेशनल्स में एम्प्लॉयबिलिटी उन्नयन और इन्नोवेशन पर गेस्ट लेक्चर में वीएनएस ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन्स, भोपाल के ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट हेड प्रो. अनिरुद्ध पारे ने फार्मास्युटिकल उद्योग में रोजगार कौशल, नवाचार एवम् उद्यमिता के महत्व पर विस्तार से प्रकाश [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ फार्मेसी और इंस्टिट्यूशन्स इन्नोवेशन काउंसिल के तत्वावधान में भविष्य के फार्मास्युटिकल प्रोफेशनल्स में एम्प्लॉयबिलिटी उन्नयन और इन्नोवेशन पर गेस्ट लेक्चर में वीएनएस ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन्स, भोपाल के ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट हेड प्रो. अनिरुद्ध पारे ने फार्मास्युटिकल उद्योग में रोजगार कौशल, नवाचार एवम् उद्यमिता के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो.श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> वीएनएस ग्रुप ऑफ इंस्टिट्यूशन्स, भोपाल के ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट हेड प्रो. अनिरुद्ध पारे ने फार्मास्युटिकल उद्योग में रोजगार कौशल, नवाचार एवं उद्यमिता के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए शैक्षणिक ज्ञान और औद्योगिक अपेक्षाओं के बीच अंतर को कम करने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया। प्रो. पारे ने एलओका-ए-अवेयरनेस, एल-लर्निंग, ओ-ऑब्जरवेशन, सी-कम्युनिकेशन और ए-एडैप्टेबिलिटी फ्रेमवर्क पर चर्चा रही।</p>
<p>इसमें अवेयरनेस के तहत उद्योग की वर्तमान प्रवृत्तियों की समझ, लर्निंग के अंतर्गत सतत कौशल उन्नयन, ऑब्जर्वेशन के माध्यम से व्यावहारिक ज्ञान अर्जन, कम्युनिकेशन के जरिए प्रभावी संवाद और एडैप्टेबिलिटी के जरिए बदलते औद्योगिक परिवेश के अनुरूप स्वयं को ढालने पर बल दिया गया। प्रो. पारे तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के कॉलेज ऑफ फार्मेसी और इंस्टिट्यूशन्स इन्नोवेशन काउंसिल के तत्वावधान में भविष्य के फार्मास्युटिकल प्रोफेशनल्स में एम्प्लॉयबिलिटी उन्नयन और इन्नोवेशन को बढ़ावा देना पर आयोजित गेस्ट लेक्चर में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।</p>
<p>इस मौके पर मुख्य अतिथि को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। लेक्चर का उद्देश्य फार्मेसी छात्रों में नवाचार आधारित सीखने और करियर तत्परता को बढ़ावा देना रहा। गेस्ट लेक्चर के दौरान फार्मेसी कॉलेज के प्राचार्य प्रो. आशु मित्तल, उप प्राचार्य प्रो मयूर पोरवाल, रिसर्च कोऑर्डिनेटर प्रो. फूल चन्द्र, आईआईसी कोऑर्डिनेटर डॉ.आशीष सिंघई आदि के साथ फार्मेसी के छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/bridge_the_gap_between_academic_knowledge_and_industry_expectations/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>फिजियोविज़न में एक्सपर्ट्स का मॉडर्न टेक्नोलॉजीज़ पर फोकस : प्रथम अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस फिजियोविज़न 1.0 का समापन  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/experts_at_physiovision_focus_on_modern_technologies/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/experts_at_physiovision_focus_on_modern_technologies/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 15 Apr 2026 14:09:51 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Experts]]></category>
		<category><![CDATA[International Speakers]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Modern Technologies]]></category>
		<category><![CDATA[Moradabad]]></category>
		<category><![CDATA[Physiovision]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Tirthankara Mahavir University]]></category>
		<category><![CDATA[अंतरराष्ट्रीय वक्ता]]></category>
		<category><![CDATA[एक्सपर्ट्स]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[फिजियोविज़न]]></category>
		<category><![CDATA[मुरादाबाद]]></category>
		<category><![CDATA[मॉडर्न टेक्नोलॉजीज़]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=104835</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के फिजियोथेरेपी विभाग की ओर से प्रथम अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस फिजियोविज़न 1.0 के समापन समारोह में मेडेनहेड इंग्लैंड के निदेशक डॉ. सोहराब शर्मा ने मैनुअल थेरेपी के आधुनिकीकरण पर अनुभव साझा किए। इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस में विभिन्न विषयों पर 86 शोधपत्र प्रजेंट किए। अतिथियों ने कम्युनिटी हेल्थ पर पुस्तक का विमोचन किया। मुरादाबाद [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के फिजियोथेरेपी विभाग की ओर से प्रथम अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस फिजियोविज़न 1.0 के समापन समारोह में मेडेनहेड इंग्लैंड के निदेशक डॉ. सोहराब शर्मा ने मैनुअल थेरेपी के आधुनिकीकरण पर अनुभव साझा किए। इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस में विभिन्न विषयों पर 86 शोधपत्र प्रजेंट किए। अतिथियों ने कम्युनिटी हेल्थ पर पुस्तक का विमोचन किया। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो.श्याम सुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के फिजियोथेरेपी विभाग की ओर से प्रथम अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस फिजियोविज़न 1.0 के समापन समारोह में नवीनता पुनर्वास उत्कृष्टता से मिलती है थीम पर देश-विदेश के दिग्गजों ने विशेषज्ञ आधुनिक प्रगति, अत्याधुनिक तकनीक और साक्ष्य-आधारित उपचार के एकीकरण पर अपने अनुभव साझा किए। अंतरराष्ट्रीय वक्ताओं ने चिकित्सा जगत की वर्तमान चुनौतियों और उनके समाधानों पर गहराई से चर्चा की। पुनर्वास विज्ञान विभाग मालदीव से डॉ. उज्मा सैयद ने फिजियोथेरेपी के क्षेत्र में दक्षता और योग्यता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि बेहतर उपचार के लिए पेशेवर दक्षता बेहद अनिवार्य है। मेडिसिन और स्वास्थ्य विज्ञान संकाय, मलेशिया से डॉ तरुण अमलनेकर ने पार्किंसंस रोग के वैश्विक प्रसार पर गंभीर आंकड़े प्रस्तुत करते हुए इसके प्रबंधन पर विस्तार से चर्चा की। मेडेनहेड इंग्लैंड के निदेशक डॉ. सोहराब शर्मा ने मैनुअल थेरेपी के आधुनिकीकरण पर अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने स्पष्ट किया कि मैनुअल थेरेपी केवल शारीरिक संरचना को ठीक नहीं करती है, बल्कि यह शरीर के पूरे सिस्टम को सकारात्मक रूप से प्रभावित करती है। दूसरी ओर अतिथियों ने कम्युनिटी हेल्थ पर एक पुस्तक का विमोचन भी किया। बीजेएम हेल्थ की मुख्य सलाहकार फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. भावना आनंद ने क्लिनिक से क्लाउड तक बीजेएम हेल्थ के जरिए फिजियोथेरेपी को पुनर्परिभाषित पर प्रभावशाली प्रस्तुति दी। उन्होंने कहा, अब डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग करके मरीजों को दूरस्थ रूप से भी बेहतर उपचार प्रदान किया जा सकता है। डॉ. आनंद ने बताया कि बीजेएम हेल्थ की मदद से मरीज के प्रारंभिक मूल्यांकन के आधार पर उनकी एक्सरसाइज को रिकॉर्ड किया जा सकता है। जिससे उपचार की सटीक निगरानी और बेहतर परिणाम सुनिश्चित किए जा सकते है। टीएमयू के वीसी प्रो. वीके जैन ने फिजियोथेरेपी की एचओडी प्रो. शिवानी एम कौल को फर्स्ट इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस के लिए साधुवाद देते हुए उम्मीद जताई। यह कॉन्फ्रेंस फिजियोथेरेपी स्टूडेंट्स, रिसर्चर्स और फैकल्टीज़ के लिए मील का पत्थर साबित होगी। मेहमानों को स्मृति भेंट किए गए।</p>
<p>दो दिनी कॉन्फ्रेंस में 86 उच्च-स्तरीय शोध-पत्र प्रस्तुत किए गए। जिनमें फिजियोथेरेपी के विभिन्न क्षेत्रों- न्यूरो रिहैबिलिटेशन, मस्कुलोस्केलेटल विकार, खेल चोटें, ऑपरेशन के बाद पुनर्वास, डिजिटल स्वास्थ्य और आधुनिक उपचार तकनीकों पर गहन विचार-विमर्श किया गया। इस मौके पर फिजियोथेरेपी की एचओडी प्रो. शिवानी एम. कौल, डॉ. नंद किशोर शाह, डॉ. हरीश शर्मा, हिमानी, कंचन खोलिया, प्रिया शर्मा, प्रतिभा सिंह, सिमरन सक्सेना आदि की उपस्थिति रही। संचालन नीलम चौहान और समर्पिता सेनापति ने किया।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/experts_at_physiovision_focus_on_modern_technologies/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>ऊर्जा संचरण को सुपर कंडक्टर की दरकार: एप्लाइड साइंसेज विभाग की छठी नेशनल कॉन्फ्रेंस में हुए एक्सपर्ट के व्याख्यान  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/energy_transmission_requires_superconductors/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/energy_transmission_requires_superconductors/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 14 Apr 2026 13:11:38 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[6th National Conference on Materials and Devices – NCMD-2026 श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[Department of Applied Sciences]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Ascetic]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Faculty of Engineering]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[jain monk]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Nun]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Updates]]></category>
		<category><![CDATA[shreephal jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Teerthanker Mahaveer University]]></category>
		<category><![CDATA[एप्लाइड साइंसेज विभाग]]></category>
		<category><![CDATA[छठी नेशनल कॉन्फ्रेंस ऑन मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज- एनसीएमडी-2026]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=104761</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के अंतर्गत एप्लाइड साइंसेज विभाग की छठी नेशनल कॉन्फ्रेंस ऑन मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज- एनसीएमडी-2026 में एक्सपर्ट्स ने व्याख्यान दिए। सामग्री के गुणों की सटीक पहचान पर जोर और एआई और मशीन लर्निंग के उपयोग पर चर्चा की। परिणामों पर 65 रिसर्च पेपर्स प्रस्तुत किए गए। एनसीएमडी-2026 में अतिथियों [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के अंतर्गत एप्लाइड साइंसेज विभाग की छठी नेशनल कॉन्फ्रेंस ऑन मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज- एनसीएमडी-2026 में एक्सपर्ट्स ने व्याख्यान दिए। सामग्री के गुणों की सटीक पहचान पर जोर और एआई और मशीन लर्निंग के उपयोग पर चर्चा की। परिणामों पर 65 रिसर्च पेपर्स प्रस्तुत किए गए। एनसीएमडी-2026 में अतिथियों ने कॉन्फ्रेंस प्रोसिडिंग का विमोचन किया। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो.श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> नेशनल रिमोट सेंसिंग सेंटर, हैदराबाद के निदेशक प्रो. प्रकाश चौहान ने स्टूडेंट्स को प्रेरित करते हुए कहा कि असफलताओं से डरने की आवश्यकता नहीं है, बल्कि उनसे सीख लेकर आगे बढ़ना चाहिए। उन्होंने चंद्रयान-2 के अनुभवों का उल्लेख करते हुए कहा कि उच्च तापमान सहन करने वाली सामग्रियों के विकास की आवश्यकता है। प्रो. चौहान ने जोर देते हुए वर्ष 2040 तक चंद्रमा पर भारतीय मानव मिशन के लक्ष्य की चर्चा की। साथ ही पारंपरिक धातुओं से लेकर आधुनिक सेंसर, डिटेक्टर और अंतरिक्ष तकनीक तक के विकास पर जोर दिया। उन्होंने भारत की अंतरिक्ष उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए बताया, चंद्रमा के लिए विकसित भारतीय कैमरों का डेटा वैश्विक स्तर पर उपयोग किया जा रहा है। उन्होंने ऊर्जा संचरण के लिए सुपरकंडक्टर की आवश्यकता, महत्वपूर्ण खनिजों पर निर्भरता की चुनौतियों और आत्मनिर्भरता की दिशा में कार्य करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने सौर ऊर्जा के महत्व, फ्लोटिंग सोलर पैनल पर हो रहे कार्य और भारत में उपलब्ध थोरियम के ऊर्जा उत्पादन में संभावित उपयोग पर भी प्रकाश डाला।</p>
<p>प्रो. चौहान तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, मुरादाबाद के फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के अंतर्गत एप्लाइड साइंसेज विभाग की ओर से आयोजित छठी नेशनल कॉन्फ्रेंस ऑन मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज-एनसीएमडी-2026 के उद्घाटन सत्र में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे। लखनऊ यूनिवर्सिटी के प्रो. सतेंद्र पाल सिंह बतौर कीनोट स्पीकर अपने अनुभव साझा किए। आईयूएसी, नई दिल्ली के डॉ. प्रवीन कुमार की उल्लेखनीय मौजूदगी रही। कॉन्फ्रेंस के फर्स्ड डे चुनौतियों और परिणामों पर 65 रिसर्च पेपर्स प्रस्तुत किए गए। अतिथियों ने कॉन्फ्रेंस प्रोसिडिंग का विमोचन भी किया।</p>
<p>इससे पूर्व मुख्य अतिथि प्रो. प्रकाश चौहान, विशिष्ट अतिथियों इलेक्ट्रॉनिक्स सर्विस एंड ट्रेनिंग सेंटर, नैनीताल के प्रिंसिपल डायरेक्टर दिनेश चंद्र, जीके यूनिवर्सिटी, हरिद्वार के डॉ. मयंक अग्रवाल, टीएमयू के वीसी प्रो. वीके जैन, फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के डीन प्रो. आरके द्विवेदी आदि ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित करके कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इलेक्ट्रॉनिक्स सर्विस एंड ट्रेनिंग सेंटर, नैनीताल के प्रिंसिपल डायरेक्टर दिनेश चंद्र ने बतौर विशिष्ट अतिथि सामग्री के गुणों की सटीक पहचान और उनके सुरक्षित उपयोग पर बल दिया। जीके यूनिवर्सिटी, हरिद्वार के डॉ. मयंक अग्रवाल ने मैटेरियल्स एवं डिवाइसेज के क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग के बढ़ते उपयोग पर प्रकाश डाला।</p>
<p><strong>संचार, समन्वय और नेतृत्व के महत्व को रेखांकित किया</strong></p>
<p>आधुनिक अनुसंधान में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एवम् मशीन लर्निंग तकनीकों के माध्यम से सामग्री के गुणों का पूर्वानुमान, डिज़ाइन तथा अनुकूलन अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकता है, जिससे इस क्षेत्र में नवाचार की गति तेज हो रही है। टीएमयू के कुलपति प्रो. वीके जैन ने प्रभावशीलता एवम् दक्षता के बीच अंतर स्पष्ट करते हुए संचार, समन्वय और नेतृत्व के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने हनुमान जी को उत्कृष्ट संचारक का उदाहरण बताया। फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के डीन प्रो. आरके द्विवेदी ने सम्मेलन की थीम पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वर्तमान समय में उपकरणों का तीव्र गति से लघुकरण हो रहा है, जिसके लिए एडवांस्ड मटेरियल्स का विकास अत्यंत आवश्यक है। सम्मेलन के सहसंयोजक डॉ. पराग अग्रवाल ने वोट ऑफ थैंक्स दिया। संचालन संयोजक डॉ. दिप्तोनिल बनर्जी ने किया।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/energy_transmission_requires_superconductors/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी में फिजियोविज़न 1.0 पर सम्मेलन: अंतरराष्ट्रीय हस्तियां करेंगी इसमें शिरकत  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/conference_on_physiovision_10_at_teerthanker_mahaveer_university/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/conference_on_physiovision_10_at_teerthanker_mahaveer_university/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 12 Apr 2026 15:51:32 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[International Celebrities]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Physiotherapy]]></category>
		<category><![CDATA[Physiovision 1.0]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Tirthankara Mahavir University]]></category>
		<category><![CDATA[अंतरराष्ट्रीय हस्तियां]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[फिजियोथेरेपी]]></category>
		<category><![CDATA[फिजियोविज़न 1.0]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=104630</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, का फिजियोथेरेपी विभाग 14 अप्रैल से पहली दो दिनी अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस फिजियोविज़न1.0 की मेजबानी करने जा रहा है। नवाचार और पुनर्वास उत्कृष्टता का संगम के मूल मंत्र के संग होने वाली यह कॉन्फ्रेंस फिजियोथेरेपी के क्षेत्र में नवाचार, अत्याधुनिक तकनीक और साक्ष्य-आधारित चिकित्सा पद्धतियों के एकीकरण को एक नई दिशा देने का [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, का फिजियोथेरेपी विभाग 14 अप्रैल से पहली दो दिनी अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस फिजियोविज़न1.0 की मेजबानी करने जा रहा है। नवाचार और पुनर्वास उत्कृष्टता का संगम के मूल मंत्र के संग होने वाली यह कॉन्फ्रेंस फिजियोथेरेपी के क्षेत्र में नवाचार, अत्याधुनिक तकनीक और साक्ष्य-आधारित चिकित्सा पद्धतियों के एकीकरण को एक नई दिशा देने का प्रयास है। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो.श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी, का फिजियोथेरेपी विभाग 14 अप्रैल से पहली दो दिनी अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस फिजियोविज़न1.0 की मेजबानी करने जा रहा है। नवाचार और पुनर्वास उत्कृष्टता का संगम के मूल मंत्र के संग आयोजित होने वाली यह कॉन्फ्रेंस फिजियोथेरेपी के क्षेत्र में नवाचार, अत्याधुनिक तकनीक और साक्ष्य-आधारित चिकित्सा पद्धतियों के एकीकरण को एक नई दिशा देने का प्रयास है। आधुनिक विज्ञान और परंपरागत देखभाल के इस अनूठे संगम से रोगी के उपचार को और अधिक प्रभावी एवम् परिणामदायी बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस महत्वपूर्ण सम्मेलन में वैश्विक दृष्टिकोण को विस्तार देने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इंग्लैंड से एड्रॉइट फिज़ियो के संस्थापक डॉ.सोहराब शर्मा,मालदीव से मालदीव नेशनल यूनिवर्सिटी के डिपार्टमेंट ऑफ रिहैबिलिटेशन साइंस से डॉ. उज़मा सय्यद और मलेशिया से फैकल्टी ऑफ मेडिसिन एंड हेल्थ साइंसेज़ के डिपार्टमेंट ऑफ फिजियोथेरेपी से डॉ. तरुण अमलनेरकर इस सम्मेलन की शोभा बढ़ायेंगे।</p>
<p><strong>विशेषज्ञ अपने विचार प्रस्तुत करेंगे </strong></p>
<p>फिजियोथेरेपी विभाग की विभागाध्यक्ष प्रो. शिवानी एम कौल ने कहा कि इस सम्मेलन में चिकित्सा जगत की अनेक प्रतिष्ठित हस्तियां अपने अनुभव और ज्ञान को साझा करेंगी। राष्ट्रीय स्तर पर वरिष्ठ पल्मोनोलॉजिस्ट सांस फाउंडेशन, नई दिल्ली से डॉ. पी.पी बोस, प्रिंसिपल इंडियन स्पाइनल इंजरी सेंटर, नई दिल्ली से प्रो.डॉ. चित्रा कटारिया, डीन राजस्थान स्वास्थ्य विज्ञान यूनिवर्सिटी एवं प्रिंसिपल स्वास्थ्य कल्याण, जयपुर से प्रो. डॉ. ध्रुव तनेजा, हाई परफॉर्मेंस एनालिस्ट एवं फिजियोथेरेपिस्ट वन्य भारतीय खेल प्राधिकरण, न्यू दिल्ली से डॉ. प्रहलाद प्रियदर्शी आदि विचार प्रस्तुत करेंगे। अकादमिक सत्रों के साथ यह कॉन्फ्रेंस शोध एवं नवाचार का जीवंत केंद्र भी बनेगी। देशभर के विभिन्न राज्यों से आए लगभग 150 प्रतिभाशाली छात्र-छात्राएं पोस्टर एवं पेपर प्रेजेंटेशन के माध्यम से फिजियोथेरेपी के क्षेत्र में अपने नवीन शोध कार्यों एवं विचारों को प्रस्तुत करेंगे।</p>
<p><strong>फिजियोथेरेपी के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है</strong></p>
<p>प्रो. कौल ने उम्मीद जताई कि यह आयोजन युवा पीढ़ी को विशेषज्ञों से सीधे संवाद और मार्गदर्शन प्राप्त करने का एक दुर्लभ अवसर प्रदान करेगा। यह एक सम्मेलन नहीं, बल्कि यह फिजियोथेरेपी के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। यह ऐतिहासिक आयोजन नैतिकता, सहयोग और समग्र पुनर्वास की भावना को और अधिक सशक्त करेगा। बकौल प्रो. कौल मुरादाबाद की धरती पर अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों का यह महासमागम न केवल छात्रों के लिए सीखने का एक सुनहरा अवसर है, बल्कि चिकित्सा जगत में श्नवीनता और उत्कृष्टताश् के नए आयाम स्थापित करेगा।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/conference_on_physiovision_10_at_teerthanker_mahaveer_university/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>टीएमयू में मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज पर नेशनल कॉन्फ्रेंस 14 से : कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के एप्लाइड साइंसेज विभाग के मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज के राष्ट्रीय सम्मेलन में जुटेंगे प्रख्यात विशेषज्ञ  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/national_conference_on_materials_and_devices_at_tmu_from_14th/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/national_conference_on_materials_and_devices_at_tmu_from_14th/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 12 Apr 2026 15:49:35 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[College of Engineering]]></category>
		<category><![CDATA[Department of Applied Sciences]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[National Conference on Materials and Devices]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Tirthankara Mahavir University]]></category>
		<category><![CDATA[एप्लाइड साइंसेज विभाग]]></category>
		<category><![CDATA[कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज पर नेशनल कॉन्फ्रेंस]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=104625</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के एप्लाइड साइंसेज विभाग की ओर से मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज के राष्ट्रीय सम्मेलन -एनसीएमडी 2026 में ऊर्जा सामग्री सुपरकैपेसिटर ,उन्नत सेंसर के संग संग नैनो टेक्नोलॉजी, ऑप्टिकल मैटेरियल्स, आयन-मैटर इंटरैक्शन ,बायोमेडिकल एप्लिकेशन जैसे समसामयिक विषयों पर मंथन होगा। मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो.श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230; मुरादाबाद। तीर्थंकर [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के एप्लाइड साइंसेज विभाग की ओर से मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज के राष्ट्रीय सम्मेलन -एनसीएमडी 2026 में ऊर्जा सामग्री सुपरकैपेसिटर ,उन्नत सेंसर के संग संग नैनो टेक्नोलॉजी, ऑप्टिकल मैटेरियल्स, आयन-मैटर इंटरैक्शन ,बायोमेडिकल एप्लिकेशन जैसे समसामयिक विषयों पर मंथन होगा। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो.श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के एप्लाइड साइंसेज विभाग की ओर से मैटेरियल्स एंड डिवाइसेज-एनसीएमडी 2026 का छठां दो दिनी राष्ट्रीय सम्मेलन 14 और 15 अप्रैल होगा। यह सम्मेलन मैटेरियल साइंस एवं डिवाइस टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में कार्य कर रहे प्रोफेसरों वैज्ञानिकों शोधकर्ताओं इंजीनियरों एवं उद्योग प्रतिनिधियों को एक साझा मंच प्रदान करेगा, जहां वे अपने नवीनतम शोध कार्य विचार और तकनीकी नवाचार प्रस्तुत कर सकेंगे। सम्मेलन का शुभारंभ टीएमयू के कुलपति प्रो. वीके जैन की उपस्थिति में होगा। मुख्य अतिथि के रूप में नेशनल रिमोट सेंसिंग सेंटर हैदराबाद के निदेशक प्रो. प्रकाश चौहान और विशिष्ट अतिथि के रूप में इलेक्ट्रॉनिक्स सर्विस एंड ट्रेनिंग सेंटर नैनीताल के प्रिंसिपल डायरेक्टर दिनेश चंद्रा उपस्थित रहेंगे। यह सम्मेलन फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग के डीन एवं कॉन्फ्रेंस चेयर प्रो. आरके द्विवेदी के मार्गदर्शन में हो रहा है। डॉ. डिप्टोनिल बनर्जी एवं डॉ. पराग अग्रवाल संयोजक और डॉ. पवनकुमार सिंह सह-संयोजक की भूमिका में हैं।</p>
<p><strong>160 शोध प्रस्तुत होंगे, 35 पोस्टर्स प्रेजेंट किए जाएंगे</strong></p>
<p>सम्मेलन में प्रमुख कीनोट वक्ताओं में लखनऊ यूनिवर्सिटी से प्रो. सतेंद्रपाल सिंह और जादवपुर यूनिवर्सिटी से प्रो. कल्याण के. चट्टोपाध्याय शामिल हैं। ये विद्वान ऊर्जा सामग्री सुपरकैपेसिटर ,उन्नत सेंसर जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार साझा करेंगे। इसके अतिरिक्त आमंत्रित वक्ताओं के रूप में प्रो. अनुज कुमार, डॉ. प्रवीण कुमार, प्रो. शिव कुमार चक्रवर्ती, डॉ. विश्वजीत साहा सहित कुल 11 हस्तियां शामिल हैं। ये वक्ता नैनोटेक्नोलॉजी, ऑप्टिकल मैटेरियल्स, आयन मैटर इंटरैक्शन, बायोमेडिकल एप्लिकेशन जैसे समसामयिक विषयों पर अपने विचार व्यक्त करेंगे। सम्मेलन में कुल 160 शोध प्रस्तुत होंगे, जबकि 35 पोस्टर्स प्रेजेंट किए जाएंगे। यह विविध प्रस्तुतियां शोधार्थियों एवं विशेषज्ञों के बीच ज्ञान-विनिमय और नवाचार को प्रोत्साहित करेंगी। उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, पश्चिम बंगाल, मध्यप्रदेश, उत्तराखंड, राजस्थान, त्रिपुरा आदि से प्रतिभागियों की सक्रिय सहभागिता इस सम्मेलन को व्यापक स्वरूप प्रदान कर रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/national_conference_on_materials_and_devices_at_tmu_from_14th/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>कांफ्रेस से दंत चिकित्सा में नए युग का सूत्रपात : शोधकर्ताओं, नवप्रवर्तकों और उद्यमियों का हुआ संगम  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/a_new_era_in_dentistry_ushered_in_by_the_conference/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/a_new_era_in_dentistry_ushered_in_by_the_conference/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 11 Apr 2026 14:24:43 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Dental College and Research Center]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Diode Laser Technology]]></category>
		<category><![CDATA[International Conference]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Tirthankara Mahavir University]]></category>
		<category><![CDATA[इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[डायोड लेजर तकनीक]]></category>
		<category><![CDATA[डेंटल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर]]></category>
		<category><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=104500</guid>

					<description><![CDATA[तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के डेंटल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर की ओर से इमर्जिंग ट्रेंड्स इन कंटेम्परेरी डेंटिस्ट्री पर आयोजित इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस में 250 रिसर्च पेपर्स एंड पोस्टर्स प्रेजेंट किए गए। यूजी श्रेणी में टीएमयू की योगेशवरी और वृंदा अग्रवाल का पोस्टर अव्वल, पीजी में डॉ. मेघना का पोस्टर पेपर प्रेजेंटेशन में प्रथम रहा। मुरादाबाद से [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के डेंटल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर की ओर से इमर्जिंग ट्रेंड्स इन कंटेम्परेरी डेंटिस्ट्री पर आयोजित इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस में 250 रिसर्च पेपर्स एंड पोस्टर्स प्रेजेंट किए गए। यूजी श्रेणी में टीएमयू की योगेशवरी और वृंदा अग्रवाल का पोस्टर अव्वल, पीजी में डॉ. मेघना का पोस्टर पेपर प्रेजेंटेशन में प्रथम रहा। <span style="color: #ff0000">मुरादाबाद से पढ़िए, प्रो.श्यामसुंदर भाटिया की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरादाबाद।</strong> बाबा कीनाराम ऑटोनोमस स्टेट मेडिकल कॉलेज, चंदौली के दंत चिकित्सा विभाग के डॉ. पीयूष शिवहरे ने डायोड लेजर पर बोलते हुए कहा कि डायोड लेजर तकनीक ने आधुनिक दंत चिकित्सा में क्रांति ला दी है, जिससे अधिक सटीक, दर्द रहित और प्रभावी उपचार विकल्प उपलब्ध हो गए हैं। उन्होंने बताया,लेजर &#8211; लाइट एम्प्लीफिकेशन बाय स्टिमुलेटेड एमिशन ऑफ रेडिएशन एक ऐसा उपकरण है, जिसके उपयोग से ऑपरेशन के आसपास के क्षेत्रों को न्यूनतम क्षति पहुंचाते हुए कोमल और कठोर ऊतकों को काटने, आकार देने या हटाने का कार्य का आसान हो जाता है। डॉ. शिवहरे ने दंत चिकित्सा में विभिन्न प्रकार के लेजर के उपयोग पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया, डायोड लेजर,सीओ 2 लेजर, एनडीएग लेजर, ईआर लेजर प्रमुख हैं। इनमें से डायोड लेजर अपने कॉम्पैक्ट आकार, किफायती मूल्य और कोमल ऊतकों से संबंधित प्रक्रियाओं में अधिक प्रभावशीलता के कारण विशेष रूप से उपयोगी माना जाता है। डॉ. शिवहरे तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के डेंटल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर की ओर से इमर्जिंग ट्रेंड्स इन कंटेम्परेरी डेंटिस्ट्री पर आयोजित इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस के समापन में गेस्ट स्पीकर बोल रहे थे। कॉन्फ्रेंस में कुल 250 रिसर्च पेपर्स एंड पोस्टर्स प्रेजेंट किए गए। यूजी श्रेणी में टीएमयू की योगेशवरी और वृंदा अग्रवाल का पोस्टर अव्वल,जबकि पीजी में डॉ. मेघना का पोस्टर प्रथम, रिसर्च पेपर प्रेजेंटेशन में डॉ. हर्षित सेठी फर्स्ट आए।</p>
<p><img loading="lazy" decoding="async" class="alignnone size-medium wp-image-104503" src="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-300x200.jpg" alt="" width="300" height="200" srcset="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-300x200.jpg 300w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-1024x683.jpg 1024w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-768x512.jpg 768w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-1536x1025.jpg 1536w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-2048x1366.jpg 2048w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-414x276.jpg 414w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-470x313.jpg 470w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-640x426.jpg 640w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-130x86.jpg 130w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-187x124.jpg 187w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-990x660.jpg 990w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2026/04/IMG-20260411-WA0029-1320x881.jpg 1320w" sizes="auto, (max-width: 300px) 100vw, 300px" /></p>
<p><strong>दंत चिकित्सा के क्षेत्र में एक नए युग का नेतृत्व कर रहे हैं</strong></p>
<p>सिंहगढ़ डेंटल कॉलेज से डॉ. विनीत विनय ने एंटरप्रेन्योरशिप इन डेंटिस्ट्री एंड एआई डिडेक्शन ऑफ ओरल कैंसर पर बोलते हुए कहा, तकनीकी प्रगति को बाज़ार तक पहुंचाने में उद्यमियों की अहम भूमिका है। डेंटल स्टार्टअप स्थापित करके, उपयोगकर्ता के अनुकूल उपकरण विकसित करके और रोगी प्रबंधन के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म बनाकर वे नवाचार और नैदानिक अभ्यास के बीच की खाई को पाट सकते हैं। कई उद्यमी टेलीडेंटिस्ट्री पर भी ध्यान केंद्रित कर रहे हैं, जिससे परामर्श और अनुवर्ती जांच, विशेष रूप से दूरदराज के क्षेत्रों में अधिक सुविधाजनक हो जाती हैं। शोधकर्ता, नवप्रवर्तक और उद्यमी मिलकर दंत चिकित्सा के क्षेत्र में एक नए युग का नेतृत्व कर रहे हैं। उनके सहयोगात्मक प्रयासों से रोगी देखभाल में सुधार हो रहा है, दक्षता बढ़ रही है और आधुनिक दंत उपचार अधिक किफायती और व्यापक रूप से उपलब्ध हो रहे हैं। यह गतिशील तालमेल मौखिक स्वास्थ्य देखभाल के क्षेत्र में संभावनाओं की सीमाओं को लगातार आगे बढ़ा रहा है।</p>
<p><strong>दंत चिकित्सा पद्धतियां साक्ष्य-आधारित हों </strong></p>
<p>अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से डिपार्टमेंट ऑफ ओरल मेडिसिन एंड रेडियोलॉजी के प्रो. प्रद्युम्न वर्मा ने कोन बीम 3डी इमेजिंग तकनीक पर बोलते हुए कहा,शोधकर्ता वैज्ञानिक ज्ञान के विस्तार और नई उपचार पद्धतियों के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।दूसरी ओर समेकित देखभालरू बहुविषयक अभ्यास का भविष्य पैनल चर्चा में वक्ताओं ने कहा, बायोमटेरियल्स, रीजनरेटिव डेंटिस्ट्री और डिजिटल इमेजिंग जैसे क्षेत्रों में उनके कार्यों से दांतों के रंग के अनुरूप रेस्टोरेशन, स्टेम सेल थेरेपी और बेहतर निदान उपकरण जैसी महत्वपूर्ण खोजें संभव हुई हैं। निरंतर शोध यह सुनिश्चित करता है , दंत चिकित्सा पद्धतियां साक्ष्य-आधारित हों और आधुनिक स्वास्थ्य देखभाल मानकों के अनुरूप हों। दूसरी ओर नवप्रवर्तक इन वैज्ञानिक खोजों को व्यावहारिक समाधानों में लागू करने पर ध्यान केंद्रित करते हैं। उन्होंने दंत कृत्रिम अंगों के लिए 3डी प्रिंटिंग एक ही दिन में क्राउन बनाने के लिए सीएडी/सीएएम सिस्टम और न्यूनतम चीर-फाड़ वाली प्रक्रियाओं के लिए लेजर तकनीक जैसे अत्याधुनिक उपकरण पेश किए हैं। ये नवाचार न केवल सटीकता बढ़ाते हैं ,बल्कि उपचार के समय और रोगी की असुविधा को भी काफी कम करते हैं। पैनल चर्चा में डॉ. शलभ मेहरोत्रा ,डॉ. स्वतंत्र अग्रवाल, डॉ. सत्यजीत नायक, डॉ. सुनीता गुप्ता, डॉ. विनीता निखिल, डॉ. के. वी. अरुण कुमार, डॉ. जॉनसन और डॉ. पुनीत बत्रा आदि शामिल रहे।</p>
<p><strong>इनकी रही सहभागिता </strong></p>
<p>कॉन्फ्रेंस में तीर्थंकर महावीर डेंटल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर के प्रिंसिपल प्रो. प्रदीप तांगड़े, वाइस प्रिंसिपल डॉ. अंकिता जैन के संग- संग सुभारती डेंटल कॉलेज एवम् रिसर्च सेंटर, मेरठ से कंजर्वेटिव डेंटिस्ट्री और एंडोडोंटिक्स विभाग से विभागाध्यक्ष डॉ. विनीता निखिल,मौलाना आजाद इंस्टीट्यूट ऑफ डेंटल साइंस, नई दिल्ली से ओरल मेडिसिन और रेडियोलॉजी विभाग की एचओडी डॉ. सुनीता गुप्ता,आईटीएस डेंटल कॉलेज और अस्पताल, दिल्ली से ओरल सर्जरी विभाग के एचओडी डॉ. के.वी. अरुण, बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी, वाराणसी से पब्लिक हेल्थ डेंटिस्ट्री विभाग, दंत विज्ञान संकाय के प्रो. नवीन पी.जी. मौलाना आजाद दंत विज्ञान संस्थान, नई दिल्ली से जन स्वास्थ्य दंत चिकित्सा विभाग के एचओडी डॉ. विक्रांत मोहंती,एसजीटी यूनिवर्सिटी, फरीदाबाद से स्वास्थ्य दंत चिकित्सा विभाग से डॉ. शौर्य टंडन,कोठीवाल डेंटल कॉलेज एवम् अनुसंधान केंद्र, मुरादाबाद से मुख चिकित्सा एवम् रेडियोलॉजी विभाग से एचओडी डॉ. राजेंद्र गौड़ा पाटिल, डॉ. अभिनय अग्रवाल, डॉ. निमिष अग्रवाल, डॉ. विकास सिंह, डॉ. शिल्पा दत्ता मलिक, डॉ. उपेंद्र मलिक, डॉ. हरतिमा निगम, डॉ. जैनुल आब्दीन, डॉ. सिवान सतीश, डॉ. दीपक ठाकुर, डॉ. कार्तिकेय सक्सेना, डॉ. अतुल जैन, डॉ. रचना बहुगुणा की उल्लेखनीय मौजूदगी रही। इनके अलावा स्टूडेंट्स तीशा जैन, साक्षी जयसवाल, उत्सव बेरा आदि की कॉन्फ्रेंस में सक्रिय भूमिका रही।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/a_new_era_in_dentistry_ushered_in_by_the_conference/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
