<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>गजरथ महोत्सव &#8211; श्रीफल जैन न्यूज़</title>
	<atom:link href="https://www.shreephaljainnews.com/tag/%E0%A4%97%E0%A4%9C%E0%A4%B0%E0%A4%A5-%E0%A4%AE%E0%A4%B9%E0%A5%8B%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%B8%E0%A4%B5/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://www.shreephaljainnews.com</link>
	<description>ताज़ा खबरे हिन्दी में</description>
	<lastBuildDate>Sat, 28 Mar 2026 12:11:19 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	<generator>https://wordpress.org/?v=6.9.4</generator>

<image>
	<url>https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2022/09/cropped-shri-32x32.png</url>
	<title>गजरथ महोत्सव &#8211; श्रीफल जैन न्यूज़</title>
	<link>https://www.shreephaljainnews.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव के प्रथम दिवस भव्य घट यात्रा निकाली गई : गुरुवर की अगवानी में उमड़ा श्रद्धालुओं का जनसैलाब </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/a_crowd_of_devotees_surged_to_welcome_the_revered_tacher/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/a_crowd_of_devotees_surged_to_welcome_the_revered_tacher/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 28 Mar 2026 12:11:19 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Chaturmas]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[discourse]]></category>
		<category><![CDATA[Gajarath Festival]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Lar]]></category>
		<category><![CDATA[Manastambh Installation]]></category>
		<category><![CDATA[Pattacharya Shri Vishuddh Sagar Ji Maharaj श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[religious meeting]]></category>
		<category><![CDATA[shreephal jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Shri 1008 Digambar Jain Temple]]></category>
		<category><![CDATA[Shrimajjineendra Jain Image Panch Kalyanak]]></category>
		<category><![CDATA[tikamgarh]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[चातुर्मास]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[जैन सोसायटी]]></category>
		<category><![CDATA[टीकमगढ़]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[धर्मसभा]]></category>
		<category><![CDATA[पट्टाचार्य श्री विशुद्ध सागरजी]]></category>
		<category><![CDATA[मानस्तंभ प्रतिष्ठा]]></category>
		<category><![CDATA[लार]]></category>
		<category><![CDATA[श्री 1008 दिगंबर जैन मंदिर]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीमज्जिनेन्द्र जिन बिंब पंचकल्याणक]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=103307</guid>

					<description><![CDATA[निकटवर्ती श्री 1008 दिगंबर जैन मंदिर, लार में आयोजित श्रीमज्जिनेन्द्र जिन बिंब पंचकल्याणक मानस्तंभ प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव के प्रथम दिवस भव्य घट यात्रा जुलूस निकाला गया। इस अवसर पर श्री पट्टाचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज ससंघ की भव्य मंगल अगवानी की गई, जिसमें श्रद्धालुओं का विशाल जनसैलाब उमड़ पड़ा। पढ़िए मुकेश जैन की [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>निकटवर्ती श्री 1008 दिगंबर जैन मंदिर, लार में आयोजित श्रीमज्जिनेन्द्र जिन बिंब पंचकल्याणक मानस्तंभ प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव के प्रथम दिवस भव्य घट यात्रा जुलूस निकाला गया। इस अवसर पर श्री पट्टाचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज ससंघ की भव्य मंगल अगवानी की गई, जिसमें श्रद्धालुओं का विशाल जनसैलाब उमड़ पड़ा। <span style="color: #ff0000">पढ़िए मुकेश जैन की यह विशेष रिपोर्ट&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>टीकमगढ़।</strong> निकटवर्ती श्री 1008 दिगंबर जैन मंदिर, लार में आयोजित श्रीमज्जिनेन्द्र जिन बिंब पंचकल्याणक मानस्तंभ प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव के प्रथम दिवस भव्य घट यात्रा जुलूस निकाला गया। इस अवसर पर श्री पट्टाचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज ससंघ की भव्य मंगल अगवानी की गई, जिसमें श्रद्धालुओं का विशाल जनसैलाब उमड़ पड़ा। घट यात्रा के दौरान बग्गी, घोड़े, हाथी, बैंड-बाजे, डीजे, रमतूला बुंदेली रबला पार्टी एवं जेसीबी द्वारा पुष्पवर्षा विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। श्रद्धा, भक्ति और विश्वास का ऐसा अनुपम संगम देखने को मिला कि पूरा मार्ग धर्ममय वातावरण में परिवर्तित हो गया।</p>
<p><strong>धार्मिक उल्लास और भव्य सजावट</strong></p>
<p>घट यात्रा मार्ग पर जगह-जगह आकर्षक रंगोलियां बनाई गईं, जिन्हें देखकर श्रद्धालुओं की आस्था चरम पर दिखाई दी। बग्गी, घोड़े, हाथी और धार्मिक झांकियों के साथ निकली यह यात्रा अत्यंत भव्य रही। बच्चे, युवा, महिलाएं एवं बुजुर्ग—हर वर्ग के श्रद्धालु मार्ग के दोनों ओर खड़े होकर मुनि संघ के दर्शन करते नजर आए। कई बच्चे पारंपरिक वेशभूषा में सजे-धजे, हाथों में ध्वज लिए यात्रा में सम्मिलित हुए। सकल जैन समाज के साथ-साथ अन्य समाजों के लोग भी बड़ी संख्या में इस घट यात्रा में शामिल हुए। जहां-जहां से यात्रा नगर की सड़कों से गुजरी, वहां श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर भगवान जिनेंद्र के जयकारों के साथ स्वागत किया, जिससे पूरा नगर अयोध्या नगरी जैसा प्रतीत हो रहा था।</p>
<p><strong>महिलाओं की विशेष सहभागिता</strong></p>
<p>घट यात्रा में लगभग 300 से अधिक जैन एवं जैनेत्तर महिलाएं लाल वस्त्र धारण कर, सिर पर कलश लेकर नंगे पांव चल रही थीं, जो आस्था और समर्पण का अद्भुत दृश्य प्रस्तुत कर रहा था। पंचकल्याणक में भगवान के माता-पिता के स्वरूप धारण किए हुए श्रद्धालु भी रथ पर सवार होकर शोभायात्रा का हिस्सा बने।</p>
<p><strong>नगर बना दुल्हन समान</strong></p>
<p>पूरे लार नगर को बंदनवारों, रंग-बिरंगी सजावट एवं आकर्षक स्वागत द्वारों से सजाया गया था। श्रद्धालुओं ने मुनि संघ की अगवानी में पलक-पांवड़े बिछा दिए। जैसे ही पट्टाचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज घट यात्रा में पधारे, पूरे नगर में उल्लास और उमंग की लहर दौड़ गई। भगवान महावीर एवं गुरुवर के जयकारों से वातावरण गुंजायमान हो उठा। श्रद्धालु भक्ति गीतों पर झूमते-नाचते नजर आए।</p>
<p><strong>विविध धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन</strong></p>
<p>प्रचार मंत्री मुकेश जैन एवं मीडिया प्रभारी प्रभात जैन ने जानकारी देते हुए बताया कि महोत्सव के अंतर्गत देवज्ञा, गुरु आज्ञा, तीर्थमंडल पूजन, ध्वजारोहण, दोपहर में यज्ञ मंडल विधान एवं आचार्य श्री के मंगल प्रवचन आयोजित किए गए। रात्रि में इंद्र दरबार, तत्व चर्चा, कुबेर इंद्र द्वारा अयोध्या की रचना, रत्नवृष्टि, छप्पन कुमारियों द्वारा माता की सेवा, सोलह स्वप्न एवं गर्भ कल्याणक की यंत्रिक क्रियाएं संपन्न हुईं। साथ ही अनुनय बालिका मंडल द्वारा भव्य नाटक का मंचन भी किया गया।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/a_crowd_of_devotees_surged_to_welcome_the_revered_tacher/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>श्रद्धा भक्ति से किया गया पंचकल्याणक वेदी शिलान्यास : समारोह में हुए विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम, ध्वजारोहण, भूमि शुद्धि की  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/panch_kalyanak_altar_foundation_stone_was_laid_with_devotion/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/panch_kalyanak_altar_foundation_stone_was_laid_with_devotion/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 23 Feb 2026 08:25:08 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[daily ritual Abhishek]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Festival]]></category>
		<category><![CDATA[Grand Shantidhara]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Manastambha Jina idol installation]]></category>
		<category><![CDATA[Panch Kalyanak altar foundation stone laying]]></category>
		<category><![CDATA[Shri 1008 Majjinendra Panch Kalyanak]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[World Peace Mahayagna]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[नित्य नियम अभिषेक]]></category>
		<category><![CDATA[पंचकल्याणक वेदी शिलान्यास]]></category>
		<category><![CDATA[मानस्तंभ जिनबिंब प्रतिष्ठा]]></category>
		<category><![CDATA[विश्वशांति महायज्ञ]]></category>
		<category><![CDATA[वृहद शांतिधारा]]></category>
		<category><![CDATA[श्री 1008 मज्जिनेंद्र पंचकल्याणक]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=100495</guid>

					<description><![CDATA[श्री दिगंबर जैन मंदिर में रविवार को पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव की पंचकल्याणक वेदी शिलान्यास भक्तिभाव से किया गया। सुबह नित्य नियम अभिषेक, विश्व में सुख शांति समृद्धि के लिये वृहद शांतिधारा की गई। लार से पढ़िए, यह खबर&#8230; लार। श्री दिगंबर जैन मंदिर में रविवार को पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव की पंचकल्याणक वेदी शिलान्यास भक्तिभाव से [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>श्री दिगंबर जैन मंदिर में रविवार को पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव की पंचकल्याणक वेदी शिलान्यास भक्तिभाव से किया गया। सुबह नित्य नियम अभिषेक, विश्व में सुख शांति समृद्धि के लिये वृहद शांतिधारा की गई। <span style="color: #ff0000">लार से पढ़िए, यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>लार।</strong> श्री दिगंबर जैन मंदिर में रविवार को पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव की पंचकल्याणक वेदी शिलान्यास भक्तिभाव से किया गया। सुबह नित्य नियम अभिषेक, विश्व में सुख शांति समृद्धि के लिये वृहद शांतिधारा की गई। इसके बाद भगवान का पूजन किया गया। सभी अनुष्ठान विधि विधान के साथ प्रतिष्ठाचार्य संजय जैन, गुणाशीष अहार एवं पं.कमल कुमार शास्त्री लार ने पूर्ण कराए। महोत्सव के मीडिया प्रभारी मुकेश जैन ने बताया कि आचार्य श्री विशुद्ध सागरजी महाराज ससंघ के सान्निध्य में 28 मार्च से 2अप्रैल तक श्री 1008 मज्जिनेंद्र पंचकल्याणक, मानस्तंभ जिनबिंब प्रतिष्ठा, विश्वशांति महायज्ञ एवं गजरथ महोत्सव आयोजित होगा। रविवार को दोपहर में घटयात्रा निकाली गई। महिलाएं सिर पर क्षीर से जल भर कर मंगल कलश लेकर लक्ष्मी गिरी भक्ति भजनों पर नृत्य करती हुई कार्यक्रम स्थल पर पहुंचीं। ध्वजारोहण, भूमि शुद्धि के बाद प्रतिष्ठाचार्य द्वारा मंत्रों के उच्चारण के साथ ही धर्मावलंबियों की उपस्थिति में पंचकल्याणक वेदी शिलान्यास का कार्यक्रम भक्तिभाव से किया गया। आयोजन को सफल बनाने में लक्ष्मी राकेश गिरि पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष, डोली जैन पूर्व अध्यक्ष महिला मोर्चा टीकमगढ़, रामलखन गौतम सरपंच, पवन जैन, डॉ.इंद्राकुमार जैन, राजेंद्र जैन शिक्षक बुडेरा, प्रो.राकेश जैन घुवारा, वीरेंद्र सपोन, राजकुमार जैन मबई, सियाराम गौतम एवं महामहोत्सव समिति निरंजन जैन विजय विसरद, पुष्पेंद्र,नीरज, अरविंद्रा सेठ एवं मंदिर कमेटी लार के दिनेश जैन, गौरभ जैन, हेमंत जैन का योगदान रहा। इस मौके पर टीकमगढ़, बड़ागांव, समर्रा, अहार जी, बुडेरा, अजनौर, सपोन, मुंबई आदि स्थानों से सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। प्रतिष्ठाचार्य संजय जैन गुणाशीष अहार ने कहा कि पुण्यात्मा की संपत्ति ही पुण्य कार्य में लगती है। जब हमारा तीव्र पुण्य का उदय होता है और जन्म-जन्म के संचित पुण्य कर्म उदय में आते हैं, तब हमारे भाव दान करने के एवं महा महोत्सव में सम्मिलित होने के बनते हैं। भक्ति, शक्ति और समर्पण के इस संगम में सैकड़ों भक्तों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/panch_kalyanak_altar_foundation_stone_was_laid_with_devotion/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>मुनिश्री समत्व सागरजी ने कहा प्राचीन क्षेत्र के संरक्षण से ही संस्कृति सुरक्षित: पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव के प्रमुख पात्रों का चयन 25 जनवरी को  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/munishri_samatva_sagarji_said_that_culture_can_only_be_preserved_through_the_protection_of_ancient_sites/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/munishri_samatva_sagarji_said_that_culture_can_only_be_preserved_through_the_protection_of_ancient_sites/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shree Phal News]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 05 Jan 2026 12:55:55 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Acharya Shri Vishuddha Sagarji Maharaj]]></category>
		<category><![CDATA[Development Block Madavara]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Muni Shri Samatva Sagarji]]></category>
		<category><![CDATA[Munishree Sheelsagarji Maharaj]]></category>
		<category><![CDATA[Shrimajjinendra Panchkalyanak Pratishtha]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[आचार्य श्री विशुद्ध सागर जी महाराज]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[मुनि श्री समत्व सागरजी]]></category>
		<category><![CDATA[मुनिश्री शीलसागरजी महाराज]]></category>
		<category><![CDATA[विकासखंड मडावरा]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीमज्जिनेन्द्र पंचकल्याणक प्रतिष्ठा]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=97801</guid>

					<description><![CDATA[विकासखंड मडावरा अन्तर्गत शांतिनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र कारीटोरन में आचार्य श्री विशुद्ध सागरजी महाराज के आशीर्वाद एवं मुनि श्री समत्व सागरजी, मुनिश्री शीलसागरजी महाराज के ससंघ सानिध्य में श्रीमज्जिनेन्द्र पंचकल्याणक प्रतिष्ठा गजरथ महोत्सव की व्यवस्थाओं को क्षेत्रीय जैन समाज ने अंतिम रूप दिया। ललितपुर से पढ़िए, यह खबर&#8230; ललितपुर। विकासखंड मडावरा अन्तर्गत शांतिनाथ दिगंबर [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>विकासखंड मडावरा अन्तर्गत शांतिनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र कारीटोरन में आचार्य श्री विशुद्ध सागरजी महाराज के आशीर्वाद एवं मुनि श्री समत्व सागरजी, मुनिश्री शीलसागरजी महाराज के ससंघ सानिध्य में श्रीमज्जिनेन्द्र पंचकल्याणक प्रतिष्ठा गजरथ महोत्सव की व्यवस्थाओं को क्षेत्रीय जैन समाज ने अंतिम रूप दिया। <span style="color: #ff0000">ललितपुर से पढ़िए, यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>ललितपुर</strong>। विकासखंड मडावरा अन्तर्गत शांतिनाथ दिगंबर जैन अतिशय क्षेत्र कारीटोरन में आचार्य श्री विशुद्ध सागरजी महाराज के आशीर्वाद एवं मुनि श्री समत्व सागरजी, मुनिश्री शीलसागरजी महाराज के ससंघ सानिध्य में श्रीमज्जिनेन्द्र पंचकल्याणक प्रतिष्ठा गजरथ महोत्सव की व्यवस्थाओं को क्षेत्रीय जैन समाज ने अंतिम रूप दिया। आगामी 25 जनवरी को पंचकल्याणक वेदिका शिलान्यास एवं प्रतिष्ठा महोत्सव के पात्रों का चयन मुनिसंघ के सानिध्य में होना प्रस्तावित है। मुनि श्री समत्व सागरजी महाराज ने धर्मसभा में कहा कि अतिशय क्षेत्र पर पंचकल्याणक की महिमा अपने आप में अद्वितीय होती है। उन्होंने कहा प्राचीन क्षेत्र का संरक्षण जरूरी है, तभी हमारी संस्कृति सुरक्षित रहेगी। जहां श्री शांतिनाथ भगवान का सातिशय है। यहां के पंचकल्याणक तो अतिशयकारी होगे ही साथ ही इसमें सम्मलित होने वाले पात्र अपने आप में सौभाग्यशाली रहेंगे। मुनि श्री ने क्षेत्र की प्राचीनता के दर्शन कर प्राचीन क्षेत्र के संरक्षण के लिए समाज का आह्वान किया और कहा कि प्राचीन क्षेत्र हमारी समाज की धरोहर है। धर्मसभा का मंगलाचरण मुनिश्री शीलसागरजी महाराज ने प्रभु मक्ति चितवन से किया।</p>
<p><strong>स्वयंसेवी संस्थाएं आयोजन की भव्यता के लिए एकजुट हैं</strong></p>
<p>प्रतिष्ठा महोत्सव समिति के अध्यक्ष मुन्नालाल जैन सैदपुर की अध्यक्षता एवं मुख्य सलाहकार इंजी अनिल जैन अंचल के मुख्य आतिथ्य में हुई बैठक में प्रतिष्ठा महोत्सव के निर्देशक पं. महेश जैन डीमापुर ने आगामी 7 से 13 मार्च तक होने वाले महामहोत्सव के संबंध में बताया कि 11 फिट की खडगासन चौबीसी की प्रतिष्ठा अतिशय क्षेत्र पर भव्यता के साथ होने जा रही है। जिसमें मुख्य प्रतिष्ठाचार्य पं. कमल कुमार कमलांकुर भोपाल रहेंगे। प्रतिष्ठा महोत्सव के सौभाग्यशाली पात्रों को लेकर क्षेत्रीय जैनसमाज में उत्साह है और स्वयंसेवी संस्थाएं आयोजन की भव्यता के लिए एकजुट हैं। महोत्सव के महामंत्री शिखरचंद जैन भेलसी ने बताया कि महोत्सव में देश के दूरांचलों से जहां श्रेष्ठीजनों ने अपनी स्वीकृतियां दी है। वहीं शासन प्रशासन के राजनेताओं के पहुंचने की संभावना है।</p>
<p><strong>इन्होंने विचार व्यक्त किए </strong></p>
<p>इस मौके पर स्वागत अध्यक्ष अजित जैन खजुरिया, शिव प्रसाद अमरमउ, माधव प्रसाद शास्त्री शाहगढ़, डॉ. श्रयांस जैन ककरवाहा, अक्षय अलया, मनोज जैन मीडिया, अशोक जैन कान्तिकारी, राकेश जैन केशरिया बडागांव, वीके जैन मढ़ावरा, डॉ. शिखरवंद जैन सिलौनिया, आनंदीलाल जैन लुहर्रा, देवेंद्र सर्राफ, भरत जैन धुवारा,‌ नरेंद्र सेठी, डॉ. विजय जैन सिंघई सुरेश कुमार जैन टीकमगढ़, मुकेश जैन सैदपुर आदि ने विचार व्यक्त किए।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/munishri_samatva_sagarji_said_that_culture_can_only_be_preserved_through_the_protection_of_ancient_sites/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>जन्म कल्याणक पर प्रमुख मार्गों से विशाल शोभायात्रा निकाली : पाडूक शिला पर शचि इंद्राणी ने किया किया आदि कुमार का श्रंगार  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/a_huge_procession_was_taken_out_on_the_main_roads_on_the_occasion_of_janma_kalyanak/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/a_huge_procession_was_taken_out_on_the_main_roads_on_the_occasion_of_janma_kalyanak/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 13 Dec 2025 12:52:42 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Muni Pungavshree Sudhasagarji Maharaj Sangh]]></category>
		<category><![CDATA[Pichchika change ceremony]]></category>
		<category><![CDATA[Shri Digambar Jain Youth Group]]></category>
		<category><![CDATA[Shrimad Jinendra Panch Kalyanak Pratishtha Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[World Peace Mahayagna]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[पिच्छिका परिवर्तन समारोह]]></category>
		<category><![CDATA[मुनि पुंगवश्री सुधासागरजी महाराज ससंघ]]></category>
		<category><![CDATA[विश्व शांति महायज्ञ]]></category>
		<category><![CDATA[श्री दिगंबर जैन युवा वर्ग]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीमद् जिनेंद्र पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=96318</guid>

					<description><![CDATA[श्रीमद् जिनेंद्र पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव एवं विश्व शांति महायज्ञ एवं गजरथ महोत्सव का आयोजन मुनि पुंगवश्री सुधासागरजी महाराज ससंघ के सान्निध्य एवं प्रतिष्ठाचार्य प्रदीप भैया के निर्देशन हो रहा है। पंच कल्याणक महोत्सव में शुक्रवार दोपहर बाद श्री दिगंबर जैन युवा वर्ग के संयोजकत्व में दिगंबर जैन पंचायत कमेटी के तत्वावधान में पिच्छिका परिवर्तन [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>श्रीमद् जिनेंद्र पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव एवं विश्व शांति महायज्ञ एवं गजरथ महोत्सव का आयोजन मुनि पुंगवश्री सुधासागरजी महाराज ससंघ के सान्निध्य एवं प्रतिष्ठाचार्य प्रदीप भैया के निर्देशन हो रहा है। पंच कल्याणक महोत्सव में शुक्रवार दोपहर बाद श्री दिगंबर जैन युवा वर्ग के संयोजकत्व में दिगंबर जैन पंचायत कमेटी के तत्वावधान में पिच्छिका परिवर्तन समारोह रखा गया। <span style="color: #ff0000">अशोकनगर से पढ़िए, यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>अशोक नगर।</strong> श्रीमद् जिनेंद्र पंच कल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव एवं विश्व शांति महायज्ञ एवं गजरथ महोत्सव का आयोजन मुनि पुंगवश्री सुधासागरजी महाराज ससंघ के सान्निध्य एवं प्रतिष्ठाचार्य प्रदीप भैया के निर्देशन हो रहा है। पंच कल्याणक महोत्सव में शुक्रवार दोपहर बाद श्री दिगंबर जैन युवा वर्ग के संयोजकत्व में दिगंबर जैन पंचायत कमेटी के तत्वावधान में पिच्छिका परिवर्तन समारोह रखा गया। इसमें मुनिपुंगव श्री सुधासागरजी महाराज के संघ ने अपनी पुरानी पिच्छिका को बदल कर नई पिच्छिका ग्रहण की। इस अवसर पर मुनिश्री सुधासागर जी महाराज ने कहा कि सब कुछ करने के बाद भी आपके मन में भाव आए अभी इससे भी आगे कुछ है। उन्होंने कहा कि सब कुछ करने के बाद उस समय तुम्हारे मन में भाव आए जो वैभव दिख रहा है, इससे अभी कुछ और बाकी है। यहां तक कि आपके नेत्र सूर्य विमान में बैठे प्रभु के दर्शन भी कर ले तो भी भाव आए अभी कुछ बाकी है। थक जाना जिंदगी का विराम है। थक गए तो रुक गए। थकने का काम नहीं है, अभी मैंने जो कुछ भी किया वह पूर्णता है। बहुत सुन लिया, बहुत सुन लिया। फिर भी सुबह से हाऊस फूल। अभी भी कुछ और बड़ी चीत अभी बाकी है। अंदर की आवाज कभी झूठ नहीं होती।</p>
<p><strong>इन समाजजन को मिला सौभाग्य </strong></p>
<p>इस दौरान जैन समाज के मंत्री विजय धुर्रा ने कहा कि मुनि पुंगव श्री सुधासागरजी महाराज ससंघ का भव्य पिच्छिका परिवर्तन समारोह कमेटी मंत्री शैलेन्द्र श्रागर के मधुर भजनों के साथ हुआ। मंडी प्रांगण स्थिति अयोध्या नगरी में दोपहर एक बजे से संगीत के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ बालिका जैन युवा वर्ग की संगीत नृत्य के साथ प्रस्तुत हुई। श्री दिगंबर जैन युवा वर्ग की ओर से पिच्छिका परिवर्तन समारोह में मुनि श्री सुधासागरजी महाराज की पिच्छिका दर्शनोदय तीर्थ थूवोनजी में हुई दीक्षा के प्रसंग को लेकर आए। पिच्छिका का भेंट करने का सौभाग्य महाज्ञय नायक पदमकुमार सौरभ कुमार बांझल परिवार को मिला। वहीं पुरानी पिच्छिका चक्रवर्ती राकेश अमरोद परिवार को मिली। वहीं गंभीर सागर जी महाराज की पुरानी पिच्छिका विपिन सिंघई को मिली। नवीन पिच्छिका ब्रह्मचारी भाई-बहनों ने भेंट की।</p>
<p><strong>इन्होंने किया समाजजनों का सम्मान </strong></p>
<p>इन सभी का सम्मान जैन समाज अध्यक्ष राकेश कांसल, उपाध्यक्ष अजित बरोदिया, प्रदीप तारई, राजेंद्र अमन, महामंत्री राकेश अमरोद, कोषाध्यक्ष सुनील अखाई, मंत्री शैलेंद्र श्रागर, मंत्री संजीव भारिल्य, मीडिया प्रभारी अरविंद कचनार, ऑडिटर संजय केटी, संयोजक मनोज रन्नौद, उमेश सिंघई, मनीष सिंघई श्रेयांस घैला थूवोनजी अध्यक्ष अशोक जैन टींगू मिल महामंत्री मनोज भैसरवास ने किया।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/a_huge_procession_was_taken_out_on_the_main_roads_on_the_occasion_of_janma_kalyanak/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>हम अपनी गलतियां नहीं देखते दूसरों की गलतियां दिख जाती है : विश्व शांति महायज्ञ गजरथ महोत्सव का ध्वजारोहण के साथ होगा शुभारंभ </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/we_dont_see_our_own_mistakes_we_see_the_mistakes_of_others/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/we_dont_see_our_own_mistakes_we_see_the_mistakes_of_others/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 08 Dec 2025 16:22:11 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Festival]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Muni Pugav Shri Sudhasagarji]]></category>
		<category><![CDATA[Religious Assembly]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Subhashganj Ground]]></category>
		<category><![CDATA[World Peace Mahayagna]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[धर्मसभा]]></category>
		<category><![CDATA[मुनि पुगंव श्री सुधासागरजी]]></category>
		<category><![CDATA[विश्व शांति महायज्ञ]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[सुभाषगंज मैदान]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=96074</guid>

					<description><![CDATA[दूसरों की छोटी-छोटी गलतियां दिख जाती हैं। हम अपनी ग़लतीया नहीं देखते। अपने जीवन को अच्छा बनाने के लिए सबसे पहले हमें अपनी गलती को देखने की कला सिखाना होगी। यह उद्गार सुभाषगंज मैदान में धर्मसभा को संबोधित करते हुए मुनि पुगंव श्री सुधासागरजी महाराज ने व्यक्त किए। अशोकनगर से पढ़िए, यह खबर&#8230; अशोकनगर। दूसरों [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>दूसरों की छोटी-छोटी गलतियां दिख जाती हैं। हम अपनी ग़लतीया नहीं देखते। अपने जीवन को अच्छा बनाने के लिए सबसे पहले हमें अपनी गलती को देखने की कला सिखाना होगी। यह उद्गार सुभाषगंज मैदान में धर्मसभा को संबोधित करते हुए मुनि पुगंव श्री सुधासागरजी महाराज ने व्यक्त किए। <span style="color: #ff0000">अशोकनगर से पढ़िए, यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>अशोकनगर।</strong> दूसरों की छोटी-छोटी गलतियां दिख जाती हैं। हम अपनी ग़लतीया नहीं देखते। अपने जीवन को अच्छा बनाने के लिए सबसे पहले हमें अपनी गलती को देखने की कला सिखाना होगी। यह उद्गार सुभाषगंज मैदान में धर्मसभा को संबोधित करते हुए मुनि पुगंव श्री सुधासागरजी महाराज ने व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि हमसे दूसरे लोगों को बहुत लाभ हो रहा है लेकिन, स्वयं का कुछ नहीं हो पा रहा। ये जितने ज्योतिष होते हैं वह दूसरों के भविष्य को बता रहे हैं। डॉक्टर दुनिया की चिकित्सा कर रहे हैं लेकिन, स्वयं का उनसे इलाज होता ही नहीं है। मुनिश्री ने कहा कि जब-जब ज्ञान करने का उद्देश्य आजीविका रहेगा तो आप स्वयं के लिए कुछ नहीं कर पाए। जब-जब भी पूर्व कर्म कर उसके बदले दुनिया की सुख सुविधा ख्यति लाभ पूजा मांग और वस्तुता उसे स्वयं के किये कर्म से उसे सब कुछ मिला लेकिन, उसके धर्म करने के भाव नहीं होंग।े रावण ने रहने को सोने के लंका चाहीं और मिली। रावण ने पूर्व भव में बहुत सेवा की इसके कारण उसे बज वृषभ नारायण सिंहासन मिला। रावण जैसी भक्ति आज तक संसार में किसी ने नहीं की। वह भक्ति करते समय शीश काट-काट कर चढ़ा देता है। भक्ति करते समय अपने हाथ की नश को बीड़ा पर चढ़ा देता है। सब जानते हैं मनुष्य पर्याय मिली है, दान पुण्य करना अच्छी चीज है।</p>
<p><strong>अमृत का गिलास भरा पड़ा है फिर भी नहीं पी रहा </strong></p>
<p>मुनिश्री ने कहा कि अमृत का गिलास भरा पड़ा है फिर भी नहीं पी रहे। सब कुछ जान कर भी अमृत से दूर हैं। तू जान रहा हैं फिर भी नहीं कर पा रहा। गुटखा तंबाकू बहुत ख़राब है, ये नुकसान करता है। शराब बहुत गंदी है। ये व्यक्ति को बर्बाद कर देगी। घर परिवार उजड़ जाते हैं बाल बच्चे अनाथ हो जायेंगे। फिर भी शराब पीये जा रहा है। रावण जैसा ज्ञानी गलती किये जा रहा है। उस समय रावण बराबर ज्ञानी कोई नहीं था। रावण बराबर धनी शक्तिशाली कोई नहीं था जिसके घर में सैकड़ों अप्सरा जैसी रानीया बैठी हैं फिर भी रावण के परिणाम बिगड गये। अर्धचक्री की रानी या परम धर्मात्मा सुशील होती है। बहुत ही सुंदर है रूपवान होती है। मंदोदरी कहती हैं फिर भी आपके परिणाम बिगड रहे हैं। रावण कहता है मंदोदरी क्या ये मैं नहीं समझ रहा। फिर भी खिंचा चला जा रहा। पूर्व भव में भगवान की भक्ति करते समय धन दौलत सुख भोग विलास के लिए मांगी। इसलिए आज उनके भाव धर्म करने के नहीं हो रहे। ऐसे ही हमारी स्थिति है। यहां आपके पास धन दौलत सब कुछ है। फिर भी आपके भाव धर्म करने के नहीं होते चाहिए।</p>
<p><strong>’भगवान से दूर रहने के कारणों को आप स्वयं जांचे</strong></p>
<p>मुनिश्री ने कहा कि आप लोग भी किन कारणों से अधर्म कर रहे हो। किस-किस के कारण आप धर्म छोड़ रहे हो। धन के लिए यही धन आपके लिए बर्बादी का कारण बनेगा। जो-जो कार्य आपने बड़ांे के मना करने पर किया भी आप कर रहे हैं। यही कारण आपको जगत में पीछे ले जायेंगे, जिन-जिन कार्यों के कारण आप भगवान से दूर हो रहे।</p>
<p><strong>इन्द्र प्रतिष्ठा के साथ होंगी पात्र शुद्धि मंडल शुद्धि</strong></p>
<p>जैन समाज के मंत्री विजय धुर्रा ने कहा कि मंगलवार अशोक नगर के लिए बहुत ही पावन पवित्र दिवस होगा। जब हम शहरवासी मुनि पुंगव श्रीसुधासागरजी महाराज ससंघ के सान्निध्य एवं प्रतिष्ठा चार्य प्रदीप भैया के मंत्रोच्चार के बीच बैठकर जगत कल्याण की कामना के लिए विश्व शांति महायज्ञ करने जा रहे हैं। महा महोत्सव का शुभारंभ ध्वजा रोहण सभा मंडप के उद्घाटन के साथ होगा। मंगलवार सुबह श्री जी को रजत रथ यात्रा पालकी विमान जी के साथ घटयात्रा सुबह सात बजे सुभाष गंज मैदान से प्रारंभ होकर विद्या सागर द्वार, भगवान महावीर मार्ग, गांधी पार्क मंडी रोड होते हुए जो मंडी स्थित अयोध्या नगरी में धर्म सभा में बदलेगी। जैन समाज अध्यक्ष राकेश कांसल, उपाध्यक्ष अजित वरोदिया, प्रदीप तारई, राजेंद्र अमन, महामंत्री राकेश अमरोद, कोषाध्यक्ष सुनील अखाई, मंत्री शैलेन्द्र श्रागर, मंत्री विजय धुर्रा, मंत्री संजीव भारिल्य, मीडिया प्रभारी अरविंद कचनार, ऑडिटर संजय केटी, संयोजक मनोज रन्नौद, उमेश सिंघई, मनीष सिंघई, श्रेयांस घैला थूवोनजी, अध्यक्ष अशोक जैन टींगू, मिल महामंत्री मनोज भैसरवास, विपिन सिंघई ने सभी से सदा रथयात्रा बढ़ चढ़ कर भाग लेने का निवेदन किया है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/we_dont_see_our_own_mistakes_we_see_the_mistakes_of_others/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>सफल व्यक्ति अपना लोहा मनवा लेता है: मुनि श्री सुधासागरजी महाराज ने सुभाष गंज मैदान में दिया दिव्य संबोधन  </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/a_successful_person_gets_his_irony_recognized/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/a_successful_person_gets_his_irony_recognized/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Wed, 03 Dec 2025 13:31:11 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Festival]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[jain samaj]]></category>
		<category><![CDATA[Muni Shri Sudhasagarji Maharaj]]></category>
		<category><![CDATA[Shri Mad Jinendra Panch Kalyanak Festival]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Subhash Ganj Maidan]]></category>
		<category><![CDATA[World Peace Mahayagna]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[मुनि श्री सुधासागरजी महाराज]]></category>
		<category><![CDATA[विश्व शांति महायज्ञ]]></category>
		<category><![CDATA[श्री मद् जिनेन्द्र पंच कल्याणक महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[सुभाष गंज मैदान]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=95837</guid>

					<description><![CDATA[नगर को अयोध्या नगरी बनाने लिए अपने हृदय को पवित्र करना होगा। हमारे यहां प्रभु आएंगे। कार्यक्रम में पंच कल्याणक महोत्सव की पत्रिका का विमोचन किया गया। समन्वय ग्रुप घर-घर जाकर पंच कल्याणक के वस्त्र आभूषण दे रहा है। अशोकनगर से पढ़िए, राजीव सिंघई मोनू की यह खबर&#8230; अशोक नगर। हमारे लिए अपनी खुद की [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>नगर को अयोध्या नगरी बनाने लिए अपने हृदय को पवित्र करना होगा। हमारे यहां प्रभु आएंगे। कार्यक्रम में पंच कल्याणक महोत्सव की पत्रिका का विमोचन किया गया। समन्वय ग्रुप घर-घर जाकर पंच कल्याणक के वस्त्र आभूषण दे रहा है। <span style="color: #ff0000">अशोकनगर से पढ़िए, राजीव सिंघई मोनू की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>अशोक नगर।</strong> हमारे लिए अपनी खुद की अहमियत पहचान चाहिए। तुम अपनी दृष्टि में क्या हो जब तक व्यक्ति अपना स्वयं का मूल्यांकन नहीं करता। उसे अपनी अहमियत का एहसास ही नहीं होता। आपकी कोई कद्र नहीं होगी। यह उद्गार सुभाषगंज मैदान में धर्मसभा में मुनि श्री सुधासागर जी महाराज ने व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि दुनिया मेरी प्रतिभा का मूल्यांकन करें। दुनिया मेरी लायकी को समझे। दुनिया लायक को नालायक बनाने में लगी है किसी को नहीं पड़ी कि वह आपके लायकी का ढोल पीटे यहां तो लोग ना लगाने में लगे हैं लायक को भी नालायक बताते हुए नहीं चूकते तुम्हारे लिए अपनी लायकी दुनिया को बतानी होगी सफल भी वही होता है, जो अपना मूल्यांकन स्वयं कर लेता है और दुनिया से अपना लोहा मनवा लेता है। इस दौरान जैन समाज के मंत्री विजय धुर्रा ने कहा कि हमें अपने नगर को अयोध्या नगरी बनाना है। हमें अपने आप को पवित्र पावन बनना है। तीन लोक के नाम हमेशा से ही परम पावन अयोध्या नगरी में जन्मते हैं। यहां की प्रजा का हृदय अत्यंत पावन होता है हमें भी इस धरती पर परम पिता परमेश्वर को बुलाना है। प्रभु आए तो उसके पहले हमारा नगर दुनिया की सर्वश्रेष्ठ भूमि अयोध्या जी बन जाए। इसके लिए हमें अभी से प्रयास करना होगा। हम अपने आप को जितना पवित्र और पावन बनाएं। उतना ही चमत्कार देखने को मिलेगा।</p>
<p><strong>मुख्य पत्रिका का विमोचन किया </strong></p>
<p>इस दौरान श्री मद् जिनेन्द्र पंच कल्याणक महोत्सव एवं विश्व शांति महायज्ञ एवं गजरथ महोत्सव की मुख्य पत्रिका का विमोचन जैन समाज अध्यक्ष राकेश कांसल, उपाध्यक्ष अजित बरोदिया, प्रदीप तारई, राजेंद्र अमन, महामंत्री राकेश अमरोद, कोषाध्यक्ष सुनील अखाई, मंत्री शैलेंद्र श्रागर, मंत्री विजय धुर्रा, मंत्री संजीव भारिल्य, मीडिया प्रभारी अरविंद कचनार, ऑडिटर संजय केटी, संयोजक मनोज रन्नौद, उमेश सिंघई, मनीष सिंघई श्रेयांस घैला, थूवोनजी अध्यक्ष अशोक जैन टींगू, मिल महामंत्री मनोज भैसरवास, विपिन सिंघई समन्वय ग्रुप के साथियों ने किया। महोत्सव के वस्त्र आभूषण धोती दुपट्टा सहित अन्य आभूषण समन्वय ग्रुप के सभी सदस्यों घर-घर पहुंच कर देने का संकल्प लेकर मुनिश्री से आशीर्वाद प्राप्त किया।</p>
<p><strong>ऊंची दुकान और फीके पकवान जैसी स्थिति से बचें</strong></p>
<p>मुनिश्री ने कहा कि दुनिया मेरी जिंदगी का मूल्यांकन करें मैं बहुत मूल्यवान वस्तु हूं। जब में मूल्यवान कहता है तो ऐसा ना हो कि तुम्हें मूल्यांकन समझाकर तुम्हारे यहां कोई आए ही ना इसलिए आचार्य श्री कुंदकुंद स्वामी ने कहा कि जहां उन्होंने कहा था कि तू भगवान चैतन्य घन स्वरूप आत्मा हूं। ऐसा सुनकर लोगांे ने आपकी दुकान पर आना ही बंद कर दिया। अपनी वस्तु की कीमत घोषित करने के पहले जरा बाजार के भाव को देख तुम अपने आप को भगवान घोषित कर रहे हो। जरा अपने आप को देखो पहले भगवान का स्वरूप देखो, भगवान के लक्षण देखो, ऊंची दुकान और फीके पकवान जैसी स्थिति नहीं बनाना, हमारे पास राग द्वेष बहुत है। यदि तुम्हारे पास राग द्वेष की एक भी कड़िका है तो तुम अपने आप को प्रभु के समकक्ष नहीं हो सकते। मार्ग तो यही है यही से चल कर आप भगवान बन सकते हैं लेकिन, इसके लिए आपको आप को झोंकना होगा।</p>
<p><strong>’संसार में तुम्हें कोई छोड़ना नहीं चाहता’</strong></p>
<p>उन्होंने कहा कि संसार में तुम्हें कोई छोड़ना नहीं चाहता। आप अपने बेटे को थोड़ी सी छूट दे दी और यदि उसने छूट का फायदा उठाकर जो तुम्हारे लिए जो नहीं करना था। वह कर दिया। पिता का कर्त्तव्य है कि वह अपने बेटे को पतन की ओर ना धकेले। सही मार्ग तो है कि पिता बेटे को सही राह दिखायें कुछ बेटे ऐसे भी होते हैं, जिनकी पहचान बेटों से होती है। आज ये मंच पर बैठे हैं। ऐलक जी महाराज आपको देखकर कैसा लग रहा है। हम ख़ुद घर से भागकर आए आप ही बताइए भैया आपको कैसा लग रहा है। यही तो वह बात है कि दुनिया यहां दीवानी हो कर आती है और खुशी-खुशी जाती है।</p>
<p><strong>बढ़े तुम्हारी प्रसंशा करेंगे आपको प्रशंसा से दूर रहना है</strong></p>
<p>उन्होंने कहा कि बेटे तुम्हारी प्रसंशा करेंगे आपको प्रशंसा में नहीं पड़ना है। यदि आप अपनी प्रसंशा सुनकर छोटे आदमी थोड़ी प्रशंसा सुनकर भूलकर कूप्पा हो जाए तो समझ लेना। अब आपका विकास रुक गया। सारी दुनिया आपकी प्रशंसा करें तो फूल जाना। यदि बड़े आपकी प्रशंसा करें तो आप अपनी नजर नीची कर लेना एक विद्वान के चार बेटे थे सुंदर गुणवान सुशील थे लेकिन, तोतली बोली थी। उनके विवाह नहीं हो रहे थे। उनके पिता ने विवाह प्रस्ताव लेकर आने वालों के सामने मौन रहने को कहा लेकिन, प्रशंसा सुनकर वह बोल पड़े हम विफल क्यों होते है। उसमें सबसे बड़ी हम अपनी प्रशंसा सुनकर भूलकर मद मस्त नहीं होना है। अपने मन में प्रशंसा का भाव आता है यही से आपकी प्रगति रुक जाती है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/a_successful_person_gets_his_irony_recognized/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>पंचकल्याणक महोत्सव के अंतिम दिन भगवान आदिनाथ को मिला मोक्ष : निकाली गजरथ फेरी उमड़ा जनसैलाब, किया विश्वशांति महायज्ञ </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/lord_adinath_attained_salvation_on_the_last_day_of_the_panchkalyanak_festival/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/lord_adinath_attained_salvation_on_the_last_day_of_the_panchkalyanak_festival/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sun, 30 Nov 2025 11:03:00 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Festival]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Lord Adinath]]></category>
		<category><![CDATA[Panch Kalyanak Festival]]></category>
		<category><![CDATA[Shri Majjinendra Jina idol Panch Kalyanak Pratishtha]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[World Peace Mahayagna]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[पंचकल्याणक महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[भगवान आदिनाथ]]></category>
		<category><![CDATA[विश्वशांति महायज्ञ]]></category>
		<category><![CDATA[श्री मज्जिनेन्द्र जिनबिंब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=95662</guid>

					<description><![CDATA[उदार सागर जन कल्याण तीर्थधाम बड़ागांव में आचार्य श्री उदार सागर जी महाराज के ससंघ सानिध्य में श्री मज्जिनेन्द्र जिनबिंब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव रविवार को गजरथ फेरी के साथ समापन हुआ। बड़ागांव धसान से पढ़िए, मुकेश जैन लार की यह खबर&#8230; बड़ागांव धसान। उदार सागर जन कल्याण तीर्थधाम बड़ागांव में आचार्य श्री उदार [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>उदार सागर जन कल्याण तीर्थधाम बड़ागांव में आचार्य श्री उदार सागर जी महाराज के ससंघ सानिध्य में श्री मज्जिनेन्द्र जिनबिंब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव रविवार को गजरथ फेरी के साथ समापन हुआ। <span style="color: #ff0000">बड़ागांव धसान से पढ़िए, मुकेश जैन लार की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>बड़ागांव धसान।</strong> उदार सागर जन कल्याण तीर्थधाम बड़ागांव में आचार्य श्री उदार सागर जी महाराज के ससंघ सानिध्य में श्री मज्जिनेन्द्र जिनबिंब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव रविवार को गजरथ फेरी के साथ समापन हुआ। इस मौके पर कार्यक्रम स्थल पर लोगों का जनसैलाब देखने को मिला। सुबह जैसे ही आदिनाथ को कैलाश पर्वत से निर्वाण के साथ मोक्ष हुआ। वैसे ही आचार्य उदार सागर महाराज ससंघ सानिध्य में प्रतिष्ठाचार्य ब्र.जयकुमार निशान्त,ब्र.संजीव भाईया ब्र.संजय भाईया आहार ने मंत्र उच्चारण के साथ यज्ञनायक, सौधर्म इन्द्र,कुबेर सहित इंद्र-इंद्राणियो ने विश्व शांति महायज्ञ में अग्नि प्रकट कर पूरे विश्वशांति के लिए यज्ञकुंड में आहुति देकर विश्व की कामना करते हुए पूर्णाहुति दी। इस पूरे आयोजन में एक हजार से अधिक प्रतिमाओं को प्राण प्रतिष्ठित किया गया। जिन्हें मुख्य बेदिका सहित सहस्त्रकूट जिनालय मे प्रतिमाओं को विराजित के साथ-साथ भगवान मुनि सुव्रतनाथ जी का महामस्तकाभिषेक किया गया। पंचकल्याणक कार्यक्रम में पाषाण से लेकर भगवान बनने की प्रक्रिया हुई, जो गर्भ कल्याणक से शुरू होकर और मोक्ष कल्याणक के रूप तक हुई।</p>
<p>गजरथ रथ ने पंडाल की लगाई सात परिक्रमा पंचकल्याणक महोत्सव के अंतिम दिन भगवान आदिनाथ को मोक्ष प्राप्ति के उपरांत गजरथ फेरी निकाली गई। जिसमे बड़ी संख्या में जैन समाज का जनसैलाब उमड़ पडा। गजरथ रथयात्रा में सबसे आगे हाथी पर जैन ध्वज के साथ रथ के मुख्य सारथी विजय जैन अलोक जैन थे। गजरथ रथयात्रा में इन्द्र-इन्द्राणी सवार होकर भगवान अदिनाथ की प्रतिमा को लेकर बैठे थे। गजरथ फेरी मे आचार्य उदार सागर महाराज, मुनिश्री उपशांत सागर महाराज ससंघ एवं हजारों की संख्या में जैन समाज के लोगो ने पंडाल की सात परिक्रम लगाई गई। गजरथ के पीछे से महिलाएं भजन गाती एवं हाथो से रथ को ढकेलती हुई चल रहीं थी। उदयपुुर बैंड के भजनों पर बालक और बालिकाएं नृत्य करते हुए चल रहे थे। गजरथ जुलुस में बग्गी, हाथी-घोड़ा दल, तमोरा भजन एवं महिला मंडल का डांडिया नृत्य मुख्य आकर्षण का केंद्र रहा। इस पंचकल्याणक आखरी दिन गजरथ रथ में सम्मिलित होने के लिए लार, टीकमगढ़, सागर, जबलपुर, छतरपुर, कलकत्ता, सहजपुर,बांसा सहित जैन समाज के लोग शामिल हुए। फेरी के बाद पंडाल में भगवान जिनेन्द्र का अभिषेक किया गया।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/lord_adinath_attained_salvation_on_the_last_day_of_the_panchkalyanak_festival/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>जैन तीर्थ बड़ागांव में पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव : समाजजनों ने जोर-शोर से की तैयारियां पूर्ण </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/panch_kalyanak_pratishtha_festival_at_jain_tirtha_baragaon/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/panch_kalyanak_pratishtha_festival_at_jain_tirtha_baragaon/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Sat, 22 Nov 2025 16:48:25 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Bajnishila]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Sadhu]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain muni]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Jain pilgrimage Badgaon]]></category>
		<category><![CDATA[jain sadhvi]]></category>
		<category><![CDATA[jain samachar]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Jaineratal]]></category>
		<category><![CDATA[Panch Kalyanak Pratishtha Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[Shriphal Jain News]]></category>
		<category><![CDATA[Siddhas' Waterfall]]></category>
		<category><![CDATA[World Peace Mahayagna]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन तीर्थ बड़ागांव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन मुनि]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समुदाय]]></category>
		<category><![CDATA[जैन साध्वी]]></category>
		<category><![CDATA[जैनेराताल]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर जैन]]></category>
		<category><![CDATA[दिगंबर साधु]]></category>
		<category><![CDATA[पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[बाजनीशिला]]></category>
		<category><![CDATA[विश्व शांति महायज्ञ]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[सिद्धों का झरना]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=95023</guid>

					<description><![CDATA[भव्य जिनालय की प्राण प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव सहित विश्व शांति महायज्ञ का आयोजन 23 नवंबर से 30 नवंबर तक होने जा रहा है। जिसमें संपूर्ण भारत वर्ष के कोने-कोने से जैन धर्मावलंबी सम्मिलित होंगे। मुरैना से पढ़िए, मनोज जैन नायक की यह खबर&#8230; मुरैना। जिन क्षणों की कल्पना मात्र से हमारा रोम-रोम पुलकित हो [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>भव्य जिनालय की प्राण प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव सहित विश्व शांति महायज्ञ का आयोजन 23 नवंबर से 30 नवंबर तक होने जा रहा है। जिसमें संपूर्ण भारत वर्ष के कोने-कोने से जैन धर्मावलंबी सम्मिलित होंगे। <span style="color: #ff0000">मुरैना से पढ़िए, मनोज जैन नायक की यह खबर&#8230;</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>मुरैना।</strong> जिन क्षणों की कल्पना मात्र से हमारा रोम-रोम पुलकित हो रहा है। हर्ष की अनुभूति देने वाला सुखदायक क्षण अति निकट आ चुका है। आचार्य श्री के मंगल आशीर्वाद से वह स्वप्न साकार होने जा रहा है। जिसकी हम सभी को दीर्घकाल से प्रतीक्षा थी। बुंदेलखंड की पावन धर्मधरा श्री दिगंबर जैन सिद्ध क्षेत्र फलहोड़ी बड़ागांव के अंचल में कोटि पहाड़ की तलहटी में बाजनीशिला, जैनेराताल, सिद्धों का झरना के मध्य सुरम्य वादियों में आचार्य श्री शांति सागर जी की परंपरा के षष्ठ पट्टाचार्य श्री अभिनंदन सागर जी के शिष्य आचार्य श्री उदार सागर जी महाराज एवं मुनि श्री उपशांत सागर जी की प्रेरणा एवं आशीर्वाद से निर्मित श्री उदारसागर जन कल्याण तीर्थ, जहां पर अलौकित रत्नमयी प्रतिमा सहस्त्र कूट जिनालय सहित अरिस्ट निवारक श्री मुनि सुव्रतनाथ भगवान की श्याम वर्ण पाषाण की 21 फीट अवगाहना की पद्मासन प्रतिष्ठेय प्रतिमा विराजमान है। यहां भव्य जिनालय की प्राण प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव सहित विश्व शांति महायज्ञ का आयोजन 23 नवंबर से 30 नवंबर तक होने जा रहा है। जिसमें संपूर्ण भारत वर्ष के कोने-कोने से जैन धर्मावलंबी सम्मिलित होंगे</p>
<p><strong><img fetchpriority="high" decoding="async" class="alignnone size-full wp-image-95026" src="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2025/11/IMG-20251122-WA0042.jpg" alt="" width="688" height="758" srcset="https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2025/11/IMG-20251122-WA0042.jpg 688w, https://www.shreephaljainnews.com/wp-content/uploads/2025/11/IMG-20251122-WA0042-272x300.jpg 272w" sizes="(max-width: 688px) 100vw, 688px" />श्रद्धालुओं के पधारने का लग रहा तांता</strong></p>
<p>अनेक प्रांतों से बड़ी संख्या में भक्तगणों के पधारने की शुरुआत हो चुकी है। आगंतुक अतिथियों के आवास, वाहन एवं भोजन के बेहतर व्यवस्था महोत्सव कमेटी ने की है। वही सिंघई सुरेश चंद्र बांसा, सिंघई राकेश केसरिया, चौधरी प्रसन्न, सिंघई प्रकाश चंद डूंडा, महेंद्र सिंघई, हुकुमचंद हटैया, बैन ऋषभ, डॉ. कैलाशचंद्र नुना</p>
<p>ट्रस्ट कमेटी, प्रबंध समिति व सकल जैन समाज बड़ागांव ने देश भर के जैन धर्मावलंबियों से अधिक से अधिक संख्या में पधार कर धर्म लाभ लेने की पुरजोर अपील की है।</p>
<p><strong>1051 प्रतिमाओं की प्राण प्रतिष्ठा</strong></p>
<p>प्रतिष्ठाचार्य/निर्देशक-बाल ब्रह्मचारी जय कुमार जी निशांत नवागढ़, पं सनत कुमार विनोद कुमार जी रजवाश , संजय सरस चिचौली, ब्र संजय भैया अहार, पं</p>
<p>मनीष जैन खरगापुर सम्पूर्ण धार्मिक अनुष्ठान संपादित कर रहे हैं। ब्रह्मचारी जय निशांत जी को 250 से अधिक प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव का दीर्घ अनुभव है। आपके प्रतिष्ठाचार्यत्व में इस आयोजन को अभूतपूर्व सफलता एवं आदर्श प्राप्त हुआ है। इस आयोजन में 1051 प्रतिमाओं की प्राण प्रतिष्ठा की जा रही है।</p>
<p><strong>स्थानीय सहयोगी संस्थाएं</strong></p>
<p>शांति सेवा मंडल बड़ागांव, सन्मति दिगंबर जैन पाठशाला, भारत वर्षीय दिगंबर महिला महासभा, जिनेंद्र अर्चना महिला मंडल, गुरु भक्ति महिला मंडल, राजुल बालिका दल, वर्धमान बाल विद्या निकेतन, वीर अकलंक से बदला, चंदनबाला बालिका मंडल, विमर्श जागृति मंच बड़ागांव आदि का विशेष सहयोग प्राप्त हो रहा है।</p>
<p><strong>महोत्सव स्थल का मुआयना किया</strong></p>
<p>बड़ागांव धर्णेन्द कलेक्टर उमरिया सहित बड़ागांव नगर के अनेक गणमान्य और राज नेताओं ने अवलोकन करते हुए बेहतर सुरक्षा से लेकर तमाम व्यवस्थाओं की प्रशंसा की।</p>
<p><strong>शुभ संकल्प</strong></p>
<p>सकल जैन समाज बड़ागांव एवं महोत्सव समिति उप समिति कार्यक्रम के सफलता का शुभ संकल्प लेकर पूर्ण मनोभाव निष्ठा के साथ दिन रात एक कर व्यवस्थाओं में सहयोग प्रदान कर रहे हैं। महोत्सव निर्देशक ब्र बहन सुनीता दीदी बांसा। मंच संचालक देशभर में ख्याति प्राप्त राकेश केसरिया एवं प्रभात सिंघई रहेंगे। मंच कलाकार चक्रेश जैन सौजना भूमिका निभा रहे हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/panch_kalyanak_pratishtha_festival_at_jain_tirtha_baragaon/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>बड़ागांव धसान में पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव की तैयारियां पूरी, 23 से 30 नवंबर तक भव्य आयोजन : 25 नवंबर को तरुण मित्र परिषद दिल्ली द्वारा दिव्यांग शिविर, कृत्रिम अंग और श्रवण यंत्र दिए जाएंगे </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/panchkalyanak_pratishtha_mahotsav_preparations_completed/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/panchkalyanak_pratishtha_mahotsav_preparations_completed/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 21 Nov 2025 15:48:18 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Acharya Udar Sagar]]></category>
		<category><![CDATA[Artificial Limbs Camp]]></category>
		<category><![CDATA[Badagaon Dhasan]]></category>
		<category><![CDATA[Bhajan Sandhya]]></category>
		<category><![CDATA[Cultural Event]]></category>
		<category><![CDATA[Delhi Tarun Mitra Parishad]]></category>
		<category><![CDATA[Divyang Camp]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath]]></category>
		<category><![CDATA[Garbh Kalyanak]]></category>
		<category><![CDATA[gyan kalyanak]]></category>
		<category><![CDATA[jain community]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Culture जैन न्यूज़]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Event]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Teerth]]></category>
		<category><![CDATA[Janakalyan Teerth]]></category>
		<category><![CDATA[Janma Kalyanak]]></category>
		<category><![CDATA[Kalyanak Utsav]]></category>
		<category><![CDATA[Kavi Sammelan]]></category>
		<category><![CDATA[Kerala Magician Show]]></category>
		<category><![CDATA[Moksha Kalyanak]]></category>
		<category><![CDATA[Muni Upashant Sagar]]></category>
		<category><![CDATA[Padmasan Idol]]></category>
		<category><![CDATA[Panchkalyanak Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[Philanthropy]]></category>
		<category><![CDATA[Pratishtha Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[religion news]]></category>
		<category><![CDATA[Sahastrakoot Jinalaya]]></category>
		<category><![CDATA[shrifal news]]></category>
		<category><![CDATA[Social Welfare Camp]]></category>
		<category><![CDATA[Spiritual Event]]></category>
		<category><![CDATA[Suvratnath Bhagwan]]></category>
		<category><![CDATA[Tap Kalyanak]]></category>
		<category><![CDATA[tirth kshetra]]></category>
		<category><![CDATA[Vishva Shanti Mahayagya]]></category>
		<category><![CDATA[आचार्य उदार सागर]]></category>
		<category><![CDATA[कल्याणक उत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[कवि सम्मेलन]]></category>
		<category><![CDATA[कृत्रिम अंग वितरण]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[गर्भ कल्याणक]]></category>
		<category><![CDATA[जनकल्याण तीर्थ]]></category>
		<category><![CDATA[जन्म कल्याणक]]></category>
		<category><![CDATA[जैन कार्यक्रम]]></category>
		<category><![CDATA[जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[ज्ञान कल्याणक]]></category>
		<category><![CDATA[तप कल्याणक]]></category>
		<category><![CDATA[दिल्ली तरुण मित्र परिषद]]></category>
		<category><![CDATA[दिव्यांग शिविर]]></category>
		<category><![CDATA[धार्मिक आयोजन]]></category>
		<category><![CDATA[पंचकल्याणक महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[पद्मासन प्रतिमा]]></category>
		<category><![CDATA[प्रतिष्ठा महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[बड़ागांव धसान]]></category>
		<category><![CDATA[भजन संध्या]]></category>
		<category><![CDATA[मायाजाल कार्यक्रम]]></category>
		<category><![CDATA[मुनि उपशांत सागर]]></category>
		<category><![CDATA[मोक्ष कल्याणक]]></category>
		<category><![CDATA[विश्व शांति महायज्ञ]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[सहस्त्रकूट जिनालय]]></category>
		<category><![CDATA[सामाजिक सेवा कैंप]]></category>
		<category><![CDATA[सांस्कृतिक कार्यक्रम]]></category>
		<category><![CDATA[सुव्रतनाथ भगवान]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=94963</guid>

					<description><![CDATA[बड़ागांव धसान स्थित जनकल्याण तीर्थ में 23 से 30 नवंबर तक आचार्य श्री उदार सागर महाराज और मुनि उपशांत सागर महाराज ससंघ के सानिध्य में पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव आयोजित होगा। 25 नवंबर को दिव्यांगों हेतु विशेष सेवा शिविर भी रखा जाएगा। पढ़िए मुकेश जैन लार की रिपोर्ट… बड़ागांव धसान—जनकल्याण तीर्थ, टीकमगढ़ रोड बड़ागांव में आयोजित [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>बड़ागांव धसान स्थित जनकल्याण तीर्थ में 23 से 30 नवंबर तक आचार्य श्री उदार सागर महाराज और मुनि उपशांत सागर महाराज ससंघ के सानिध्य में पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव आयोजित होगा। 25 नवंबर को दिव्यांगों हेतु विशेष सेवा शिविर भी रखा जाएगा। <span style="color: #ff0000">पढ़िए मुकेश जैन लार की रिपोर्ट…</span></strong></p>
<hr />
<p>बड़ागांव धसान—जनकल्याण तीर्थ, टीकमगढ़ रोड बड़ागांव में आयोजित होने वाले पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव की तैयारियां पूर्ण हो चुकी हैं। यह भव्य आयोजन आचार्य श्री उदार सागर महाराज एवं मुनि श्री उपशांत सागर महाराज ससंघ के पावन सानिध्य में 23 नवंबर से 30 नवंबर तक संपन्न होगा।</p>
<p>जनकल्याण क्षेत्र में सहस्त्रकूट जिनालय एवं मुनि श्री सुव्रतनाथ भगवान की 21 फीट ऊंची पाषाण पद्मासन प्रतिमा स्थापित है। इसी दिव्य परिसर में प्राण प्रतिष्ठा, गजरथ महोत्सव और विश्व शांति महायज्ञ का आयोजन प्रस्तावित है, जिसमें बाल ब्रह्मचारी पंडित जय निशांत जी, पंडित सनत कुमार जी, पंडित विनोद कुमार जी, पंडित संजय सरस जी और पंडित मनीष जैन खरगापुर द्वारा सभी धार्मिक क्रियाएं संपादित की जाएंगी।</p>
<p><strong>एडवोकेट प्रभात जैन के अनुसार आयोजन क्रम इस प्रकार रहेगा—</strong></p>
<p>23 नवंबर: घट यात्रा एवं गर्भ कल्याणक</p>
<p>24 नवंबर: गर्भ कल्याणक एवं राजा नाभिराय दरबार</p>
<p>25 नवंबर: जन्म कल्याणक एवं आदि कुमार का पालना</p>
<p>26 नवंबर: तप कल्याणक</p>
<p>27 नवंबर: तप कल्याणक रात्रि एवं विल्सन जादूगर (केरल) का मायाजाल</p>
<p>28 नवंबर: ज्ञान कल्याणक एवं रात्रि भजन संध्या</p>
<p>29 नवंबर: ज्ञान कल्याणक एवं रात्रि विराट कवि सम्मेलन</p>
<p>30 नवंबर: मोक्ष कल्याणक एवं मुनी सुव्रतनाथ भगवान का महामस्तकाभिषेक</p>
<p><strong>25 नवंबर को दिव्यांग शिविर</strong></p>
<p>तरुण मित्र परिषद दिल्ली द्वारा दिव्यांगों के लिए विशेष कैंप आयोजित किया जा रहा है। इस शिविर में दिव्यांगजन को कृत्रिम अंग, पोलियोग्रस्त बच्चों को कैलिपर्स और आर्थोशूज़, वहीं श्रवणहीन बुजुर्गों को श्रवण यंत्र प्रदान किए जाएंगे। यह परिषद का 62वां दिव्यांग सेवा शिविर है, जो समाज सेवा की अनूठी मिसाल प्रस्तुत करता है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/panchkalyanak_pratishtha_mahotsav_preparations_completed/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
		<item>
		<title>ललितपुर जिले के ग्राम कारीटोरन में होगा भव्य गजरथ महोत्सव : 7 से 13 मार्च 2026 तक आचार्य विशुद्धसागर जी के शिष्यों के सान्निध्य में होगा पंचकल्याणक एवं गजरथ महोत्सव </title>
		<link>https://www.shreephaljainnews.com/grand_gajrath_mahotsav_to_be_held_at_karitorn_lalitpur/</link>
					<comments>https://www.shreephaljainnews.com/grand_gajrath_mahotsav_to_be_held_at_karitorn_lalitpur/#respond</comments>
		
		<dc:creator><![CDATA[Shreephal Jain News]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 11 Nov 2025 16:41:30 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[Adinath Bhagwan]]></category>
		<category><![CDATA[Arvind Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Bundelkhand Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Digambar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Gajrath Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[jain news]]></category>
		<category><![CDATA[Jain Pilgrimage]]></category>
		<category><![CDATA[jain religion]]></category>
		<category><![CDATA[Jinedra Kumar Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Karitorn Jain Temple]]></category>
		<category><![CDATA[Lalitpur Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[Mahesh Kumar Shastri]]></category>
		<category><![CDATA[Mahotsav Invitation]]></category>
		<category><![CDATA[Mahrauni MLA]]></category>
		<category><![CDATA[Manohar Lal Panth]]></category>
		<category><![CDATA[Mukesh Nath Maharaj]]></category>
		<category><![CDATA[Nagaland Jain Trust]]></category>
		<category><![CDATA[Panchkalyanak Mahotsav]]></category>
		<category><![CDATA[Prakashchand Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Rajesh Ragi]]></category>
		<category><![CDATA[Ratnesh Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Samtva Sagar Ji]]></category>
		<category><![CDATA[Shantinaath Temple]]></category>
		<category><![CDATA[Sheel Sagar Ji]]></category>
		<category><![CDATA[Shraddhalu]]></category>
		<category><![CDATA[Shravyans Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Shrifal Digital जैन समाज]]></category>
		<category><![CDATA[shrifal news]]></category>
		<category><![CDATA[Sonali Jain]]></category>
		<category><![CDATA[Tikamgarh Jain Society]]></category>
		<category><![CDATA[vishuddh sagar ji]]></category>
		<category><![CDATA[Vishuddh Sagar Parampara]]></category>
		<category><![CDATA[आचार्य विशुद्धसागर जी]]></category>
		<category><![CDATA[कारीटोरन जैन क्षेत्र]]></category>
		<category><![CDATA[गजरथ महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[जैन न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[धार्मिक आयोजन]]></category>
		<category><![CDATA[पंचकल्याणक महोत्सव]]></category>
		<category><![CDATA[बकस्वाहा संवाद]]></category>
		<category><![CDATA[ललितपुर समाचार]]></category>
		<category><![CDATA[श्रीफल न्यूज]]></category>
		<category><![CDATA[संत सान्निध्य]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://www.shreephaljainnews.com/?p=94246</guid>

					<description><![CDATA[श्री शांतिनाथ दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र कारीटोरन में आगामी 7 से 13 मार्च 2026 तक आचार्य श्री विशुद्धसागर जी के शिष्य मुनि श्री समत्वसागर जी व मुनि श्री शीलसागर जी के सान्निध्य में पंचकल्याणक एवं गजरथ महोत्सव का आयोजन होगा। प्रतिनिधि मंडल ने जनप्रतिनिधियों व संतों को आमंत्रण भेंट किया। पढ़िए राजेश जैन रागी, रत्नेश [&#8230;]]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<hr />
<p><strong>श्री शांतिनाथ दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र कारीटोरन में आगामी 7 से 13 मार्च 2026 तक आचार्य श्री विशुद्धसागर जी के शिष्य मुनि श्री समत्वसागर जी व मुनि श्री शीलसागर जी के सान्निध्य में पंचकल्याणक एवं गजरथ महोत्सव का आयोजन होगा। प्रतिनिधि मंडल ने जनप्रतिनिधियों व संतों को आमंत्रण भेंट किया। <span style="color: #ff0000">पढ़िए राजेश जैन रागी, रत्नेश जैन बकस्वाहा की रिपोर्ट…</span></strong></p>
<hr />
<p><strong>कारीटोरन (ललितपुर)</strong>। श्री शांतिनाथ दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र कारीटोरन में 7 मार्च से 13 मार्च 2026 तक श्रीमज्जिनेन्द्र आदिनाथ जिनबिंब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा एवं गजरथ महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। यह आयोजन परम पूज्य आचार्य श्री विशुद्धसागर जी गुरुदेव के परमप्रभावक शिष्य मुनिश्री समत्वसागर जी और मुनिश्री शीलसागर जी महाराज के पावन सान्निध्य में संपन्न होगा।</p>
<p>इस अवसर हेतु कारीटोरन जैन कमेटी के प्रतिनिधि मंडल ने महरौनी विधानसभा क्षेत्र के विधायक एवं उत्तर प्रदेश सरकार में राज्यमंत्री श्री मनोहर लाल पंथ, विश्व हिंदू महासंघ के राष्ट्रीय संयोजक महंत श्री मुकेश नाथ जी महाराज (वर्धा, महाराष्ट्र), योगी दिलीप नाथ मड़िया (टीकमगढ़, मध्यप्रदेश), ललितपुर नगर पालिका की अध्यक्ष श्रीमती सोनाली जैन, श्री मुन्नालाल जैन एवं अभिलाषा सैदपुर को आमंत्रण भेंट कर कार्यक्रम में पधारने हेतु औपचारिक निमंत्रण दिया।</p>
<p>प्रतिनिधि मंडल में क्षेत्र ट्रस्ट के मुख्य ट्रस्टी ज्योतिर्भूषण प्रतिष्ठाचार्य पंडित महेश कुमार शास्त्री (डीमापुर, नागालैंड), ट्रस्ट महामंत्री डॉ. श्रेयांस कुमार जैन (ककरवाहा, टीकमगढ़), श्री जिनेंद्र कुमार जैन (कारीटोरन), श्री अरविंद कुमार जैन (गौना मड़ावरा) और श्री प्रकाशचंद्र जैन (रमगढ़ा) शामिल रहे। यह भव्य आयोजन धार्मिक आस्था, श्रद्धा और समर्पण का अद्वितीय संगम होगा जिसमें देशभर से श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है।</p>
]]></content:encoded>
					
					<wfw:commentRss>https://www.shreephaljainnews.com/grand_gajrath_mahotsav_to_be_held_at_karitorn_lalitpur/feed/</wfw:commentRss>
			<slash:comments>0</slash:comments>
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
