आगरा। शांतिनाथ विधान में भक्तिमय वातावरण आगरा के गुदड़ी मंसूर खां स्थित श्री शीतलनाथ दिगंबर जैन मंदिर में 13 अगस्त से चल रहे 16 दिवसीय शांतिनाथ विधान का दसवां दिन शनिवार को श्रद्धा, भक्ति और धार्मिक उल्लास के साथ संपन्न हुआ। सुबह से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की चहल-पहल रही और पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।

चित्र अनावरण और दीप प्रज्ज्वल

विधान के मध्य सौभाग्यशाली भक्तों द्वारा चित्र अनावरण एवं दीप प्रज्ज्वलन किया गया। इसके बाद श्रद्धालुओं ने भगवान शांतिनाथ एवं अन्य तीर्थंकरों की आराधना करते हुए विधान की विभिन्न धार्मिक क्रियाएं विधि-विधानपूर्वक संपन्न कीं।

भक्ति संगीत पर झूमे श्रद्धालु

विधान के दौरान संगीतमय भक्ति, मंगल आरती, भगवान का अभिषेक एवं शांतिधारा विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। भक्ति गीतों और मधुर धार्मिक संगीत से मंदिर परिसर गूंज उठा। श्रद्धालु भक्ति भाव में झूमते हुए नृत्य करते नजर आए और भगवान के चरणों में अपनी श्रद्धा अर्पित की।

मंगल आरती के दौरान सामूहिक आराधना से मंदिर परिसर जयकारों एवं भक्तिगीतों से गूंज उठा।

अभिषेक और शांतिधारा में मंगल भावना

भगवान शांतिनाथ के अभिषेक एवं शांतिधारा के अवसर पर श्रद्धालुओं ने मंत्रोच्चारण के साथ धार्मिक क्रियाएं संपन्न कीं। शांतिधारा के माध्यम से श्रद्धालुओं ने जीवन में सुख-शांति, संयम, सद्भाव एवं आत्मकल्याण की मंगल भावना व्यक्त की।

पंडितों ने कराया धार्मिक अनुष्ठान

धार्मिक अनुष्ठानों एवं मंत्रोच्चारण का मार्गदर्शन पंडित रविंद्र कुमार जैन शास्त्री एवं सौरभ जैन शास्त्री ने कराया। उन्होंने विधान की सभी धार्मिक क्रियाएं विधि-विधानपूर्वक संपन्न कराईं।

बड़ी संख्या में श्रद्धालु रहे उपस्थित

इस अवसर पर नरेश जैन, राकेश जैन पार्षद, वीरेंद्र कुमार जैन, रविंद्र जैन, प्रमोद कुमार जैन, प्रदीप जैन, सुभाष जैन, अशोक जैन, धर्मेश जैन, धर्मेंद्र जैन, सुमन जैन, सुशीला जैन, अल्पना जैन, सुनीता जैन, शशि जैन, विजय जैन सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

भक्ति और धर्माराधना का संदेश

शांतिनाथ विधान के दसवें दिन हुए धार्मिक आयोजनों ने श्रद्धालुओं को सामूहिक आराधना, संयम, सद्भाव और आत्मकल्याण की भावना से जोड़ा। संगीतमय भक्ति और धार्मिक अनुष्ठानों ने आयोजन को विशेष आध्यात्मिक वातावरण प्रदान किया।